{"_id":"6a3d91cc0ab091c3ec0c7de6","slug":"crossing-the-railway-tracks-has-decreased-since-the-construction-of-the-foot-over-bridge-hathras-news-c-56-1-hts1003-150460-2026-06-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hathras News: फुटओवर ब्रिज बनने के बाद रेलवे ट्रैक पार करना हुआ कम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hathras News: फुटओवर ब्रिज बनने के बाद रेलवे ट्रैक पार करना हुआ कम
विज्ञापन
हाथरस जंक्शन स्टेशन पर स्थित नया फुट ओवरब्रिज। संवाद
- फोटो : Samvad
हाथरस जंक्शन पर आठ महीने पहले नया फुटओवर ब्रिज बनने के बाद से अवैध रूप से रेलवे ट्रैक पार करने की घटनाओं में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। ट्रैक पार करने के मामले रोकने में हाथरस जंक्शन प्रयागराज मंडल में सबसे बेहतर प्रदर्शन करने वाला स्टेशन बन गया है।
उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज मंडल द्वारा एक जनवरी से 21 जून तक चलाए गए विशेष अभियान के दौरान मंडल में ट्रैक पार करने वाले 973 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई। इस अवधि में हाथरस जंक्शन पर केवल एक कार्रवाई की गई। यह आंकड़ा मंडल के सभी प्रमुख स्टेशनों में सबसे कम है। पीआरओ प्रयागराज अमित कुमार सिंह का कहना है कि हाथरस जंक्शन पर उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
जानलेवा होता है रेलवे ट्रैक पार करना
रेलवे ट्रैक पार करना न केवल नियमों का उल्लंघन है बल्कि जानलेवा भी साबित हो सकता है। इसीलिए रेलवे सुरक्षा बल और रेलवे प्रशासन अभियान चलाकर लोगों को जागरूक कर रहे हैं। पीआरओ अमित कुमार सिंह का कहना है कि रेलवे ट्रैक को पार करना, इस पर चलना या निर्धारित मार्गों के अलावा किसी अन्य रास्ते से प्लेटफॉर्म बदलना ट्रेसपासिंग कहलाता है। रेलवे अधिनियम के तहत यह दंडनीय अपराध है। इस पर जुर्माना की कार्रवाई की जा सकती है।
विज्ञापन
मंडल में कार्रवाई के आंकड़े
प्रयागराज जंक्शन में 124, कानपुर सेंट्रल में 107, चुनार में 99, प्रयागराज छिवकी में 70, फतेहपुर में 64, नैनी में 54, अलीगढ़ में 47,
फिरोजाबाद में 45, टूंडला में 42, खुर्जा में 28, इटावा में 24 और हाथरस जंक्शन में एक मुसाफिर पर कार्रवाई हुई।
विज्ञापन
उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज मंडल द्वारा एक जनवरी से 21 जून तक चलाए गए विशेष अभियान के दौरान मंडल में ट्रैक पार करने वाले 973 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई। इस अवधि में हाथरस जंक्शन पर केवल एक कार्रवाई की गई। यह आंकड़ा मंडल के सभी प्रमुख स्टेशनों में सबसे कम है। पीआरओ प्रयागराज अमित कुमार सिंह का कहना है कि हाथरस जंक्शन पर उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
विज्ञापन
जानलेवा होता है रेलवे ट्रैक पार करना
रेलवे ट्रैक पार करना न केवल नियमों का उल्लंघन है बल्कि जानलेवा भी साबित हो सकता है। इसीलिए रेलवे सुरक्षा बल और रेलवे प्रशासन अभियान चलाकर लोगों को जागरूक कर रहे हैं। पीआरओ अमित कुमार सिंह का कहना है कि रेलवे ट्रैक को पार करना, इस पर चलना या निर्धारित मार्गों के अलावा किसी अन्य रास्ते से प्लेटफॉर्म बदलना ट्रेसपासिंग कहलाता है। रेलवे अधिनियम के तहत यह दंडनीय अपराध है। इस पर जुर्माना की कार्रवाई की जा सकती है।
विज्ञापन
मंडल में कार्रवाई के आंकड़े
प्रयागराज जंक्शन में 124, कानपुर सेंट्रल में 107, चुनार में 99, प्रयागराज छिवकी में 70, फतेहपुर में 64, नैनी में 54, अलीगढ़ में 47,
फिरोजाबाद में 45, टूंडला में 42, खुर्जा में 28, इटावा में 24 और हाथरस जंक्शन में एक मुसाफिर पर कार्रवाई हुई।