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अलीगढ़ : भाजपा नेता को मिले न्याय वरना अमित शाह की रैली का होगा बहिष्कार
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गांव मेंमड़ी में जनआक्रोश महासभा में लोगों को संबोधित करते वक्ता।
- फोटो : ATHROLI
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गोधा क्षेत्र के गांव मैंमड़ी में मंगलवार को अखिल भारतीय लोधी महासभा के जिलाध्यक्ष महेंद्र सिंह की अध्यक्षता में जनआक्रोश महासभा में विभिन्न पार्टियों के लोधी समाज समेत अन्य जातियों के नेता शामिल हुए। भाजपा नेता लालजी वर्मा और उनके पुत्र नरेंद्र वर्मा तथा पिंका ठाकुर के बीच गोलीकांड में एकतरफा कार्रवाई होने और लालजी वर्मा के साथ न्याय नहीं होने तक संघर्ष को बड़े आंदोलन में बदलने का फैसला हुआ।
कहा गया कि 30 दिसंबर को गृह मंत्री अमित शाह की अलीगढ़ में होने वाली जनसभा का बहिष्कार किया जाएगा। वयोवृद्ध लालू सिंह लोधी ने कहा कि कल्याण सिंह के द्वारा सींचे गए दल में आज लोधी व पिछड़े समाज का शोषण हो रहा है। लालजी वर्मा और नरेंद्र वर्मा ने अपने शोषण के खिलाफ आवाज उठाई तो हमला कर दिया और सत्ता के दबाव में पुलिस ने उन्हें ही उल्टा जेल भेज दिया। उन्होंने समाज के लोगों से एकजुट होने का आह्वान किया।
जिला पंचायत सदस्य डॉ. पुष्पेंद्र लोधी ने कहा कि लालजी वर्मा के साथ जो घटना हुई है इस सरकार में दलित-पिछड़े हर रोज झेल रहे हैं। लालजी वर्मा द्वारा अपने बचाव में गोली चलाई, लेकिन भाजपा के कुछ बड़े नेताओं के इशारे पर पुलिस ने गुंडों के बजाय लालजी वर्मा को ही जेल भेज दिया। अब भाजपा को सबक सिखाने का वक्त आ गया है। भाकियू नेता कैलाश लोधी ने कहा कि आंदोलन की शुरुआत हो चुकी है। इसे प्रदेश स्तर तक ले जाने की सभी की जिम्मेदारी है।
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भोलंबर बघेल ने कहा कि लालजी ने मुकाबला करके हिम्मत का काम किया है पिछड़ा समाज उनके साथ खड़ा है। भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के जिलाध्यक्ष भरत राजपूत ने कहा कि लालजी पर एकतरफा कार्रवाई से सर्वसमाज में रोष है। वादी को अपराधी बना दिया।
डिबाई के सपा नेता हरीश लोधी ने कहा कि गोली से लेकर डंडे तक हर तरह से वह समाज व लालजी वर्मा के परिवार के साथ हैं। रालोद नेता केशव बघेल ने कहा कि यह दलित-पिछड़ों की लड़ाई है। कांग्रेस नेता डॉ. धर्मेंद्र लोधी ने कहा कि लालजी वर्मा के परिवार पर भाजपा के कुछ नेताओं के इशारे पर अत्याचार हो रहा है।
यह रहे मौजूद
बैठक में जिला पंचायत सदस्य केपी सिंह मिस्त्री, अनार सिंह वर्मा, सुभाष लोधी, भूपेंद्र लोधी, ओपी आर्य, मुकेश लोधी, महेश लोधी, डॉ. रवेंद्रपाल, सुशीला राजपूत, वीरेंद्र लोधी, सतीश लोधी, दिनेश लोधी, हीरालाल लोधी, लोकेश लोधी, राजू प्रधान, श्यौदान सिंह प्रधान, बबलू प्रधान, राजकुमार लोधी, नीतू लोधी, जयप्रकाश लोधी, दीपक लोधी, सोमवीर सूर्यवंशी, नीरज वर्मा, चमन खां, सत्यप्रकाश वर्मा, शिवकुमार प्रधान, विक्रम सिंह, विचित्र लोधी, शंकर सिंह, राकेश लोधी, गजराज सिंह, ललित लोधी, सुशील लोधी, वीर सिंह, वीरपाल सिंह, विनोद राजपूत, ऋषीपाल लोधी, शंकरलाल, प्रहलाद सिंह, तेजवीर सिंह, सत्यप्रकाश वर्मा आदि मौजूद रहे।
बेटी की हत्या पर न्याय मांगने आए, लेकिन माइक ही नहीं दिया
जनसभा में कासगंज से भी एक परिवार आया था। वह मंच पर माइक लेकर अपनी बात रखना चाहता था लेकिन उन्हें माइक नहीं दिया गया और कार्यक्रम समापन की घोषणा कर दी गई। इस पर वह परिवार नाराज हो गया और मंच पर हंगामा किया। पीड़ित परिवार के अनुसार दो दिसंबर को उनकी बेटी की हत्या की गई थी।
