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बारिश ने शहर में जलभराव, नाले चोक, लोग परेशान
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फोटो-6-बड़े चौराहे से रामदत्त चौराहे की ओर जलभराव के बीच जाता चौपहिया वाहन। संवाद
- फोटो : HARDOI
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हरदोई। बुधवार रात से गुरुवार सुबह तक हुई बारिश से शहर के कई मोहल्ले जलमग्न हो गए। जलभराव से जगह-जगह जाम लगने से लोग परेशान रहे। दोपहर तक यही स्थिति देखने को मिली। जलभराव से जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त दिखा। वहीं बारिश से तापमान दो डिग्री नीचे आ गए। मौसम विभाग की माने तो 2011 के बाद 2019 और अब अगस्त माह में सबसे अधिक बारिश हुई है। फिलहाल 2011 का रिकार्ड अब तक नहीं टूटा है।
बुधवार रात से लेकर गुरुवार की सुबह आठ बजे तक ही शहर में 99 मिलीमीटर बारिश हुई। इसके बाद भी सुबह 10 तक रूक रूक कर छह मिलीमीटर बारिश हुई। बारिश के चलते शहर में भी पानी दिखा। शहर का शायद ही कोई ऐसा मोहल्ला हो जहां गलियां न डृूबी हो। शहर के प्रमुख मार्गो पर एक बार फिर जलभराव देखने को मिला। वाहन सवारों को निकलने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। मौसम वैज्ञानिक रमेश चंद्र वर्मा का कहना है कि अगस्त माह में एक साथ अच्छी बारिश होने का रिकार्ड खंगाला जाए तो वर्ष 2011 में 161 मिलीमटर बारिश हुई। दूसरी बारिश इसके बाद 2019 में अगस्त माह में ही 131 मिलीमीटर हुई तो अब 105 मिलीमीटर बारिश हुई। आइए आपको भी दिखाते हैं कि रात भर हुई बारिश के बाद शहर में क्या देखने को मिला...
कुछ इस तरह रिकार्ड में दर्ज है एक साथ हुई बारिश
वर्ष बारिश मिलीमीटर
2011 161
2012 42
2013 31
2014 8
2015 47.2
2016 39.6
2017 89.0
2018 57.6
2019 131
2020 105
हरदोई। शहर के बड़े चौराहे से लेकर रामदत्त चौराहे तक जलभराव की स्थितियां कुछ ऐसी रहीं कि हर जगह पानी ही दिखा। जिसके कारण सुबह 10 बजे तक दुकानों के शटर नहीं खुल सके। दोपहर 12 बजे के बाद तक यहां की सड़कें भरी नजर आईं।
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हरदोई। नघेटा रोड भी जलमग्न दिखा, इस रोड पर लोगों को कुछ ज्यादा ही मुश्किलों से जूझना पड़ा। इस रोड पर पैदल तो निकलना असंभव सा रहा। दोपहिया वाहन सवारों के साइलेंसरों में पानी घुसने के बाद कई बार उनके वाहन फंसते नजर आए। इधर मार्ग पर साइड में गड्ढे आदि पड़ने से चौपहिया वाहन सवार भी मुश्किल में नजर आए।
हरदोई। शहर के धर्मशाला रोड पर भी जलभराव की स्थिति देखने को मिली। बारिश के बाद तो यहां पर भी तालाब सा बना दिखाई दिया। बारिश रुकने के बाद करीब दो से तीन घंटे बाद ही आवागमन सुचारू रुप से हो सका।
हरदोई। नगर पालिका की ओर से शहर में करीब तीन करोड़ की लागत से छोटे बड़े 23 नालों का निर्माण करवाया जा रहा है लेकिन अब तक फिलहाल निर्माण प्रगति पर ही है। जिसके चलते कई जगह नालों में पानी की निकासी भी रोकी गई है जिससे स्थितियां और दुरूह होतीं नजर आईं।
हरदोई। शहर ही नहीं विकास भवन व कलक्ट्रेट भी इस बार पूरी तरह से पानी-पानी ही दिखे। दूर दराज से आने वाले फरियादियों को भी जहां जलभराव से होकर कार्यालयों तक जाना पड़ा वहीं अधिकारी व कर्मचारी भी अपने कार्यालयों तक ऐसी ही गुजरते नजर आए।
हरदोई। शहर के बहरा सौदागर स्थित मैदान पहले तो गंदगी के बीच फंसे रहे तो उसके साथ बारिश से मैदान पूरा लबालब हो गया जिससे बुधवार से अब मंदिर के भगवान भी जलभराव व गंदगी से घिर गए हैं। मोहल्लेवासियों ने यहां पर साफ सफाई की मांग की है।
हरदोई। गुरुवार सुबह तक करीब 105 मिलमीटर बारिश रिकार्ड की गई। इसके बाद दोपहर तक कई बार रूक रूक कर बारिश हुई। मौसम वैज्ञानिक रमेश चंद्र वर्मा ने बताया कि गुरुवार केा अधिकतम तापमान 30 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री रिकार्ड किया गया। जो बुधवार की अपेक्षा दो डिग्री कम रहा।
हरदोई। ईओ नगर पालिका रविशंकर शुक्ला का कहना है कि सुबह सवेरे कुछ जगहों पर जलभराव की स्थिति की सूचना थी लेकिन वहां गैंग भेजकर स्थिति को सामान्य कर दिया गया था। बाकी वह भी कई जगह निकले और जहां पर नाले व नालियां चोंक थीं उन्हें सही करवाया।
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बुधवार रात से लेकर गुरुवार की सुबह आठ बजे तक ही शहर में 99 मिलीमीटर बारिश हुई। इसके बाद भी सुबह 10 तक रूक रूक कर छह मिलीमीटर बारिश हुई। बारिश के चलते शहर में भी पानी दिखा। शहर का शायद ही कोई ऐसा मोहल्ला हो जहां गलियां न डृूबी हो। शहर के प्रमुख मार्गो पर एक बार फिर जलभराव देखने को मिला। वाहन सवारों को निकलने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। मौसम वैज्ञानिक रमेश चंद्र वर्मा का कहना है कि अगस्त माह में एक साथ अच्छी बारिश होने का रिकार्ड खंगाला जाए तो वर्ष 2011 में 161 मिलीमटर बारिश हुई। दूसरी बारिश इसके बाद 2019 में अगस्त माह में ही 131 मिलीमीटर हुई तो अब 105 मिलीमीटर बारिश हुई। आइए आपको भी दिखाते हैं कि रात भर हुई बारिश के बाद शहर में क्या देखने को मिला...
