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हाथरस : प्रभारी मंत्री से मिले पूर्व मंत्री, जिला पंचायत अध्यक्ष पद के चुनाव को लेकर हुई चर्चा
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर अपना कब्जा करने के लिए भाजपा ने पूरी ताकत झोंक दी है। पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष सीमा उपाध्याय को इस पद के लिए प्रत्याशी घोषित करने के बाद भाजपा का दावा और मजबूत हो गया है। वहीं पार्टी इसे लेकर लगातार रणनीति भी बना रही है। बृहस्पतिवार की देर शाम जिले के प्रभारी मंत्री के साथ पूर्व मंत्री रामवीर उपाध्याय ने लोक निर्माण विभाग के गेस्ट हाउस पर मुलाकात की और पार्टी जिलाध्यक्ष गौरव आर्य, विधायक हरीशंकर माहौर और वीरेंद्र सिंह राना के साथ मिलकर फिर रणनीति तय की। यह बैठक बेहद गोपनीय रही।
जिला पंचायत अध्यक्ष पद और ब्लॉक प्रमुखों के पद पर भाजपा अपना कब्जा चाहती है। पार्टी ने इसके लिए सबसे पहले पूर्व ऊर्जा मंत्री रामवीर उपाध्याय की पत्नी सीमा उपाध्याय को भाजपा में शामिल किया। इससे भाजपा के साथ-साथ सीमा की राह भी आसान होती दिख रही है। वहीं भाजपा का कोई न कोई पदाधिकारी या मंत्री लगातार यहां आ रहा है और इसे लेकर रणनीति तय कर रहा है।
अब जिले के दो दिवसीय दौरे पर बृहस्पतिवार को जिले के प्रभारी मंत्री भूपेंद्र चौधरी यहां आए तो देर शाम लोनिवि के गेस्ट हाउस में उनसे सीमा उपाध्याय के पति व पूर्व ऊर्जा मंत्री रामवीर उपाध्याय ने मुलाकात की। रामवीर हालांकि भाजपा में नहीं है और वह बसपा से निलंबित विधायक हैं, लेकिन अपनी पत्नी सीमा को जिला पंचायत अध्यक्ष बनाने के लिए वह एड़ी से चोटी का जोर लगाए हुए हैं। वह लगातार भाजपा नेताओं से मिल रहे हैं और पार्टी कार्यालय भी जा रहे हैं।
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सूत्रों के मुताबिक इसी चुनाव को लेकर उनकी प्रभारी मंत्री के साथ इसे लेकर बैठक हुई। इसमें भाजपा जिलाध्यक्ष गौरव आर्य के अलावा सदर विधायक हरीशंकर माहौर, विधायक सिकंदराराऊ वीरेंद्र सिंह राना भी मौजूद थे। सूत्रों की मानें तो इस चुनाव में जीत को लेकर सारी रणनीति का फिर आंकलन किया गया। सीमा के सामने रालोद और सपा ने मिलकर प्रदीप उर्फ गुड्डू चौधरी को प्रत्याशी के रूप में उतारने की घोषणा की है। सूत्रों की मानें तो ऐसे में इसे लेकर चर्चा हुई कि आखिर कौन सा सदस्य गुड्डू के खेमे में जा सकता है और उसकी रोकथाम कैसे हो।
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जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर अपना कब्जा करने के लिए भाजपा ने पूरी ताकत झोंक दी है। पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष सीमा उपाध्याय को इस पद के लिए प्रत्याशी घोषित करने के बाद भाजपा का दावा और मजबूत हो गया है। वहीं पार्टी इसे लेकर लगातार रणनीति भी बना रही है। बृहस्पतिवार की देर शाम जिले के प्रभारी मंत्री के साथ पूर्व मंत्री रामवीर उपाध्याय ने लोक निर्माण विभाग के गेस्ट हाउस पर मुलाकात की और पार्टी जिलाध्यक्ष गौरव आर्य, विधायक हरीशंकर माहौर और वीरेंद्र सिंह राना के साथ मिलकर फिर रणनीति तय की। यह बैठक बेहद गोपनीय रही।
जिला पंचायत अध्यक्ष पद और ब्लॉक प्रमुखों के पद पर भाजपा अपना कब्जा चाहती है। पार्टी ने इसके लिए सबसे पहले पूर्व ऊर्जा मंत्री रामवीर उपाध्याय की पत्नी सीमा उपाध्याय को भाजपा में शामिल किया। इससे भाजपा के साथ-साथ सीमा की राह भी आसान होती दिख रही है। वहीं भाजपा का कोई न कोई पदाधिकारी या मंत्री लगातार यहां आ रहा है और इसे लेकर रणनीति तय कर रहा है।
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अब जिले के दो दिवसीय दौरे पर बृहस्पतिवार को जिले के प्रभारी मंत्री भूपेंद्र चौधरी यहां आए तो देर शाम लोनिवि के गेस्ट हाउस में उनसे सीमा उपाध्याय के पति व पूर्व ऊर्जा मंत्री रामवीर उपाध्याय ने मुलाकात की। रामवीर हालांकि भाजपा में नहीं है और वह बसपा से निलंबित विधायक हैं, लेकिन अपनी पत्नी सीमा को जिला पंचायत अध्यक्ष बनाने के लिए वह एड़ी से चोटी का जोर लगाए हुए हैं। वह लगातार भाजपा नेताओं से मिल रहे हैं और पार्टी कार्यालय भी जा रहे हैं।
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सूत्रों के मुताबिक इसी चुनाव को लेकर उनकी प्रभारी मंत्री के साथ इसे लेकर बैठक हुई। इसमें भाजपा जिलाध्यक्ष गौरव आर्य के अलावा सदर विधायक हरीशंकर माहौर, विधायक सिकंदराराऊ वीरेंद्र सिंह राना भी मौजूद थे। सूत्रों की मानें तो इस चुनाव में जीत को लेकर सारी रणनीति का फिर आंकलन किया गया। सीमा के सामने रालोद और सपा ने मिलकर प्रदीप उर्फ गुड्डू चौधरी को प्रत्याशी के रूप में उतारने की घोषणा की है। सूत्रों की मानें तो ऐसे में इसे लेकर चर्चा हुई कि आखिर कौन सा सदस्य गुड्डू के खेमे में जा सकता है और उसकी रोकथाम कैसे हो।