{"_id":"6138ffe48ebc3eb3a71be9bb","slug":"hathras-captured-from-the-land-of-pottery-art-in-village-dhanauti-sadabad-news-ali2726711123","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाथरस : गांव धानौटी में कुम्हारी कला की जमीन से हटवाया कब्जा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हाथरस : गांव धानौटी में कुम्हारी कला की जमीन से हटवाया कब्जा
विज्ञापन
गांव धानौटी में कुम्हारीकला की जमीन से अतिक्रमण हटवातीं एसडीएम अंजली गंगवार।
- फोटो : SADABAD
संवाद न्यूज एजेंसी, सादाबाद।
कोतवाली क्षेत्र के गांव धानौटी में कुम्हारी कला की जमीन पर लंबे समय से अतिक्रमण था। इसकी शिकायत बीते दिनों एसडीएम से की गई थी। शिकायत के निस्तारण के लिए बुधवार को एसडीएम अंजली गंगवार गांव में पहुंचीं और अतिक्रमण को ध्वस्त कराकर शिकायत का निस्तारण कराया।
एसडीएम ने बताया कि अतिक्रमण को हटाकर कुम्हारी कला कार्य के लिए जमीन की सुपुर्दगी दी गई है। इस जमीन पर चाक भी रखवा दिया गया है। जमीन की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जमीन की तार फैंसिंग कराने के निर्देश अधीनस्थों को दिए गए हैं।
अतिक्रमणकारियों को चेतावनी दी गई है कि यदि उन्होंने दोबारा इस स्थल पर अतिक्रमण करने का प्रयास किया तो उनके विरुद्ध सुसंगत धाराओं में कठोर कार्रवाई की जाएगी। कुम्हारी कला से संबंधित लोगों को भी हिदायत दी गई कि इस स्थल का प्रयोग कुम्हारी कला के अतिरिक्त किसी अन्य कार्य के लिए न किया जाए। मौके पर आरआई डीसी पौरुष भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
कोतवाली क्षेत्र के गांव धानौटी में कुम्हारी कला की जमीन पर लंबे समय से अतिक्रमण था। इसकी शिकायत बीते दिनों एसडीएम से की गई थी। शिकायत के निस्तारण के लिए बुधवार को एसडीएम अंजली गंगवार गांव में पहुंचीं और अतिक्रमण को ध्वस्त कराकर शिकायत का निस्तारण कराया।
एसडीएम ने बताया कि अतिक्रमण को हटाकर कुम्हारी कला कार्य के लिए जमीन की सुपुर्दगी दी गई है। इस जमीन पर चाक भी रखवा दिया गया है। जमीन की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जमीन की तार फैंसिंग कराने के निर्देश अधीनस्थों को दिए गए हैं।
विज्ञापन
अतिक्रमणकारियों को चेतावनी दी गई है कि यदि उन्होंने दोबारा इस स्थल पर अतिक्रमण करने का प्रयास किया तो उनके विरुद्ध सुसंगत धाराओं में कठोर कार्रवाई की जाएगी। कुम्हारी कला से संबंधित लोगों को भी हिदायत दी गई कि इस स्थल का प्रयोग कुम्हारी कला के अतिरिक्त किसी अन्य कार्य के लिए न किया जाए। मौके पर आरआई डीसी पौरुष भी मौजूद रहे।
विज्ञापन