फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   Vehicles running without fitness are becoming the cause of accidents.

Hardoi News: बिना फिटनेस दौड़ रहे वाहन, बन रहे हादसे का सबब

Sun, 30 Jun 2024 11:04 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 30 Jun 2024 11:04 PM IST
विज्ञापन
Vehicles running without fitness are becoming the cause of accidents.
हरदोई। जिले में बिना पंजीकरण और फिटनेस के 87 हजार वाहन फर्राटा भर रहे हैं, जो हादसे का सबब बन रहे हैं। मगर इस ओर जिम्मेदारों की नजर नहीं जा रही है। विभागीय कार्रवाई के नाम पर सिर्फ औपचारिकता निभाई जा रही है।
विज्ञापन

जिले में वर्तमान में छह लाख 20 हजार 381 वाहन पंजीकृत हैं। इन वाहनों के पंजीकरण का समय निर्धारित है। इसके अलावा उनकी आयुसीमा का भी निर्धारण किया गया है। विभागीय आंकड़ों की मानें तो जिले में 87 हजार 219 ऐसे वाहन हैं, जो 15 वर्ष की आयु पूरी कर चुके हैं। इनमें 66 हजार वाहनों का पंजीकरण समाप्त हो चुका है। इनमें 50 हजार 650 दो पहिया वाहन, 6,340 कार, 10,028 ट्रैक्टर शामिल हैं। इन वाहन स्वामियों ने पुन. पंजीकरण नहीं कराया और वाहन धड़ल्ले से सड़कों पर दौड़ा रहे हैं।
विज्ञापन

इसके अलावा 14 हजार वाहनों की फिटनेस नहीं कराई गई है। इनमें 8,380 ई-रिक्शा, 4,958 पिकअप, 452 बसें शामिल हैं। यह सभी वाहन बिना फिटनेस के ही सड़कों पर दौड़ रहे हैं। इससे हादसे हो रहे, जिसमें लोगों को अपनी जान गवानी पड़ रही है। विभागीय जिम्मेदार नियमित जांच कर कार्रवाई करने का दावा कर रहे हैं, मगर इन वाहनों की ओर नजर नहीं जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

इन वाहनों पर विभाग की ओर से प्रतिदिन जुर्माना भी लगाया जा रहा है, जिससे विभाग पर राजस्व का बकाया बढ़ रहा है। वहीं वाहन स्वामियों पर भी आर्थिक बोझ बढ़ रहा है। इस संबंध में एआरटीओ प्रवर्तन ने बताया कि वाहनाें की नियमित जांच की जा रही है। जो भी ऐसे वाहन मिलते हैं, उनको सीज करने की कार्रवाई की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed