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फॉल्ट की वजह से चार घंटे गुल रही बिजली
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संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
बिजली की लाइनों में आए दिन फॉल्ट हो रहे हैं। इस कारण लोगों को पर्याप्त बिजली की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। कभी दिन में तो कभी रात में बिजली गुल होना आम बात हो गई है। विभागीय अधिकारी समस्या पर ध्यान नहीं दे रहे हैं। इसका खामियांजा उपभोक्ताओं को भुगतना पड़ रहा है। सोमवार को भी तीन से चार घंटे बिजली गुल रही।
उल्लेखनीय है कि हाथरस जिले के 63 बिजलीघरों के जरिये दो लाख से अधिक उपभोक्ताओं को बिजली की आपूर्ति की जाती है। पूर्व में बिजली बेड़े में सौभाग्य योजना के तहत करीब दस हजार उपभोक्ता शामिल हो गए। बिजली सिस्टम जस का तस है। साथ ही लाइनें भी जर्जर हालत में है।
जरा सा लोड पड़ने के साथ बिजली की लाइनों में फॉल्ट हो जाते हैं। इस कारण बिजली लोगों की पहुंच से दूर होती जा रही है। शहर के कांशीराम टाउनशिप, वाटरवर्क्स, ओढ़पुरा, गिजरौली, नवीपुर आदि सबस्टेशनों से निकनले वाले फीडरों की लाइनों में आए दिन फॉल्ट हो रहे हैं।
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इसी तरह देहात के सलेमपुर, सोखना, चंदपा, मुरसान आदि सबस्टेशनों की लाइनों में ब्रेकडाउन हो रहे हैं। इस कारण लोगों को कभी दिन में कभी रात में बिजली संकट का सामना करना पड़ रहा है। कई बार क्षेत्रीय लोगों ने बिजली समस्या को लेकर प्रदर्शन किए, लेकिन हालत आज तक जस के तस बने हुए हैं।
- बिजली सिस्टम सुधरने का नाम नहीं ले रहा है। आए दिन फॉल्ट के चलते बिजली गुल होना आम बात हो गई है। विभागीय अधिकारी समस्या पर ध्यान देने की बजय खानापूर्ति कर रहे हैं। इस कारण खासी मुश्किलों से जूझना पड़ रहा है। - अनिल कुशवाहा
- शहर से देहात तक बिजली व्यवस्था भगवान भरोस हैं। आए दिन काफी काफी देर के लिए बिजली गुल होना आम बात हो गई है। विभाग को बिल लेने की याद रहती है, आपूर्ति बेहतर करने का ध्यान नहीं रहता है। - कन्हैया वार्ष्णेय।
- एक तरफ बिजली विभाग कहता है कि पर्याप्त आपूर्ति दी जा रही है। वहीं दूसरी ओर सिस्टम भगवान भरोसे चल रहा है। लाइनें जर्जर बदलने पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस कारण बिजली संकट का सामना करना पड़ रहा है। - नरेश अग्रवाल
- बिजली आज के समय में बहुत जरूरी हो गई है। इसके बाद ढांचे को मजबूत करने पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। लाइनें झूल रही है। फॉल्ट के चलते कई कई घंटे बिजली गायब हो रही है। इस कारण दिक्कतों से जूझना पड़ रहा है। - राहुल
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बिजली की लाइनों में आए दिन फॉल्ट हो रहे हैं। इस कारण लोगों को पर्याप्त बिजली की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। कभी दिन में तो कभी रात में बिजली गुल होना आम बात हो गई है। विभागीय अधिकारी समस्या पर ध्यान नहीं दे रहे हैं। इसका खामियांजा उपभोक्ताओं को भुगतना पड़ रहा है। सोमवार को भी तीन से चार घंटे बिजली गुल रही।
उल्लेखनीय है कि हाथरस जिले के 63 बिजलीघरों के जरिये दो लाख से अधिक उपभोक्ताओं को बिजली की आपूर्ति की जाती है। पूर्व में बिजली बेड़े में सौभाग्य योजना के तहत करीब दस हजार उपभोक्ता शामिल हो गए। बिजली सिस्टम जस का तस है। साथ ही लाइनें भी जर्जर हालत में है।
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जरा सा लोड पड़ने के साथ बिजली की लाइनों में फॉल्ट हो जाते हैं। इस कारण बिजली लोगों की पहुंच से दूर होती जा रही है। शहर के कांशीराम टाउनशिप, वाटरवर्क्स, ओढ़पुरा, गिजरौली, नवीपुर आदि सबस्टेशनों से निकनले वाले फीडरों की लाइनों में आए दिन फॉल्ट हो रहे हैं।
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इसी तरह देहात के सलेमपुर, सोखना, चंदपा, मुरसान आदि सबस्टेशनों की लाइनों में ब्रेकडाउन हो रहे हैं। इस कारण लोगों को कभी दिन में कभी रात में बिजली संकट का सामना करना पड़ रहा है। कई बार क्षेत्रीय लोगों ने बिजली समस्या को लेकर प्रदर्शन किए, लेकिन हालत आज तक जस के तस बने हुए हैं।
- बिजली सिस्टम सुधरने का नाम नहीं ले रहा है। आए दिन फॉल्ट के चलते बिजली गुल होना आम बात हो गई है। विभागीय अधिकारी समस्या पर ध्यान देने की बजय खानापूर्ति कर रहे हैं। इस कारण खासी मुश्किलों से जूझना पड़ रहा है। - अनिल कुशवाहा
- शहर से देहात तक बिजली व्यवस्था भगवान भरोस हैं। आए दिन काफी काफी देर के लिए बिजली गुल होना आम बात हो गई है। विभाग को बिल लेने की याद रहती है, आपूर्ति बेहतर करने का ध्यान नहीं रहता है। - कन्हैया वार्ष्णेय।
- एक तरफ बिजली विभाग कहता है कि पर्याप्त आपूर्ति दी जा रही है। वहीं दूसरी ओर सिस्टम भगवान भरोसे चल रहा है। लाइनें जर्जर बदलने पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस कारण बिजली संकट का सामना करना पड़ रहा है। - नरेश अग्रवाल
- बिजली आज के समय में बहुत जरूरी हो गई है। इसके बाद ढांचे को मजबूत करने पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। लाइनें झूल रही है। फॉल्ट के चलते कई कई घंटे बिजली गायब हो रही है। इस कारण दिक्कतों से जूझना पड़ रहा है। - राहुल