{"_id":"5dd827da8ebc3e54bd18b278","slug":"bjp-government-forget-farmer-problems-hardoi-news-knp527538529","type":"story","status":"publish","title_hn":"किसानों की समस्याओं के प्रति उदासीन है भाजपा सरकार-जीत लाल सरोज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
किसानों की समस्याओं के प्रति उदासीन है भाजपा सरकार-जीत लाल सरोज
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरदोई। किसानों की समस्याओं के प्रति भाजपा सरकार उदासीन है। किसानों से किए गए वादों से सरकार ने किनारा कर लिया है। किसानों की आय दो गुना करने का वादा भी जुमला साबित हुआ। संडीला के ग्राम तिलोइया में शुक्रवार को हुई कांग्रेस की बैठक में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सचिव जीत लाल सरोज ने ये बात कही।
उन्होंने कहा कि गन्ना भुगतान न करने वाले चीनी मिल प्रबंधकों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। बेरोजगारी चरम पर है। भारत की सबसे बड़ी शक्ति यहां के युवा हैं लेकिन इसी शक्ति को बेरोजगार बनाकर देश को खोखला किया जा रहा है। उन्होंने दिल्ली में 14 दिसंबर को होने वाली भारत बचाओ महारैली में अधिक संख्या में पहुंचने की अपील भी की।
जिलाध्यक्ष आशीष कुमार सिंह ने कहा कि सरकार अब पूंजीपतियों की गोद में बैठकर किसानों पर अत्याचार कर रही है। बैठक को जिला महासचिव साधु सिंह, संतराम वर्मा ने भी संबोधित किया। इस मौके पर महताब अहमद, नवरत्न द्विवेदी, नजमुल, मुरारी लाल, नसीम वारसी, जमील अहमद, निर्भान सिंह यादव आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि गन्ना भुगतान न करने वाले चीनी मिल प्रबंधकों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। बेरोजगारी चरम पर है। भारत की सबसे बड़ी शक्ति यहां के युवा हैं लेकिन इसी शक्ति को बेरोजगार बनाकर देश को खोखला किया जा रहा है। उन्होंने दिल्ली में 14 दिसंबर को होने वाली भारत बचाओ महारैली में अधिक संख्या में पहुंचने की अपील भी की।
विज्ञापन
जिलाध्यक्ष आशीष कुमार सिंह ने कहा कि सरकार अब पूंजीपतियों की गोद में बैठकर किसानों पर अत्याचार कर रही है। बैठक को जिला महासचिव साधु सिंह, संतराम वर्मा ने भी संबोधित किया। इस मौके पर महताब अहमद, नवरत्न द्विवेदी, नजमुल, मुरारी लाल, नसीम वारसी, जमील अहमद, निर्भान सिंह यादव आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन