{"_id":"5ad6372b4f1c1b9c098b51bf","slug":"hanging-brother-sister-in-hathras","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाथरस में परिजनों की डांट से क्षुब्ध भाई-बहन ने लगाई फांसी ","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
हाथरस में परिजनों की डांट से क्षुब्ध भाई-बहन ने लगाई फांसी
क्राइम डेस्क, अमर उजाला, हाथरस।
Updated Tue, 17 Apr 2018 11:42 PM IST
विज्ञापन
फांसी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोतवाली हाथरस जंक्शन क्षेत्र के गांव नगला अलिया में पढ़ाई को लेकर परिजनों की डांट से क्षुब्ध होकर एक किशोर व उसकी चचेरी बहन ने पंखे से फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। दोनों ने एक ही दुपट्टे को फाड़कर दो फंदे बनाए थे। देर रात सीओ सिकंदराराऊ आशीष प्रताप सिंह भी गांव पहुंच गए और परिजनों व ग्रामीणों से घटना के बारे में जानकारी ली।
गांव नगला अलिया निवासी शुभम (15) पुत्र राकेश और उसकी चचेरी बहन संतोषी (14) मंगलवार की रात को अपने घर में अलग-अलग पंखों पर फांसी के फंदे से लटके मिले। दोनों को जब तक फंदे से उतारा जाता, तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। सूचना पर हाथरस जंक्शन कोतवाल जगदीश चंद्र फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए।
उन्होंने परिजनों से इस घटना के बारे में जानकारी ली। कोतवाल का कहना है कि परिजनों ने पढ़ाई-लिखाई को लेकर इन दोनों को डांट दिया था, जिससे क्षुब्ध होकर उन्होंने यह कदम उठाया है। परिजनों की तरफ से कोई तहरीर नहीं दी गई है।
विज्ञापन
परिवार की तरफ से जो जानकारी दी गई है, उसमें किशोर-किशोरी की खुदकुशी की वजह पढ़ाई-लिखाई के लिए डांटना बताई गई है। दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
-आशीष प्रताप सिंह, सीओ सिकंदराराऊ
विज्ञापन
गांव नगला अलिया निवासी शुभम (15) पुत्र राकेश और उसकी चचेरी बहन संतोषी (14) मंगलवार की रात को अपने घर में अलग-अलग पंखों पर फांसी के फंदे से लटके मिले। दोनों को जब तक फंदे से उतारा जाता, तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। सूचना पर हाथरस जंक्शन कोतवाल जगदीश चंद्र फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए।
विज्ञापन
उन्होंने परिजनों से इस घटना के बारे में जानकारी ली। कोतवाल का कहना है कि परिजनों ने पढ़ाई-लिखाई को लेकर इन दोनों को डांट दिया था, जिससे क्षुब्ध होकर उन्होंने यह कदम उठाया है। परिजनों की तरफ से कोई तहरीर नहीं दी गई है।
विज्ञापन
परिवार की तरफ से जो जानकारी दी गई है, उसमें किशोर-किशोरी की खुदकुशी की वजह पढ़ाई-लिखाई के लिए डांटना बताई गई है। दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
-आशीष प्रताप सिंह, सीओ सिकंदराराऊ