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Hardoi News: हाईकोर्ट में लिपिक की नौकरी दिलाने के नाम पर पांच लाख ठगे
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हरदोई। उच्च न्यायालय में लिपिक के पद पर नौकरी दिलाने के नाम पर पांच लाख रुपये की ठगी किए जाने का मामला सामने आया है। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर शहर कोतवाली में लखनऊ निवासी एक शख्स के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
क्षेत्र के न्यू सिविल लाइंस निवासी राम कुमार चौधरी ने बताया कि वर्ष 2024-25 में उच्च न्यायालय में क्लर्क पद की भर्ती का विज्ञापन जारी हुआ था। इसके लिए उन्होंने अपने बेटे से आवेदन कराया था। परीक्षण प्रक्रिया के दौरान उनकी मुलाकात माधौगंज थाना क्षेत्र के समुखा के मूल निवासी देवेश कुमार तिवारी से हुई। देवेश लखनऊ के आशियाना क्षेत्र में रुचि खंड में रहते हैं।
बताया कि देवेश ने खुद को हाईकोर्ट लखनऊ में कार्यरत बताया और नौकरी लगवाने का भरोसा दिया। इसके बाद 10 जनवरी को 2025 को पांच लाख रुपये देवेश को उनके बताए हुए बैंक खाते में भेज दिए। परीक्षा परिणाम जारी होने पर बेटे का चयन न होने की जानकारी मिली। इस पर उन्होंने रुपये वापस मांगे। रुपये देने से इन्कार करते हुए देवेश तिवारी ने धमकाया। शहर कोतवाल संजय त्यागी ने बताया कि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि देवेश हाईकोर्ट में नौकरी करता है या नहीं। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर धोखाधड़ी औ ठगी की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
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क्षेत्र के न्यू सिविल लाइंस निवासी राम कुमार चौधरी ने बताया कि वर्ष 2024-25 में उच्च न्यायालय में क्लर्क पद की भर्ती का विज्ञापन जारी हुआ था। इसके लिए उन्होंने अपने बेटे से आवेदन कराया था। परीक्षण प्रक्रिया के दौरान उनकी मुलाकात माधौगंज थाना क्षेत्र के समुखा के मूल निवासी देवेश कुमार तिवारी से हुई। देवेश लखनऊ के आशियाना क्षेत्र में रुचि खंड में रहते हैं।
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बताया कि देवेश ने खुद को हाईकोर्ट लखनऊ में कार्यरत बताया और नौकरी लगवाने का भरोसा दिया। इसके बाद 10 जनवरी को 2025 को पांच लाख रुपये देवेश को उनके बताए हुए बैंक खाते में भेज दिए। परीक्षा परिणाम जारी होने पर बेटे का चयन न होने की जानकारी मिली। इस पर उन्होंने रुपये वापस मांगे। रुपये देने से इन्कार करते हुए देवेश तिवारी ने धमकाया। शहर कोतवाल संजय त्यागी ने बताया कि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि देवेश हाईकोर्ट में नौकरी करता है या नहीं। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर धोखाधड़ी औ ठगी की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
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