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तारीखें बढ़ीं, पर न हुआ चिह्नीकरण
Hardoi
Updated Sun, 06 May 2012 12:00 PM IST
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हरदोई। अति पिछड़े 21 जिलों में बाधवा कमेटी की संस्तुति पर पांच हजार तक मासिक आमदनी वाले परिवारों को सस्ती दरों पर खाद्यान्न मुहैया कराने की योजना पर जिले में पानी फिर रहा है। अभी तक यहां ऐसे परिवारों का चिह्नीकरण नहीं हो सका है, जब कि 30 अप्रैल तक चिन्हीकरण कार्य पूरा कर सूची बनाकर ब्लाक दफ्तरों एवं पालिका एवं पंचायतों को पूर्ति विभाग को देनी थी।
सूची न मिलने से योजना के क्रियान्वयन में विलंब हो रहा है। ज्ञात हो कि न्यायमूर्ति बाधवा समिति की संस्तुति पर प्रदेश के अति पिछड़े 21 जिलों में 5 हजार मासिक एवं 60 हजार रुपए वार्षिक आमदनी के परिवारों का चिह्नीकरण करने के साथ ही उनकी खाद्यान्न संबंधी जरूरतों का आकलन करना है। इन परिवारों में उन्हीं का चयन किया जाएगा, जो बीपीएल एवं अन्त्योदय योजना में चयनित नहीं है। इन परिवारों को कम दरों पर खाद्यान्न मुहैया कराने की मंशा पर काम करना है, इसी लिए हरदोई सहित 21 जिलों में इस वर्ग के परिवारों का चिन्हीकरण किया जाना है। शासन द्वारा इस बाबत नवंबर 11 को प्रशासन को पत्र भेजा गया था। जिसके क्रम में यहां पूर्ति विभाग ने सभी पालिका और पंचायतों एवं विकास खंड दफ्तरों को पत्र भेजकर ऐसे परिवारों का चिह्नीकरण कर सूची भेजने को कहा था, पर उसके बाद विस चुनाव की आचार संहिता लागू होने के बाद मामला वहीं का वहीं रुक गया था। प्रदेश में नई सरकार बनने के बाद एक बार फिर से सभी को पांच हजार तक मासिक आमदनी वाले परिवारों का चिह्नीकरण कर सूची बनाने के निर्देश दिए गए थे। पहले यह सूची 31 मार्च तक बननी थी, पर बाद में इसका समय बढ़ाकर 30 अप्रैल कर दिया गया था, फिर अभी तक इन परिवारों का चिह्नीकरण एवं सूची बनाने का काम नहीं हो पाया है। इस बाबत डीएसओ एसपी सिंह ने कहा कि जिले में ऐसे परिवारों का चिन्हीकरण करने एवं पात्र परिवारों का सत्यापन आदि काम पूरा होने की मौखिक जानकारी मिली है, जिसके लिए डीएम को अवगत कराया गया है। डीएम ने संबंधित विभागों को 10 मई तक सूची मुहैया कराने के निर्देश दिए हैं। उम्मीद है कि उक्त अवधि तक सूचियां मिल जाएगी।
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सूची न मिलने से योजना के क्रियान्वयन में विलंब हो रहा है। ज्ञात हो कि न्यायमूर्ति बाधवा समिति की संस्तुति पर प्रदेश के अति पिछड़े 21 जिलों में 5 हजार मासिक एवं 60 हजार रुपए वार्षिक आमदनी के परिवारों का चिह्नीकरण करने के साथ ही उनकी खाद्यान्न संबंधी जरूरतों का आकलन करना है। इन परिवारों में उन्हीं का चयन किया जाएगा, जो बीपीएल एवं अन्त्योदय योजना में चयनित नहीं है। इन परिवारों को कम दरों पर खाद्यान्न मुहैया कराने की मंशा पर काम करना है, इसी लिए हरदोई सहित 21 जिलों में इस वर्ग के परिवारों का चिन्हीकरण किया जाना है। शासन द्वारा इस बाबत नवंबर 11 को प्रशासन को पत्र भेजा गया था। जिसके क्रम में यहां पूर्ति विभाग ने सभी पालिका और पंचायतों एवं विकास खंड दफ्तरों को पत्र भेजकर ऐसे परिवारों का चिह्नीकरण कर सूची भेजने को कहा था, पर उसके बाद विस चुनाव की आचार संहिता लागू होने के बाद मामला वहीं का वहीं रुक गया था। प्रदेश में नई सरकार बनने के बाद एक बार फिर से सभी को पांच हजार तक मासिक आमदनी वाले परिवारों का चिह्नीकरण कर सूची बनाने के निर्देश दिए गए थे। पहले यह सूची 31 मार्च तक बननी थी, पर बाद में इसका समय बढ़ाकर 30 अप्रैल कर दिया गया था, फिर अभी तक इन परिवारों का चिह्नीकरण एवं सूची बनाने का काम नहीं हो पाया है। इस बाबत डीएसओ एसपी सिंह ने कहा कि जिले में ऐसे परिवारों का चिन्हीकरण करने एवं पात्र परिवारों का सत्यापन आदि काम पूरा होने की मौखिक जानकारी मिली है, जिसके लिए डीएम को अवगत कराया गया है। डीएम ने संबंधित विभागों को 10 मई तक सूची मुहैया कराने के निर्देश दिए हैं। उम्मीद है कि उक्त अवधि तक सूचियां मिल जाएगी।
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