{"_id":"67c9cadff7628e68630d0cb0","slug":"life-imprisonment-hapur-news-c-135-1-hpr1001-121194-2025-03-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hapur News: हत्या के दोषी पूर्व प्रधान और उसके दो पुत्रों को आजीवन कारावास की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hapur News: हत्या के दोषी पूर्व प्रधान और उसके दो पुत्रों को आजीवन कारावास की सजा
Thu, 06 Mar 2025 09:48 PM IST
गाजियाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हापुड़
संवाद न्यूज एजेंसी, हापुड़
Updated Thu, 06 Mar 2025 09:48 PM IST
विज्ञापन
हापुड़। बहादुरगढ़ थाना क्षेत्र में 24 फरवरी 2016 को चुनावी रंजिश के चलते गांव पूठ निवासी नीरज की हत्या के मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय न्यायालय ने बृहस्पतिवार को फैसला सुनाया। न्यायाधीश ज्ञानेंद्र सिंह यादव ने आरोपी पूर्व ग्राम प्रधान व उसके दो पुत्रों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया।
बहादुरगढ़ थाना क्षेत्र के गांव पूठ निवासी धीरज ने थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें कहा कि उसके गांव का प्रधान दीन मोहम्मद है, जो उसके परिवार से चुनावी रंजिश मानता है। गांव में राशन कार्ड व पेंशन के फार्म भरे जा रहे थे। ग्राम प्रधान दीन मोहम्मद अपने गुट के अपात्र लोगों के गरीबी रेखा के नीचे के कार्ड और धनवान लोगों की पेंशन बनवा रहा था। जिसका विरोध उसके भाई नीरज ने किया।
इसी बात पर दीन मोहम्मद ने उसके भाई को धमकी दी थी कि हम ग्राम प्रधान है, जैसा हम चाहेंगे, वैसा ही होगा। यदि तुम ज्यादा टांग अड़ाओगे तो तुम्हारे लिए ठीक नहीं होगा। 24 फरवरी 2016 की सुबह करीब 11 बजे उसका भाई नीरज बाइक से गढ़ ब्लॉक में किसी काम से गया था। दोपहर को करीब ढाई बजे उसका भाई नीरज गढ़ से गांव आ रहा था। जैसे ही वह डेहरा कुटी पर पहुंचा तो उन्हें और गांव आलमनगर निवासी कर्मवीर उससे मिले थे। जिसके बाद उनका भाई नीरज उनसे आगे-आगे बाइक से घर के लिए जा रहा था। वह भी नीरज के पीछे-पीछे बाइक से चल रहे थे।
विज्ञापन
रास्ते में दो अन्य बाइकों पर सवार दीन मोहम्मद व उसके पुत्र शान मोहम्मद व गुलीहसन और दो अज्ञात बड़ी तेजी से नीरज के पीछे आए। गांव नानई से कुछ आगे प्याऊ के पास उन्होंने नीरज को रोककर गोली मार दी। जिससे नीरज की मौके पर ही मौत हो गई। उनके शोर मचाने पर आरोपी तमंचे लहराते हुए मौके से फरार हो गए।
अन्य आरोपियों के खिलाफ दर्ज हुई थी रिपोट
इस मामले में पुलिस ने परिजनों की तहरीर को दरकिनार करते हुए पुष्पेंद्र, रोबिन व लाला उर्फ अंकुर के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की थी। मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय कोर्ट में चल रही थी। मुकदमे की सुनवाई के दौरान वादी पक्ष की गुहार पर न्यायालय ने दीन मोहम्मद व उसके पुत्र शान मोहम्मद व गुलीहसन को कोर्ट में तलब किया। जिसके बाद छह आरोपियों के खिलाफ सुनवाई शुरू हुई।
मामले की सुनवाई पूरी होने पर न्यायाधीश ज्ञानेंद्र सिंह यादव ने अभियुक्त दीन मोहम्मद, शान मोहम्मद व गुलीहसन को हत्या का दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। वहीं, सुनवाई के दौरान आरोपी पुष्पेंद्र व लाला उर्फ अंकुर की मृत्यु हो गई। वहीं, अन्य आरोपी रोबिन को न्यायालय ने दोषमुक्त कर दिया है।
विज्ञापन
बहादुरगढ़ थाना क्षेत्र के गांव पूठ निवासी धीरज ने थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें कहा कि उसके गांव का प्रधान दीन मोहम्मद है, जो उसके परिवार से चुनावी रंजिश मानता है। गांव में राशन कार्ड व पेंशन के फार्म भरे जा रहे थे। ग्राम प्रधान दीन मोहम्मद अपने गुट के अपात्र लोगों के गरीबी रेखा के नीचे के कार्ड और धनवान लोगों की पेंशन बनवा रहा था। जिसका विरोध उसके भाई नीरज ने किया।
विज्ञापन
इसी बात पर दीन मोहम्मद ने उसके भाई को धमकी दी थी कि हम ग्राम प्रधान है, जैसा हम चाहेंगे, वैसा ही होगा। यदि तुम ज्यादा टांग अड़ाओगे तो तुम्हारे लिए ठीक नहीं होगा। 24 फरवरी 2016 की सुबह करीब 11 बजे उसका भाई नीरज बाइक से गढ़ ब्लॉक में किसी काम से गया था। दोपहर को करीब ढाई बजे उसका भाई नीरज गढ़ से गांव आ रहा था। जैसे ही वह डेहरा कुटी पर पहुंचा तो उन्हें और गांव आलमनगर निवासी कर्मवीर उससे मिले थे। जिसके बाद उनका भाई नीरज उनसे आगे-आगे बाइक से घर के लिए जा रहा था। वह भी नीरज के पीछे-पीछे बाइक से चल रहे थे।
विज्ञापन
रास्ते में दो अन्य बाइकों पर सवार दीन मोहम्मद व उसके पुत्र शान मोहम्मद व गुलीहसन और दो अज्ञात बड़ी तेजी से नीरज के पीछे आए। गांव नानई से कुछ आगे प्याऊ के पास उन्होंने नीरज को रोककर गोली मार दी। जिससे नीरज की मौके पर ही मौत हो गई। उनके शोर मचाने पर आरोपी तमंचे लहराते हुए मौके से फरार हो गए।
अन्य आरोपियों के खिलाफ दर्ज हुई थी रिपोट
इस मामले में पुलिस ने परिजनों की तहरीर को दरकिनार करते हुए पुष्पेंद्र, रोबिन व लाला उर्फ अंकुर के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की थी। मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय कोर्ट में चल रही थी। मुकदमे की सुनवाई के दौरान वादी पक्ष की गुहार पर न्यायालय ने दीन मोहम्मद व उसके पुत्र शान मोहम्मद व गुलीहसन को कोर्ट में तलब किया। जिसके बाद छह आरोपियों के खिलाफ सुनवाई शुरू हुई।
मामले की सुनवाई पूरी होने पर न्यायाधीश ज्ञानेंद्र सिंह यादव ने अभियुक्त दीन मोहम्मद, शान मोहम्मद व गुलीहसन को हत्या का दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। वहीं, सुनवाई के दौरान आरोपी पुष्पेंद्र व लाला उर्फ अंकुर की मृत्यु हो गई। वहीं, अन्य आरोपी रोबिन को न्यायालय ने दोषमुक्त कर दिया है।