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हाथरस : पुरानी पेंशन बहाली व अन्य मांगों के समर्थन में शिक्षकों व कर्मचारियों ने किया प्रदर्शन
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हाथरस : कलेक्ट्रेट पर धरने के बाद ओसी कलेक्ट्रेट को ज्ञापन देते कर्मचारी, शिक्षक व अन्य। संवाद
- फोटो : HATHRAS
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
कर्मचारी, शिक्षक, अधिकारी एवं पेंशनर्स अधिकार मंच के बैनर तले कलेक्ट्रेट परिसर में विभिन्न मांगों को लेकर जिले भर के कर्मचारियों, शिक्षकों ने धरना प्रदर्शन किया। उसके बाद सीएम के नाम ओसी कलेक्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। कर्मचारियों व शिक्षकों के धरना-प्रदर्शन के चलते विभागों में काम काज ठप रहा। सरकारी स्कूल-कॉलेजों में भी कमोबेश यही स्थिति रही।
ज्ञापन में कहा गया है कि राज्य के लगभग 30 लाख कर्मचारी, शिक्षक व राज्य सेवा के सभी अधिकारी एवं पेंशनर्स 1 अप्रैल, 2005 से लागू नई अंशदाई पेंशन योजना के स्थान पर प्रदेश के कर्मचारी-शिक्षकों तथा अधिकारियों की पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल किए जाने के लिए चरणबद्ध आंदोलन कर रहे हैं। ‘कर्मचारी-शिक्षक-अधिकारी एवं पेंशनर्स अधिकार मंच उप्र’ नाम से मंच का गठन करके पांच अक्तूबर को प्रदेश भर के सभी जिला मुख्यालयों में मोटर साइकिल जुलूस निकाल कर प्रदर्शन करके ज्ञापन प्रेषित किया गया था।
इसके बावजूद भी मांगों का संतोषजनक निस्तारण नहीं किया गया। इसी क्रम में अगले चरण में प्रदेश भर के कर्मचारी, शिक्षक व अधिकारियों को जिलों में धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होना पड़ा। मौके पर शशिकांत गौतम, सुरेश चंद्र शर्मा, टीकाराम, अनिल यादव आदि काफी कर्मचारी, शिक्षक व अन्य लोग मौजूद थे। संवाद
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कर्मचारी, शिक्षक, अधिकारी एवं पेंशनर्स अधिकार मंच के बैनर तले कलेक्ट्रेट परिसर में विभिन्न मांगों को लेकर जिले भर के कर्मचारियों, शिक्षकों ने धरना प्रदर्शन किया। उसके बाद सीएम के नाम ओसी कलेक्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। कर्मचारियों व शिक्षकों के धरना-प्रदर्शन के चलते विभागों में काम काज ठप रहा। सरकारी स्कूल-कॉलेजों में भी कमोबेश यही स्थिति रही।
ज्ञापन में कहा गया है कि राज्य के लगभग 30 लाख कर्मचारी, शिक्षक व राज्य सेवा के सभी अधिकारी एवं पेंशनर्स 1 अप्रैल, 2005 से लागू नई अंशदाई पेंशन योजना के स्थान पर प्रदेश के कर्मचारी-शिक्षकों तथा अधिकारियों की पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल किए जाने के लिए चरणबद्ध आंदोलन कर रहे हैं। ‘कर्मचारी-शिक्षक-अधिकारी एवं पेंशनर्स अधिकार मंच उप्र’ नाम से मंच का गठन करके पांच अक्तूबर को प्रदेश भर के सभी जिला मुख्यालयों में मोटर साइकिल जुलूस निकाल कर प्रदर्शन करके ज्ञापन प्रेषित किया गया था।
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इसके बावजूद भी मांगों का संतोषजनक निस्तारण नहीं किया गया। इसी क्रम में अगले चरण में प्रदेश भर के कर्मचारी, शिक्षक व अधिकारियों को जिलों में धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होना पड़ा। मौके पर शशिकांत गौतम, सुरेश चंद्र शर्मा, टीकाराम, अनिल यादव आदि काफी कर्मचारी, शिक्षक व अन्य लोग मौजूद थे। संवाद
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