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सरकार के विरोध में उतरी अभाविप
ब्यूरो/अमर उजाला, हरदोई
Updated Sun, 05 Apr 2015 12:55 AM IST
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प्रदेश के कई ज्वलंत मुद्दों को लेकर उतर प्रदेश
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सरकार को युवा विरोधी करार दे अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के
पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने शनिवार को कलक्ट्रेट में जमकर विरोध
प्रदर्शन किया और गवर्नर को संबोधित एक पांच सूत्रीय ज्ञापन डीएम को सौंपकर
कार्रवाई कराए जाने की मांग की गई।
इस दौरान अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के जिला संयोजक अंशुमान मिश्र ने प्रदर्शन के दौरान कहा कि विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं द्वारा शांति पूर्वक विरोध प्रदर्शन करने पर पुलिस प्रशासन द्वारा निर्दयता पूर्वक लाठीचार्ज करने से यह सिद्ध होता है कि वर्तमान प्रदेश सरकार युवा विरोधी सरकार है।
उन्होंने कहा कि पुलिस भर्ती में धांधली करने का मामला हो या फिर उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित होने वाली पीसीएस परीक्षा का पर्चा लीक होने का प्रकरण। पर्चा लीक होने के बाद भी दूसरी पाली की परीक्षा को निरस्त न करना ऐसे आज कई ज्वलंत मुद्दे हैं जिन पर प्रदेश सरकार युवा विरोधी साबित हो रही है।
इस दौरान परिषद के बैनर तले पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया तथा राज्यपाल को संबोधित एक पांच सूत्रीय ज्ञापन जिलाधिकारी रमेश मिश्र को सौंपकर कार्रवाई की मांग की। दिए गए ज्ञापन में उक्त के अलावा लोक सेवा आयोग अध्यक्ष डा. अनिल यादव के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थी परिषद पदाधिकारियों को छोड़े जाने।
आयोग अध्यक्ष की गिरफ्तारी कराए जाने, आयोग द्वारा पिछले दो साल में की गई भर्ती की सीबीआई जांच कराए जाने, उत्तर प्रदेश में हुई पुलिस भर्ती की सीबीआई जांच कराए जाने की मांगे शामिल हैं। इस मौके पर कई पदाधिकारी और छात्र मौजूद थे।
इस दौरान अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के जिला संयोजक अंशुमान मिश्र ने प्रदर्शन के दौरान कहा कि विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं द्वारा शांति पूर्वक विरोध प्रदर्शन करने पर पुलिस प्रशासन द्वारा निर्दयता पूर्वक लाठीचार्ज करने से यह सिद्ध होता है कि वर्तमान प्रदेश सरकार युवा विरोधी सरकार है।
उन्होंने कहा कि पुलिस भर्ती में धांधली करने का मामला हो या फिर उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित होने वाली पीसीएस परीक्षा का पर्चा लीक होने का प्रकरण। पर्चा लीक होने के बाद भी दूसरी पाली की परीक्षा को निरस्त न करना ऐसे आज कई ज्वलंत मुद्दे हैं जिन पर प्रदेश सरकार युवा विरोधी साबित हो रही है।
इस दौरान परिषद के बैनर तले पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया तथा राज्यपाल को संबोधित एक पांच सूत्रीय ज्ञापन जिलाधिकारी रमेश मिश्र को सौंपकर कार्रवाई की मांग की। दिए गए ज्ञापन में उक्त के अलावा लोक सेवा आयोग अध्यक्ष डा. अनिल यादव के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थी परिषद पदाधिकारियों को छोड़े जाने।
आयोग अध्यक्ष की गिरफ्तारी कराए जाने, आयोग द्वारा पिछले दो साल में की गई भर्ती की सीबीआई जांच कराए जाने, उत्तर प्रदेश में हुई पुलिस भर्ती की सीबीआई जांच कराए जाने की मांगे शामिल हैं। इस मौके पर कई पदाधिकारी और छात्र मौजूद थे।