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बरसात में कहर बरपा रहे मच्छर जनित रोग
ब्यूरो/अमर उजाला, हापुड़
Updated Sat, 03 Sep 2016 08:50 PM IST
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मच्छर
- फोटो : file photo
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जिले में मच्छर जनित रोगों का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। डेंगू के अलावा चिकन गुनिया के कई मामले प्रकाश में आ रहे हैं। प्राइवेट अस्पतालों में मरीजों की भीड़ लगी है और मजे की बात है कि सरकारी आंकड़ों में अभी तक डेंगू और चिकन गुनिया का एक भी मरीज नहीं पाया गया है।
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उधर, भारी भरकम बजट के बावजूद नगर पालिका फागिंग में खानापूर्ति कर रही है। जिले में बुखार से पांच मौत हो चुकी हैं। वायरल व मलेरिया कहर बरपाने के बाद अब डेंगू और चिकन गुनिया के मरीज निजी अस्पतालों में भर्ती हैं। घर घर लोग इस बुखार से तप रहे हैं।
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मच्छरों का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। यह स्थिति तब है जब नगर पालिका का इस वर्ष फागिंग का सालाना बजट 29 लाख रुपये था। लेकिन इस भारी भरकम बजट के बावजूद मामले में खानापूर्ति ही की गयी।
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दरअसल, लोगों का आरोप है कि फागिंग के नाम पर नगर पालिका द्वारा मात्र खानापूर्ति की जा रही है। जिसके कारण इस प्रकार की स्थिति उत्पन्न हुई है। टीचर्स कालोनी निवासी सुनीता वर्मा कहती हैं कि उनकी गली में अभी तक फागिंग नहीं हुई है।
जिसके कारण बीमारियां पैर पसार रही हैं। उन्हें खुद पिछले सात दिन बुखार है। यही हाल दूसरे घरों का भी है। डा. पराग शर्मा कहते हैं कि चिकन गुनिया हालांकि कोई गंभीर बीमारी नहीं है। लेकिन यह काफी पीड़ा दायक है। मरीज को काफी दर्द झेलना पड़ता है।
चिकन गुनिया में मरीज को तेज बुखार होता है। बुखार कम होने पर जोड़ों में दर्द और सूजन आ जाती है। दर्द काफी तेज होता है। दस दिन तक बुखार का प्रभाव रहता है।
डा. पराग शर्मा कहते हैं कि यह बुखार मच्छर के काटने से होता है। लोग इस मौसम में मच्छरदानी का प्रयोग करें और अपने आसपास गंदगी को न पनपने दें।
बुखार के मरीजों से अस्पताल भरे हुए हैं प्राइवेट चिकित्सक लगातार डेंगू और चिकन गुनिया की पुष्टि कर रहे हैं। खुद नगर पालिका के कर्मचारी संजय त्यागी के दो पुत्रों को डेंगू की पुष्टि के बाद कांग्रेस जिलाध्यक्ष सैय्यद अयाजुद्दीन की पुत्री को प्राइवेट चिकित्सक डेंगू की पुष्टि कर चुके हैं।
लेकिन स्वास्थ्य विभाग में अभी डेंगू या चिकन गुनिया का अभी तक खाता भी नहीं खुला है। जिला मलेरिया अधिकारी एचसी डोबाल का कहना है कि जिले में अभी तक डेंगू या चिकन गुनिया का एक भी मामला प्रकाश में नहीं आया है। कुछ चिकित्सक गलत तरीके से डेंगू और चिकन गुनिया की पुष्टि कर रहे हैं।
सीएमओ अविनाश कुमार सिंह का कहना है कि जिले में बुखार की स्थिति नियंत्रण में है। चिकित्सकों को स्पष्ट आदेश दिए गए हैं। डेंगू और चिकन गुनिया का अभी तक कोई मामला सामने नहीं आया है।
अधिशासी अधिकारी संजय मिश्रा का कहना है कि बजट के अनुसार कर्मचारियों को पूरे शहर में फागिंग और साफ सफाई के निर्देश दिए गए थे। अगर कोई लापरवाही हुई है तो उसकी जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।