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Hardoi News: माधौगंज ब्लाॅक प्रमुख के बेटे की फर्म को ग्राम पंचायतों ने किया 15 लाख का भुगतान

Wed, 11 Oct 2023 10:50 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 11 Oct 2023 10:50 PM IST
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Gram Panchayats paid Rs 15 lakh to the firm of Madhauganj block chief's son
आनंद मिश्रा
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हरदोई। माधौगंज विकास खंड में ग्राम पंचायत अधिकारी के भाई की फर्म को क्षेत्र पंचायत निधि से भुगतान किए जाने का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि इसी ब्लाॅक का एक और खेल सामने आया है। ब्लाॅक प्रमुख के बेटे की फर्म को भी अफसरों की मिलीभगत से गत वित्तीय वर्ष में 12 लाख 40 हजार रुपये और चालू वित्तीय वर्ष में अब तक दो लाख 57 हजार रुपये का भुगतान कर दिया गया।
शासन के स्पष्ट निर्देश हैं कि किसी भी पंचायत प्रतिनिधि या सरकारी कर्मचारी और उसके परिजन की किसी भी फर्म को क्षेत्र पंचायत, ग्राम पंचायत और मनरेगा से काम न दिया जाए। इसके साथ ही भुगतान भी न देने के निर्देश हैं। इसके बावजूद जनपद में तैनात अधिकारी बड़े पैमाने पर खेल कर रहे हैं।
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संबंधित क्षेत्रों के रसूखदार जनप्रतिनिधियों की शह पर पंचायत प्रतिनिधियों और सरकारी कर्मचारियों के परिजनों की फर्माें को भुगतान किया जा रहा है। माधौगंज की ब्लाॅक प्रमुख लौंगश्री हैं। उनके पुत्र का नाम शैलेंद्र कुमार है। शैलेंद्र कुमार की फर्म एसके ट्रेडर्स के नाम से है। शैलेंद्र कुमार की इस फर्म पर माधौगंज की विभिन्न ग्राम पंचायतों से बड़े पैमाने पर भुगतान किया गया है।
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गत वित्तीय वर्ष और चालू वित्तीय वर्ष में मिलाकर अब तक लगभग 15 लाख रुपये का भुगतान उक्त फर्म को अलग-अलग कार्याें के लिए किया जा चुका है। नियम के मुताबिक ब्लाॅक प्रमुख के बेटे की फर्म को न तो कोई काम मिल सकता है और न ही उसको भुगतान किया जा सकता है।

इनसेट

मां के ब्लाॅक प्रमुख बनने के बाद बनाई फर्म
जीएसटी की बेवसाइट में दर्ज ब्योरे के मुताबिक शैलेंद्र कुमार ने मां लौंग श्री के ब्लाॅक प्रमुख बनने के लगभग छह माह बाद एसके ट्रेडर्स फर्म बनाई थी। ऑनलाइन दर्ज रिकॉर्ड के मुताबिक 15 मार्च 2022 को यह फर्म बनाई गई थी, जबकि ब्लाॅक प्रमुख का चुनाव जुलाई 2021 में हुआ था। यह भी उल्लेखनीय है कि पंचायत प्रतिनिधियों और सरकारी कर्मचारियों व इनके परिजनों को क्षेत्र पंचायत, ग्राम पंचायत और मनरेगा से काम न देने का आदेश तो वर्ष 2018 से ही था। वहीं 21 मार्च 2022 को इस का शासनादेश भी जारी हो गया था।



इनसेट
मुझे नियम की जानकारी नहीं थी। अधिकारियों को बताना चाहिए था, लेकिन मुझे किसी ने नहीं बताया।
लौंगश्री, ब्लाॅक प्रमुख माधौगंज

इनसेट
शैलेंद्र ब्लाॅक प्रमुख के बेटे हैंं, इसकी जानकारी है। उनकी कोई फर्म भी है और उसे भुगतान भी हो रहा है इस बारे में जानकारी नहीं थी।
संजय कुमार, बीडीओ, माधौगंज।

इनसेट
शासनादेश की अनदेखी बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अगर ब्लाॅक प्रमुख के बेटे की फर्म को भुगतान किया गया है तो शासनादेश का स्पष्ट उल्लंघन है। जिम्मेदार अफसर से जांच करवाकर रिपोर्ट लेंगे। भुगतान करने वाले के खिलाफ भी कार्रवाई करेंगे।
एमपी सिंह, डीएम
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