{"_id":"60a158648ebc3e29935615f5","slug":"this-time-mango-will-be-in-the-reach-of-common-man-sikandhra-rahu-news-ali2632550200","type":"story","status":"publish","title_hn":"आम आदमी की पहुंच में रहेगा इस बार आम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आम आदमी की पहुंच में रहेगा इस बार आम
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी, सिकंदराराऊ।
कोरोना की कड़वाहट के बीच अब लोग जल्द ही आम की मिठास का स्वाद लेंगे। इस बार कम पैदावार होने की वजह से आम स्थानीय बाजारों में ही बिकेगा। इससे क्षेत्र के लोग इस बार सही कीमत पर आम का स्वाद ले सकेंगे।
बता दें इस क्षेत्र में अनेक किस्मों के आम के बागान काफी संख्या में हैं। चौसा, लंगड़ा, मलिहाबादी दशहरी, बंबइया देसी की अनेक किस्में हैं। सबसे पहले बंबई किस्म का आम पक कर बाजार में आता है। हल्के काले रंग वाला यह आम फाइबरयुक्त होने के साथ मीठा होता हे। इसके बाद लंगड़ा आम का नंबर आता है।
गूदे से भरपूर यह आम अपने स्वाद के कारण अलग ही स्थान रखता है। दशहरी आम की खुशबू तथा खट्टा मीठा स्वाद इस मौसम में बहुत अच्छा लगता है। लेकिन आम हमको सहजता से नहीं मिलता है। अनेक बीमारियां लगने आंधी तूफान से इसकी फसल से काफी क्षति हो जाती है।
विज्ञापन
इसमें कई पानी भी लगाने पड़ते हैं। अब आम के बागानों में काफी लागत लगती है। यहां के आम की मुंबई से लेकर राजस्थान मध्यप्रदेश में भारी मांग रहती है। प्रतिदिन सैकड़ों की तादाद में गाड़ियां बाहर के बाजारों में बिकने जाती है। इस बार नर फसल होने के कारण आम का आवक काफी कम रहेगी।
वर्तमान में आई आंधियों ने काफी आम गिरा दिए। सबसे बाद में पकने वाला आम चौसा होता है जो कि अपनी अत्यधिक मिठास के कारण अति पसंद किया जाता हे। कुल मिला कर इस बार लोगों को आम सस्ती दर पर खाने को मिलेंगे।
विज्ञापन
कोरोना की कड़वाहट के बीच अब लोग जल्द ही आम की मिठास का स्वाद लेंगे। इस बार कम पैदावार होने की वजह से आम स्थानीय बाजारों में ही बिकेगा। इससे क्षेत्र के लोग इस बार सही कीमत पर आम का स्वाद ले सकेंगे।
बता दें इस क्षेत्र में अनेक किस्मों के आम के बागान काफी संख्या में हैं। चौसा, लंगड़ा, मलिहाबादी दशहरी, बंबइया देसी की अनेक किस्में हैं। सबसे पहले बंबई किस्म का आम पक कर बाजार में आता है। हल्के काले रंग वाला यह आम फाइबरयुक्त होने के साथ मीठा होता हे। इसके बाद लंगड़ा आम का नंबर आता है।
विज्ञापन
गूदे से भरपूर यह आम अपने स्वाद के कारण अलग ही स्थान रखता है। दशहरी आम की खुशबू तथा खट्टा मीठा स्वाद इस मौसम में बहुत अच्छा लगता है। लेकिन आम हमको सहजता से नहीं मिलता है। अनेक बीमारियां लगने आंधी तूफान से इसकी फसल से काफी क्षति हो जाती है।
विज्ञापन
इसमें कई पानी भी लगाने पड़ते हैं। अब आम के बागानों में काफी लागत लगती है। यहां के आम की मुंबई से लेकर राजस्थान मध्यप्रदेश में भारी मांग रहती है। प्रतिदिन सैकड़ों की तादाद में गाड़ियां बाहर के बाजारों में बिकने जाती है। इस बार नर फसल होने के कारण आम का आवक काफी कम रहेगी।
वर्तमान में आई आंधियों ने काफी आम गिरा दिए। सबसे बाद में पकने वाला आम चौसा होता है जो कि अपनी अत्यधिक मिठास के कारण अति पसंद किया जाता हे। कुल मिला कर इस बार लोगों को आम सस्ती दर पर खाने को मिलेंगे।