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खुशी के आंसू संग पूरा गांव सिसका

Sat, 05 Mar 2022 10:22 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 05 Mar 2022 10:22 PM IST
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The whole village sobbed with tears of joy
संडीला। रूस के साथ युद्ध में यूक्रेन के सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्र खार्कीव से यहां की दो बहनें सकुशल घर लौट आई हैं।
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एक तरफ उनके लौटने की खुशी के आंसुओं से आंखें छलकीं तो उनकी आपबीती सुनकर पूरा गांव सिसकने लगा। कदम-कदम पर मौत की दहशत और 12 किलोमीटर का पैदल सफर। यह लम्हा बयां करते हुए दोनों बहनें कांप उठीं।
इसके बाद पोलैंड बार्डर पर सात घंटे जांच के बाद उन्हें प्रवेश मिला। बार्डर से 16 घंटे की बस यात्रा के बाद पोलैंड हवाई अड्डे पर पहुंचीं। यहां से दिल्ली और फिर दिल्ली से अपने घर मलैया।
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यूक्रेन के खार्कीव में एमबीबीएस करने गई संडीला के मलैया गांव निवासी मुसाहब अली एडवोकेट की दोनों बेटियां नाजिया खातून व राजिया खातून शुक्रवार को रात करीब 11 बजे घर पहुंच गईं।
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दोनों दो मार्च को खार्कीव से चली थीं। उन्होंने बताया कि खार्कीव की सीमा तक पहुंचने के लिए उन्हें करीब 12 किलोमीटर पैदल चलना पड़ा। इस दौरान कदम-कदम पर जान का जोखिम था। शहर जल रहा था और सुरक्षा व्यवस्था नाकाफी।
बताया कि बस घर पहुंचने की ललक और ऊपर वाले की कृपा थी कि उन्होंने हिम्मत दी। वह दोनों शाम को पांच बजे पोलैंड बॉर्डर पर पहुंचीं। यहां छह सात घंटे की जांच पड़ताल के बाद उनकी पोलैंड में एंट्री हुई।
बस से करीब 16 घंटे की यात्रा के बाद पोलैंड हवाई अड्डे पर पहुंची। उसके बाद वे हवाई जहाज से शुक्रवार को दिल्ली पहुंचीं। यहां से उन्हें यूपी भवन ले जाया गया।
जहां से सरकारी वाहन से शाम छह बजे रवाना हुईं। उस वाहन में छह छात्र थे। रात 11 बजे राजिया और नाजिया अपने घर मलैया पहुंचीं। जहां उनके पिता मुसाहब अली, मां मुन्नी खातून और बहन फरहीन बनो ने उन्हें मिठाई खिलाकर स्वागत किया।
पिता बोले, लौट आईं मेरी दोनों आंखें
अपनी दोनों बेटियों को अपने पास पाकर पिता की खुशी से डबडबाई आंखों और रुंधे गले से जब स्वर फूटा तो शब्द थे, लौट आईं मेरी दोनों आंखें। उन्होंने बताया कि बच्चों के बेहतर करियर और स्वर्णिम भविष्य के लिए उन्हें खुद से दूर भेजना ही मुश्किल निर्णय था।

उस पर जान पर खतरे की खबर ने परिवार को झकझोर ही दिया था। न्यूूज चैनलों पर खार्कीव क्षेत्र ही सबसे ज्यादा प्रभावित बताया जा रहा था, इसलिए और डर बढ़ गया था।
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