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कुछ इस तरह रिकार्ड में दर्ज है एक साथ हुई बारिश
वर्ष बारिश मिलीमीटर
2011 161
2012 42
2013 31
2014 8
2015 47.2
2016 39.6
2017 89.0
2018 57.6
2019 131
2020 105
हरदोई। शहर के बड़े चौराहे से लेकर रामदत्त चौराहे तक जलभराव की स्थितियां कुछ ऐसी रहीं कि हर जगह पानी ही दिखा। जिसके कारण सुबह 10 बजे तक दुकानों के शटर नहीं खुल सके। दोपहर 12 बजे के बाद तक यहां की सड़कें भरी नजर आईं।
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हरदोई। नघेटा रोड भी जलमग्न दिखा, इस रोड पर लोगों को कुछ ज्यादा ही मुश्किलों से जूझना पड़ा। इस रोड पर पैदल तो निकलना असंभव सा रहा। दोपहिया वाहन सवारों के साइलेंसरों में पानी घुसने के बाद कई बार उनके वाहन फंसते नजर आए। इधर मार्ग पर साइड में गड्ढे आदि पड़ने से चौपहिया वाहन सवार भी मुश्किल में नजर आए।
हरदोई। शहर के धर्मशाला रोड पर भी जलभराव की स्थिति देखने को मिली। बारिश के बाद तो यहां पर भी तालाब सा बना दिखाई दिया। बारिश रुकने के बाद करीब दो से तीन घंटे बाद ही आवागमन सुचारू रुप से हो सका।
हरदोई। नगर पालिका की ओर से शहर में करीब तीन करोड़ की लागत से छोटे बड़े 23 नालों का निर्माण करवाया जा रहा है लेकिन अब तक फिलहाल निर्माण प्रगति पर ही है। जिसके चलते कई जगह नालों में पानी की निकासी भी रोकी गई है जिससे स्थितियां और दुरूह होतीं नजर आईं।
हरदोई। शहर ही नहीं विकास भवन व कलक्ट्रेट भी इस बार पूरी तरह से पानी-पानी ही दिखे। दूर दराज से आने वाले फरियादियों को भी जहां जलभराव से होकर कार्यालयों तक जाना पड़ा वहीं अधिकारी व कर्मचारी भी अपने कार्यालयों तक ऐसी ही गुजरते नजर आए।
हरदोई। शहर के बहरा सौदागर स्थित मैदान पहले तो गंदगी के बीच फंसे रहे तो उसके साथ बारिश से मैदान पूरा लबालब हो गया जिससे बुधवार से अब मंदिर के भगवान भी जलभराव व गंदगी से घिर गए हैं। मोहल्लेवासियों ने यहां पर साफ सफाई की मांग की है।
हरदोई। गुरुवार सुबह तक करीब 105 मिलमीटर बारिश रिकार्ड की गई। इसके बाद दोपहर तक कई बार रूक रूक कर बारिश हुई। मौसम वैज्ञानिक रमेश चंद्र वर्मा ने बताया कि गुरुवार केा अधिकतम तापमान 30 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री रिकार्ड किया गया। जो बुधवार की अपेक्षा दो डिग्री कम रहा।
हरदोई। ईओ नगर पालिका रविशंकर शुक्ला का कहना है कि सुबह सवेरे कुछ जगहों पर जलभराव की स्थिति की सूचना थी लेकिन वहां गैंग भेजकर स्थिति को सामान्य कर दिया गया था। बाकी वह भी कई जगह निकले और जहां पर नाले व नालियां चोंक थीं उन्हें सही करवाया।

फोटे-7- नघेटा रोड पर जलभराव की कुछ यूं दिखी तस्वीर। संवाद- फोटो : HARDOI

फोटो-8-धर्मशाला रोड पर जलभराव के बीच बच्चों संग जाता युवक। संवाद- फोटो : HARDOI