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Hardoi News: बिना लैब टेस्टिंग के ही निर्माण सामग्री का हो गया इस्तेमाल
Thu, 26 Dec 2024 03:20 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
Updated Thu, 26 Dec 2024 03:20 AM IST
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एक्सक्लूसिव
- मनरेगा के कार्याें में निर्माण से पहले सामग्री की लैब टेस्टिंग है जरूरी, एसक्यूएम ने जांच में पकड़ा
- सांडी और माधौगंज ब्लॉक के अफसरों ने की शासनादेश की अनदेखी
आनंद मिश्रा
हरदोई। शासन और जिलाधिकारी भले ही मनरेगा के कार्याें में गुणवत्ता को लेकर गंभीरता बरतने के निर्देश मातहतों को दे रहे हों, लेकिन मातहत इन निर्देशों को हवा में उड़ा रहे हैं।
हाल यह है कि मनरेगा के कार्याें में इस्तेमाल की जाने वाली सामग्री की गुणवत्ता का परीक्षण ही नहीं कराया जा रहा है। तीन दिसंबर को जनपद में मनरेगा कार्याें का निरीक्षण करने आए स्टेट क्वालिटी मॉनीटर (एसक्यूएम) ने गंभीर मामला पकड़ा है। अब पूरे मामले पर कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
मनरेगा के कार्याें में गुणवत्ता बनाए रखने के लिए ग्राम्य विकास विभाग ने शासनादेश जारी किया था। इस शासनादेश में स्पष्ट कहा गया था कि मनरेगा कार्याें में जो सामग्री इस्तेमाल की जाएगी उसका लैब टेस्ट जरूर कराया जाएगा। लैब टेस्ट में पास होने पर ही सामग्री का इस्तेमाल और भुगतान किए जाने का प्रावधान भी शासनादेश में किया गया था।
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इस शासनादेश के क्रम में डीएम मंगलाप्रसाद सिंह और मनरेगा उपायुक्त रवि प्रकाश सिंह ने भी सभी कार्यक्रम अधिकारियों (खंड विकास अधिकारियों) को निर्देश दिए थे कि किसी भी हाल में बिना लैब टेस्ट के सामग्री का इस्तेमाल न किया जाए। इसके बावजूद अफसरों ने लापरवाही कर दी। इसका खुलासा स्टेट क्वालिटी मॉनीटर ओम प्रकाश के निरीक्षण में हुआ।
सांडी और माधौगंज विकास खंड में मनरेगा से कराए गए दस कार्याें का निरीक्षण एसक्यूएम ने किया था और किसी भी कार्य में निर्माण सामग्री का लैब टेस्ट कराया ही नहीं गया था। अब शासन से एक्क्यूएम की रिपोर्ट मिलने के बाद विभाग में खलबली मची है।
इनसेट
इन कार्याें का हुआ था निरीक्षण
सांडी विकास खंड के म्योढ़ा और माधौगंज विकास खंड के शेखनपुर में मॉडल शॉप का कार्य
माधौगंज विकास खंड के दौलतयारपुर और क्योंटी ख्वाजगीपुर में इंटर लॉकिंग का कार्य
सांडी विकास खंड के कोइलाई नसीपुर में इंटरलॉकिंग के दो कार्य
सांडी विकास खंड के लमकन और माधौगंज विकास खंड के गौरा में पंचायत भवन का कार्य
सांडी के आदमपुर में खेल मैदान का कार्य
माधौगंज के रूदामऊ में अमृत सरोवर का कार्य
इनसेट
गौरा में पंचायत भवन अधोमानक, म्योढ़ा में सुधार की आवश्यकता
स्टेट क्वालिटी मॉनीटर की रिपोर्ट के मुताबिक म्योढ़ा में मॉडल शॉप का कार्य कराने के लिए 8.41 लाख रुपये स्वीकृत हुए थे। 5.63 लाख रुपये खर्च किए जा चुके हैं। कार्य अभी अधूरा है। इसमें सुधार की आवश्यकता बताई गई है। माधौगंज विकास खंड के गौरा गांव में पंचायत भवन के निर्माण पर 8.52 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। स्टेट क्वालिटी मॉनीटर के मुताबिक यह कार्य अधोमानक है।
वर्जन
दोषी के खिलाफ होगी कार्रवाई
स्टेट क्वालिटी मॉनीटर की रिपोर्ट अभी नहीं देखी है। रिपोर्ट में अगर अनियमितताओं और नियमों के विपरीत कार्य किए जाने का उल्लेख है तो संबंधित लोगों पर कार्रवाई तय मानिए। शासनादेश का उल्लंघन किसी हाल में बर्दाश्त नहीं है। जो भी दोषी होगा वह झेलेगा।- एमपी सिंह, डीएम
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- मनरेगा के कार्याें में निर्माण से पहले सामग्री की लैब टेस्टिंग है जरूरी, एसक्यूएम ने जांच में पकड़ा
- सांडी और माधौगंज ब्लॉक के अफसरों ने की शासनादेश की अनदेखी
आनंद मिश्रा
हरदोई। शासन और जिलाधिकारी भले ही मनरेगा के कार्याें में गुणवत्ता को लेकर गंभीरता बरतने के निर्देश मातहतों को दे रहे हों, लेकिन मातहत इन निर्देशों को हवा में उड़ा रहे हैं।
हाल यह है कि मनरेगा के कार्याें में इस्तेमाल की जाने वाली सामग्री की गुणवत्ता का परीक्षण ही नहीं कराया जा रहा है। तीन दिसंबर को जनपद में मनरेगा कार्याें का निरीक्षण करने आए स्टेट क्वालिटी मॉनीटर (एसक्यूएम) ने गंभीर मामला पकड़ा है। अब पूरे मामले पर कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
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मनरेगा के कार्याें में गुणवत्ता बनाए रखने के लिए ग्राम्य विकास विभाग ने शासनादेश जारी किया था। इस शासनादेश में स्पष्ट कहा गया था कि मनरेगा कार्याें में जो सामग्री इस्तेमाल की जाएगी उसका लैब टेस्ट जरूर कराया जाएगा। लैब टेस्ट में पास होने पर ही सामग्री का इस्तेमाल और भुगतान किए जाने का प्रावधान भी शासनादेश में किया गया था।
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इस शासनादेश के क्रम में डीएम मंगलाप्रसाद सिंह और मनरेगा उपायुक्त रवि प्रकाश सिंह ने भी सभी कार्यक्रम अधिकारियों (खंड विकास अधिकारियों) को निर्देश दिए थे कि किसी भी हाल में बिना लैब टेस्ट के सामग्री का इस्तेमाल न किया जाए। इसके बावजूद अफसरों ने लापरवाही कर दी। इसका खुलासा स्टेट क्वालिटी मॉनीटर ओम प्रकाश के निरीक्षण में हुआ।
सांडी और माधौगंज विकास खंड में मनरेगा से कराए गए दस कार्याें का निरीक्षण एसक्यूएम ने किया था और किसी भी कार्य में निर्माण सामग्री का लैब टेस्ट कराया ही नहीं गया था। अब शासन से एक्क्यूएम की रिपोर्ट मिलने के बाद विभाग में खलबली मची है।
इनसेट
इन कार्याें का हुआ था निरीक्षण
सांडी विकास खंड के म्योढ़ा और माधौगंज विकास खंड के शेखनपुर में मॉडल शॉप का कार्य
माधौगंज विकास खंड के दौलतयारपुर और क्योंटी ख्वाजगीपुर में इंटर लॉकिंग का कार्य
सांडी विकास खंड के कोइलाई नसीपुर में इंटरलॉकिंग के दो कार्य
सांडी विकास खंड के लमकन और माधौगंज विकास खंड के गौरा में पंचायत भवन का कार्य
सांडी के आदमपुर में खेल मैदान का कार्य
माधौगंज के रूदामऊ में अमृत सरोवर का कार्य
इनसेट
गौरा में पंचायत भवन अधोमानक, म्योढ़ा में सुधार की आवश्यकता
स्टेट क्वालिटी मॉनीटर की रिपोर्ट के मुताबिक म्योढ़ा में मॉडल शॉप का कार्य कराने के लिए 8.41 लाख रुपये स्वीकृत हुए थे। 5.63 लाख रुपये खर्च किए जा चुके हैं। कार्य अभी अधूरा है। इसमें सुधार की आवश्यकता बताई गई है। माधौगंज विकास खंड के गौरा गांव में पंचायत भवन के निर्माण पर 8.52 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। स्टेट क्वालिटी मॉनीटर के मुताबिक यह कार्य अधोमानक है।
वर्जन
दोषी के खिलाफ होगी कार्रवाई
स्टेट क्वालिटी मॉनीटर की रिपोर्ट अभी नहीं देखी है। रिपोर्ट में अगर अनियमितताओं और नियमों के विपरीत कार्य किए जाने का उल्लेख है तो संबंधित लोगों पर कार्रवाई तय मानिए। शासनादेश का उल्लंघन किसी हाल में बर्दाश्त नहीं है। जो भी दोषी होगा वह झेलेगा।- एमपी सिंह, डीएम

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