नेता व अधिकारियों के आश्वासन के बाद बेटी के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया लेकिन आज तक आरोपियों पर कार्रवाई नहीं हुई। नेता और अधिकारी उनकी बात नहीं सुन रहे। वह कासगंज से जनसभा में समाज के बीच अपनी बात रखकर न्याय मांगने आए थे, लेकिन आयोजकों ने माइक नहीं दिया।
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कहा गया कि 30 दिसंबर को गृह मंत्री अमित शाह की अलीगढ़ में होने वाली जनसभा का बहिष्कार किया जाएगा। वयोवृद्ध लालू सिंह लोधी ने कहा कि कल्याण सिंह के द्वारा सींचे गए दल में आज लोधी व पिछड़े समाज का शोषण हो रहा है। लालजी वर्मा और नरेंद्र वर्मा ने अपने शोषण के खिलाफ आवाज उठाई तो हमला कर दिया और सत्ता के दबाव में पुलिस ने उन्हें ही उल्टा जेल भेज दिया। उन्होंने समाज के लोगों से एकजुट होने का आह्वान किया।
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जिला पंचायत सदस्य डॉ. पुष्पेंद्र लोधी ने कहा कि लालजी वर्मा के साथ जो घटना हुई है इस सरकार में दलित-पिछड़े हर रोज झेल रहे हैं। लालजी वर्मा द्वारा अपने बचाव में गोली चलाई, लेकिन भाजपा के कुछ बड़े नेताओं के इशारे पर पुलिस ने गुंडों के बजाय लालजी वर्मा को ही जेल भेज दिया। अब भाजपा को सबक सिखाने का वक्त आ गया है। भाकियू नेता कैलाश लोधी ने कहा कि आंदोलन की शुरुआत हो चुकी है। इसे प्रदेश स्तर तक ले जाने की सभी की जिम्मेदारी है।
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भोलंबर बघेल ने कहा कि लालजी ने मुकाबला करके हिम्मत का काम किया है पिछड़ा समाज उनके साथ खड़ा है। भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के जिलाध्यक्ष भरत राजपूत ने कहा कि लालजी पर एकतरफा कार्रवाई से सर्वसमाज में रोष है। वादी को अपराधी बना दिया।
डिबाई के सपा नेता हरीश लोधी ने कहा कि गोली से लेकर डंडे तक हर तरह से वह समाज व लालजी वर्मा के परिवार के साथ हैं। रालोद नेता केशव बघेल ने कहा कि यह दलित-पिछड़ों की लड़ाई है। कांग्रेस नेता डॉ. धर्मेंद्र लोधी ने कहा कि लालजी वर्मा के परिवार पर भाजपा के कुछ नेताओं के इशारे पर अत्याचार हो रहा है।
यह रहे मौजूद
बैठक में जिला पंचायत सदस्य केपी सिंह मिस्त्री, अनार सिंह वर्मा, सुभाष लोधी, भूपेंद्र लोधी, ओपी आर्य, मुकेश लोधी, महेश लोधी, डॉ. रवेंद्रपाल, सुशीला राजपूत, वीरेंद्र लोधी, सतीश लोधी, दिनेश लोधी, हीरालाल लोधी, लोकेश लोधी, राजू प्रधान, श्यौदान सिंह प्रधान, बबलू प्रधान, राजकुमार लोधी, नीतू लोधी, जयप्रकाश लोधी, दीपक लोधी, सोमवीर सूर्यवंशी, नीरज वर्मा, चमन खां, सत्यप्रकाश वर्मा, शिवकुमार प्रधान, विक्रम सिंह, विचित्र लोधी, शंकर सिंह, राकेश लोधी, गजराज सिंह, ललित लोधी, सुशील लोधी, वीर सिंह, वीरपाल सिंह, विनोद राजपूत, ऋषीपाल लोधी, शंकरलाल, प्रहलाद सिंह, तेजवीर सिंह, सत्यप्रकाश वर्मा आदि मौजूद रहे।
बेटी की हत्या पर न्याय मांगने आए, लेकिन माइक ही नहीं दिया
जनसभा में कासगंज से भी एक परिवार आया था। वह मंच पर माइक लेकर अपनी बात रखना चाहता था लेकिन उन्हें माइक नहीं दिया गया और कार्यक्रम समापन की घोषणा कर दी गई। इस पर वह परिवार नाराज हो गया और मंच पर हंगामा किया। पीड़ित परिवार के अनुसार दो दिसंबर को उनकी बेटी की हत्या की गई थी।
नेता व अधिकारियों के आश्वासन के बाद बेटी के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया लेकिन आज तक आरोपियों पर कार्रवाई नहीं हुई। नेता और अधिकारी उनकी बात नहीं सुन रहे। वह कासगंज से जनसभा में समाज के बीच अपनी बात रखकर न्याय मांगने आए थे, लेकिन आयोजकों ने माइक नहीं दिया।