{"_id":"5e21fbf98ebc3e4b2f088749","slug":"hapur-news-pilakhwa-news-gbd192394435","type":"story","status":"publish","title_hn":"नगर के नालों पड़ी गंदगी से नगर हुआ दूषित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नगर के नालों पड़ी गंदगी से नगर हुआ दूषित
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नगर के नालों पड़ी गंदगी से नगर हुआ दूषित
पिलखुवा। शहर में कई जगह सफाई न होने के कारण नाले गंदगी से अटे पड़े है, और लोगों के लिए परेशानी का सबब बने हैं। सीवरेज ओवरफ्लो होने से नालों का पानी सड़क और गलियों में फैल रहा है। इस संबंध में जन स्वास्थ्य विभाग एवं पालिका की ओर से कोई कार्रवाई नहीं होने से लोगों में रोष है। वहीं दो दिन पहले हुई हल्की बारिश ने नगर परिषद के पानी निकासी के दावों की पोल खोल दी थी। विभाग की ओर से नालों की मरम्मत का कार्य अभी तक पूरा नहीं करवाया गया है। वहीं कई नाले स्लैब न होने के कारण वाहन चालकों के लिए हादसों का सबब बने हैं।
शहर के दहपा पुलिया और चंडी चौराहे के नाले सफाई न होने के चलते गंदगी से अटे पड़े हैं। कुछ नालों पर लगी दीवार भी टूटी पड़ी हैं। सड़क तंग होने के कारण वहां से गुजरने वाले वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता हैं। गंदगी से अटे होने के कारण इन नालों से दूषित पानी की निकासी भी नहीं हो पा रही है। इससे ओवरफ्लो की समस्या बन रही हैं। नालों से आने वाली दुर्गंध के कारण स्कूल-कॉलेज को आने जाने वाले बच्चों का यहां से गुजरना मुश्किल हो जाता है। इसके अलावा बारिश के दौरान नाला ओवरफ्लो होने से इसका गंदा पानी सड़क पर एकत्र हो जाता है जिसके कारण लोगों को दूसरे रास्ते से आना जाना पड़ता है। समाजसेवी प्रदीप लोहिया का कहना है कि पिछले काफी समय से चंडी चौराहे के पास बने नाला गंदगी से अटे पड़े हैं। नालों से आने वाली दुर्गंध से दुकान में बैठना भी मुश्किल हो गया है। सारा दिन दुर्गंध रहती है। नगर पालिका के कर्मचारियों को सफाई के लिए कई बार अवगत कराया जा चुका हैं, लेकिन समाधान कोई नहीं हो पा रहा है।
विज्ञापन
पिलखुवा। शहर में कई जगह सफाई न होने के कारण नाले गंदगी से अटे पड़े है, और लोगों के लिए परेशानी का सबब बने हैं। सीवरेज ओवरफ्लो होने से नालों का पानी सड़क और गलियों में फैल रहा है। इस संबंध में जन स्वास्थ्य विभाग एवं पालिका की ओर से कोई कार्रवाई नहीं होने से लोगों में रोष है। वहीं दो दिन पहले हुई हल्की बारिश ने नगर परिषद के पानी निकासी के दावों की पोल खोल दी थी। विभाग की ओर से नालों की मरम्मत का कार्य अभी तक पूरा नहीं करवाया गया है। वहीं कई नाले स्लैब न होने के कारण वाहन चालकों के लिए हादसों का सबब बने हैं।
शहर के दहपा पुलिया और चंडी चौराहे के नाले सफाई न होने के चलते गंदगी से अटे पड़े हैं। कुछ नालों पर लगी दीवार भी टूटी पड़ी हैं। सड़क तंग होने के कारण वहां से गुजरने वाले वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता हैं। गंदगी से अटे होने के कारण इन नालों से दूषित पानी की निकासी भी नहीं हो पा रही है। इससे ओवरफ्लो की समस्या बन रही हैं। नालों से आने वाली दुर्गंध के कारण स्कूल-कॉलेज को आने जाने वाले बच्चों का यहां से गुजरना मुश्किल हो जाता है। इसके अलावा बारिश के दौरान नाला ओवरफ्लो होने से इसका गंदा पानी सड़क पर एकत्र हो जाता है जिसके कारण लोगों को दूसरे रास्ते से आना जाना पड़ता है। समाजसेवी प्रदीप लोहिया का कहना है कि पिछले काफी समय से चंडी चौराहे के पास बने नाला गंदगी से अटे पड़े हैं। नालों से आने वाली दुर्गंध से दुकान में बैठना भी मुश्किल हो गया है। सारा दिन दुर्गंध रहती है। नगर पालिका के कर्मचारियों को सफाई के लिए कई बार अवगत कराया जा चुका हैं, लेकिन समाधान कोई नहीं हो पा रहा है।
विज्ञापन