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दिनदहाड़े पिता-बेटी को बंधक बनाकर लाखों लूटे
अमर उजाला, हाथ्ारस
Updated Sun, 04 Sep 2016 01:18 AM IST
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police inquary on the spot
- फोटो : amar ujala
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कोतवाली हाथरस गेट क्षेत्र में महिला डॉक्टर के यहां दिनदहाड़े लाखों रुपये की चोरी होने के अगले दिन ही बदमाशों ने दिनदाहड़े सिटी स्टेशन के पास प्रकाश टैक्सटाइल्स में एक रिटायर्ड प्रोफेसर के घर में धावा बोल दिया। बदमाश शिक्षक और उनकी बेटी को बंधक बनाकर लाखों की नकदी और जेवरात ले गए।
लूटपाट करने से पहले बदमाशों ने पिता और बेटी को बेरहमी से पीटा और फिर एक कमरे में बांध कर डाल दिया। दोनों घायलों को गंभीर हालत में अलीगढ़ रेफर किया गया है। लूट की सूचना के बाद एसपी डॉ. अजयपाल भी मौके पर पहुंच गए और छानबीन शुरू की गई।
मूल रूप से नगला मनी, टुकसान के रहने वाले केडी पाठक कासगंज के एक डिग्री कॉलेज से प्रोफेसर के पद से रिटायर हुए हैं। फिलहाल, वह एडहॉक पर बागला डिग्री कॉलेज में पढ़ा रहे हैं। उनकी पत्नी ऊषा पाठक कुरसंडा में राजकीय डिग्री कॉलेज की प्राचार्य हैं। शनिवार को दोपहर साढ़े बारह बजे केडी पाठक का बेटा सक्षम पाठक अपने घर में ऊपरी मंजिल पर रहने वाले किराएदार को तबियत बिगड़ने पर डॉक्टर के पास ले जा रहा था। उसी समय एक युवक वहां आया और किराए के लिए ग्राउंड फ्लोर पर मकान तलाशने की बात कहने लगा।
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सक्षम उन्हें अपने पिता केडी पाठक से मिलाकर किराएदार को दिखाने चला गया। ग्राउंड फ्लोर पर कमरा न होने पर पाठक ने उस युवक को मना कर दिया। इसके बाद तीन-चार 35 से 40 साल के बीच के युवक आए और अपने बच्चों के एडमिशन की बात करने लगे। पाठक ने उन्हें अपने ड्राइंग रूम में बैठा लिया। आरोपियों ने ड्राइंग रूम में बैठने के कुछ देर बाद ही केडी पाठक और उनकी 22 साल की बेटी भव्या उर्फ रानू को मारना-पीटना शुरू कर दिया।
दोनों के ऊपर चादर डालकर बेरहमी से पीटा। दीवार पर खून के धब्बे बदमाशों की बेरहमी की गवाही दे रहे हैं। बदमाशों ने दोनों को बांधकर एक कमरे में डाल दिया। मारपीट को इस कदर अंजाम दिया गया कि ऊपरी मंजिल पर मौजूद किराएदार के परिजनों को भनक तक नहीं लगी। केडी पाठक और रानू को बंधक बनाने के बाद बदमाशों ने घर में रखी लाखों की नकदी और जेवरात लूट लिए और चुपचाप कॉलोनी से निकल गए।
एक बजे जब ऊषा पाठक कॉलेज से घर पहुंची तो अपने पति और बेटी को घायल अवस्था में बंधा देख और घर का सामान बिखरा पड़ा दे सन्न रह गईं। आसपास लोगों की मदद से दोनों को पहले इमरजेंसी ले जाया गया, जहां ज्यादा चोट होने पर उन्हें अलीगढ़ रेफर कर दिया गया। दिनदहाड़े लूट की वारदात की सूचना मिलते ही सबसे पहले खुद एसपी अजयपाल शर्मा और एसओजी टीम पहुंची। इसके बाद हाथरस गेट पुलिस और फिर सासनी कोतवाल अखिलेश त्रिपाठी पहुंचे।
