{"_id":"6841ca19b7e2fd4a3309ee00","slug":"2-greenery-is-responsible-for-the-breathing-of-50-lakh-people-hardoi-news-c-213-1-hra1001-132381-2025-06-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hardoi News: दो प्रतिशत हरियाली पर 50 लाख लोगों की सांसों का बोझ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hardoi News: दो प्रतिशत हरियाली पर 50 लाख लोगों की सांसों का बोझ
विज्ञापन
हरदोई। विश्व पर्यावरण दिवस है। हम-सभी पर्यावरण संरक्षण का संकल्प भी लेंगे। जिले की आबादी का आंकड़ा 50 लाख पार कर गया है। हरियाली का आकड़ा नहीं बढ़ पाया। 50 लाख से अधिक आबादी की सांसों का बोझ जिले के कुल क्षेत्रफल की करीब दो प्रतिशत (1.99 प्रतिशत) हरियाली पर है। ऑक्सीजन और शुद्ध वातावरण सभी की मूलभूत आवश्यकता में शामिल है।
विश्व पर्यावरण दिवस पर सभी पौधरोपण करते और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेंगे। पौधों को रोपित करने के साथ ही लोगों को प्रेरित और पौधों का वितरण भी करेंगे। पौधों को रोपित और संकल्प मात्र से हरियाली में वृद्धि संभव नहीं दिख रही। पौधाें को रोपित करने के साथ ही उनकी देखभाल भी करनी होगी। वन विभाग के आंकड़ों के अनुसार साल 2022 में जिले में 11,962.141 हेक्टेयर क्षेत्रफल में हरियाली थी, जो साल 2025 के सर्वे में चार हेक्टेयर बढ़कर 11,966.1962 हेक्टेयर हो गई।
हरदोई का क्षेत्रफल 5,989 वर्ग किलोमीटर है। पर्यावरण संरक्षण के लिए कम से कम 30 प्रतिशत क्षेत्रफल में हरियाली लाना होगा। साल 2011 की जनगणना में आबादी 41 लाख के आसपास थी, जो अब वृद्धि के अनुमानित आंकड़ों में अब 50 पार हो गई है। हरियाली के मामले में आबादी के अनुपात में क्षेत्रफल में बढ़ोतरी नहीं हो पाई। वन विभाग के आंकड़ों के अनुसार 11,944.1962 हेक्टेयर पर ही हरियाली है। ऐसे में प्रदूषण फैलाने वाले कारकों को कम और हरियाली क्षेत्र बढ़ाने पर ध्यान देना होगा।
विज्ञापन
--
बढ़ते पक्कीकरण और शहरीकरण ने हरियाली पर लगाया ब्रेक
लोगों में पक्कीकरण और शहरीकरण के प्रति लगाव बढ़ा है। गांवों में भी अब पक्कीकरण बढ़ा है, लोग खेत और बाग तक में मकान बना रहे हैं। शहरों में मकान के मानचित्र तक ही लॉन (हरियाली) सीमित होकर रह गए हैं। मकान के सामने फुटपाथ पर भी पौधरोपण के प्रति कम ही चिंतित दिख रहे। पहले मकानों के बाहर की भूमि पर नीम, आम, जामुन, पाकड़ आदि के पेड़ दिख जाते थे, लेकिन अब पक्का चबूतरा बनाना पसंद करते हैं।
-- --
फैक्ट फाइल :
5,989 वर्ग हेक्टेयर कुल क्षेत्रफल।
11,966.1962 हेक्टेयर में हरियाली।
2025 में हरदोई की अनुमानित जनसंख्या 50,00,000।
विज्ञापन
विश्व पर्यावरण दिवस पर सभी पौधरोपण करते और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेंगे। पौधों को रोपित करने के साथ ही लोगों को प्रेरित और पौधों का वितरण भी करेंगे। पौधों को रोपित और संकल्प मात्र से हरियाली में वृद्धि संभव नहीं दिख रही। पौधाें को रोपित करने के साथ ही उनकी देखभाल भी करनी होगी। वन विभाग के आंकड़ों के अनुसार साल 2022 में जिले में 11,962.141 हेक्टेयर क्षेत्रफल में हरियाली थी, जो साल 2025 के सर्वे में चार हेक्टेयर बढ़कर 11,966.1962 हेक्टेयर हो गई।
विज्ञापन
हरदोई का क्षेत्रफल 5,989 वर्ग किलोमीटर है। पर्यावरण संरक्षण के लिए कम से कम 30 प्रतिशत क्षेत्रफल में हरियाली लाना होगा। साल 2011 की जनगणना में आबादी 41 लाख के आसपास थी, जो अब वृद्धि के अनुमानित आंकड़ों में अब 50 पार हो गई है। हरियाली के मामले में आबादी के अनुपात में क्षेत्रफल में बढ़ोतरी नहीं हो पाई। वन विभाग के आंकड़ों के अनुसार 11,944.1962 हेक्टेयर पर ही हरियाली है। ऐसे में प्रदूषण फैलाने वाले कारकों को कम और हरियाली क्षेत्र बढ़ाने पर ध्यान देना होगा।
विज्ञापन
बढ़ते पक्कीकरण और शहरीकरण ने हरियाली पर लगाया ब्रेक
लोगों में पक्कीकरण और शहरीकरण के प्रति लगाव बढ़ा है। गांवों में भी अब पक्कीकरण बढ़ा है, लोग खेत और बाग तक में मकान बना रहे हैं। शहरों में मकान के मानचित्र तक ही लॉन (हरियाली) सीमित होकर रह गए हैं। मकान के सामने फुटपाथ पर भी पौधरोपण के प्रति कम ही चिंतित दिख रहे। पहले मकानों के बाहर की भूमि पर नीम, आम, जामुन, पाकड़ आदि के पेड़ दिख जाते थे, लेकिन अब पक्का चबूतरा बनाना पसंद करते हैं।
फैक्ट फाइल :
5,989 वर्ग हेक्टेयर कुल क्षेत्रफल।
11,966.1962 हेक्टेयर में हरियाली।
2025 में हरदोई की अनुमानित जनसंख्या 50,00,000।