नमाज पढ़वाने को लेकर हंगामा: आगरा से आए मुफ्ती और स्थानीय मौलवी, दोनों ने कहा मैं कराउंगा नमाज, फिर हुआ यह
ईद उल अजहा की नमाज को पढ़वाने को लेकर अजीब स्थिति पैदा हो गई। नमाज पढ़वाने के लिए आगरा से मुफ्ती आ गए और स्थानीय मौलवी भी पहुंच गए। दोनों में नमाज पढ़वाने को लेकर हंगामा होने लगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हाथरस के मुरसान गेट स्थित ईदगाह पर ईद उल अजहा क़ी नमाज शुरू होने से पहले हंगामा हो गया। इस बार स्थानीय मौलाना से नमाज पढ़ाने को लेकर आगरा से हर साल आने वाले मुफ़्ती ने आपत्ति दर्ज कराई। जिससे मौके पर हंगामा हो गया। पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने हस्तक्षेप कर मामला शांत कराया।
17 जून सुबह ईदगाह पर नमाज शुरू होने से पहले नमाज पढ़ाने के लिए स्थानीय मौलाना नजीर व आगरा से आए मुफ्ती इमरान पहुंच गए। मुफ्ती का कहना था कि जब हर साल वह ही नमाज पढ़ाते हैं तो दूसरे को क्यों बुलाया गया। वहीं उनका आरोप था कि उन्हें यहां से कुछ लोगों का बुलाने को फोन भी गया था।
वहीं मुस्लिम इंतजामिया कमेटी के पदाधिकारियों का कहना था उन्हें नहीं बुलाया गया। विवाद होने पर पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी मस्जिद में पहुंचे और आगरा से आए मुफ्ती को समझा बुझा कर मामला शांत कराया। इसके चलते सुबह सात बजे के निर्धारित समय से करीब आठ मिनट की देरी से स्थानीय मौलवी नजीर ने नमाज पढ़वाना शुरू कराया। इस बीच पुलिस व प्रशासनिक अधिकारीयों के जूते पहन कर ईदगाह में घुसने पर नमाज पढ़ने वालों ने आपत्ति क़ी। इस पर पुलिस प्रशासनिक अधिकारी ईदगाह से बाहर आ गए।
इस बार आगरा के मुफ्ती साहब को हमने नहीं बुलाया था। कुछ लोगों ने रात के समय उन्हें बुला लिया। जिसके कारण ईदगाह में कुछ बहस हुई थी। स्थानीय पुलिस प्रशासन ने मुफ्ती साहब को शांत किया। नमाज करीब 07:08 बजे शुरू हो सकी। स्थानीय मौलवी नजीर साहब ने नमाज के साथ तकरीर भी कराई।-राहत अहमद कुरैशी, सदर, मुस्लिम इंतजामियां कमेटी, हाथरस।