ऊषा पाठक का कहना है कि बदमाश उनके घर से लाखों के जेवरात और नकदी ले गए हैं। लूटे गए माल की रकम का अनुमान उन्होंने अभी नहीं लगाया है। परिजनों की हालत खतरे से बाहर आने के बाद ही उन्होंने इस बारे में ज्यादा कुछ बताने की बात कही।
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लूटपाट करने से पहले बदमाशों ने पिता और बेटी को बेरहमी से पीटा और फिर एक कमरे में बांध कर डाल दिया। दोनों घायलों को गंभीर हालत में अलीगढ़ रेफर किया गया है। लूट की सूचना के बाद एसपी डॉ. अजयपाल भी मौके पर पहुंच गए और छानबीन शुरू की गई।
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मूल रूप से नगला मनी, टुकसान के रहने वाले केडी पाठक कासगंज के एक डिग्री कॉलेज से प्रोफेसर के पद से रिटायर हुए हैं। फिलहाल, वह एडहॉक पर बागला डिग्री कॉलेज में पढ़ा रहे हैं। उनकी पत्नी ऊषा पाठक कुरसंडा में राजकीय डिग्री कॉलेज की प्राचार्य हैं। शनिवार को दोपहर साढ़े बारह बजे केडी पाठक का बेटा सक्षम पाठक अपने घर में ऊपरी मंजिल पर रहने वाले किराएदार को तबियत बिगड़ने पर डॉक्टर के पास ले जा रहा था। उसी समय एक युवक वहां आया और किराए के लिए ग्राउंड फ्लोर पर मकान तलाशने की बात कहने लगा।
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सक्षम उन्हें अपने पिता केडी पाठक से मिलाकर किराएदार को दिखाने चला गया। ग्राउंड फ्लोर पर कमरा न होने पर पाठक ने उस युवक को मना कर दिया। इसके बाद तीन-चार 35 से 40 साल के बीच के युवक आए और अपने बच्चों के एडमिशन की बात करने लगे। पाठक ने उन्हें अपने ड्राइंग रूम में बैठा लिया। आरोपियों ने ड्राइंग रूम में बैठने के कुछ देर बाद ही केडी पाठक और उनकी 22 साल की बेटी भव्या उर्फ रानू को मारना-पीटना शुरू कर दिया।
दोनों के ऊपर चादर डालकर बेरहमी से पीटा। दीवार पर खून के धब्बे बदमाशों की बेरहमी की गवाही दे रहे हैं। बदमाशों ने दोनों को बांधकर एक कमरे में डाल दिया। मारपीट को इस कदर अंजाम दिया गया कि ऊपरी मंजिल पर मौजूद किराएदार के परिजनों को भनक तक नहीं लगी। केडी पाठक और रानू को बंधक बनाने के बाद बदमाशों ने घर में रखी लाखों की नकदी और जेवरात लूट लिए और चुपचाप कॉलोनी से निकल गए।
एक बजे जब ऊषा पाठक कॉलेज से घर पहुंची तो अपने पति और बेटी को घायल अवस्था में बंधा देख और घर का सामान बिखरा पड़ा दे सन्न रह गईं। आसपास लोगों की मदद से दोनों को पहले इमरजेंसी ले जाया गया, जहां ज्यादा चोट होने पर उन्हें अलीगढ़ रेफर कर दिया गया। दिनदहाड़े लूट की वारदात की सूचना मिलते ही सबसे पहले खुद एसपी अजयपाल शर्मा और एसओजी टीम पहुंची। इसके बाद हाथरस गेट पुलिस और फिर सासनी कोतवाल अखिलेश त्रिपाठी पहुंचे।
ऊषा पाठक का कहना है कि बदमाश उनके घर से लाखों के जेवरात और नकदी ले गए हैं। लूटे गए माल की रकम का अनुमान उन्होंने अभी नहीं लगाया है। परिजनों की हालत खतरे से बाहर आने के बाद ही उन्होंने इस बारे में ज्यादा कुछ बताने की बात कही।