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Hardoi News: गैर इरादतन हत्या में आजीवन कारावास
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हरदोई। लगभग साढ़े तीन साल पुराने गैर इरादतन हत्या के मामले में अपर जिला जज कुसुम लता कोर्ट संख्या चार ने एक शख्स को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
सांडी थाना क्षेत्र के नवाबगंज मोहल्ला निवासी सुरेश ने 30 मार्च 2021 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया था कि उसके मामा महेंद्र मंगला देवी मंदिर में पुजारी थे। तीस मार्च को 12 बजे मामा मंदिर की साफकर सो गए थे। तभी मोहल्ले के ही बृजेश व दिनेश (दोनों सगे भाई) आए और गालियां देने लगे। मना करने पर ब्रजेश ने पत्थर उठाकर महेंद्र के सिर पर मार दिया था। महेंद्र की जिला अस्पताल में 22 मार्च को इलाज के दौरान मौत हो गई थी।
विवेचना में पता चला था कि ब्रजेश नशे का आदी था। नशा करने मंदिर के पास जाता था। पुजारी महेंद्र उसे मना करते थे। इसी बात को लेकर विवाद हुआ था। पुलिस ने ब्रजेश के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था। अभियोजन पक्ष से पूरे मामले में छह गवाहों को पेश किया गया। दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने व पत्रावली पर मौजूद सबूतों के आधार पर बृजेश को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
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सांडी थाना क्षेत्र के नवाबगंज मोहल्ला निवासी सुरेश ने 30 मार्च 2021 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया था कि उसके मामा महेंद्र मंगला देवी मंदिर में पुजारी थे। तीस मार्च को 12 बजे मामा मंदिर की साफकर सो गए थे। तभी मोहल्ले के ही बृजेश व दिनेश (दोनों सगे भाई) आए और गालियां देने लगे। मना करने पर ब्रजेश ने पत्थर उठाकर महेंद्र के सिर पर मार दिया था। महेंद्र की जिला अस्पताल में 22 मार्च को इलाज के दौरान मौत हो गई थी।
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विवेचना में पता चला था कि ब्रजेश नशे का आदी था। नशा करने मंदिर के पास जाता था। पुजारी महेंद्र उसे मना करते थे। इसी बात को लेकर विवाद हुआ था। पुलिस ने ब्रजेश के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था। अभियोजन पक्ष से पूरे मामले में छह गवाहों को पेश किया गया। दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने व पत्रावली पर मौजूद सबूतों के आधार पर बृजेश को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
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