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जिले में नहीं बढ़ेंगे सर्किल रेट, पुरानी दरें ही रहेंगी लागू
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जिले में नहीं बढ़ेंगे सर्किल रेट, पुरानी दरें ही रहेंगी लागू
हापुड़। जिले में जमीन खरीदने की सोच रहे लोगों के लिए राहत भरी खबर है। इस बार भी जिले में लगातार पांचवें साल सर्किल रेंटों में किसी प्रकार का इजाफा नहीं हुआ है, वर्ष 2021-22 का जमीनों का सर्किल रेट ही लागू होगा। जिला प्रशासन के इस निर्णय से में रियल एस्टेट सेक्टर को बूम मिलेगा।
2017 में अंतिम बार सर्किल रेट तय हुए थे। इस बार हुए सर्वे में नव विकसित कॉलोनियों, सड़कों को शामिल किए जाने को लेकर तीस प्रतिशत तक सर्किल रेट बढ़ाने का प्रस्ताव था। लेकिन डीएम मेधा रूपम की अध्यक्षता में आयोजित हुई बैठक में मंथन के बाद इस बार भी सर्किल रेटों में बढ़ोतरी न करने का निर्णय लिया गया है।
स्टांप एवं पंजीयन विभाग की ओर से शहर और देहात में आवासीय, व्यावसायिक जमीनों के दाम अलग-अलग तय किए जाते हैं। इस दाम को सर्किल रेट कहा जाता है। जमीन खरीद के समय इसी सर्किल रेट के आधार पर रसीद शुल्क और स्टांप शुल्क तय होता है। जमीन की कीमत भी उसके आकार के हिसाब से इसी सर्किल रेट के आधार पर तय होती है।
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राजस्व व लोक हित को देखते हुए लिया निर्णय
जिलाधिकारी द्वारा राजस्व व जनहित को देखते हुए वर्तमान में जारी दर सूची को ही अग्रिम आदेशों तक यथावत लागू रखने का निर्णय लिया गया है। रेट न बढने से जिले के लोगों के अलावा उन लोगों को भी राहत मिलेगी, जो यहां आकर जमीन खरीने की सोच रहे हैं।- अरुण शर्मा, एआईजी स्टांप।
एक्सप्रेस वे, हाईवे निर्माण, एचपीडीए की महायोजना से आएगा बूम
जिले से गंगा एक्सप्रेस-वे निकाला जा रहा है। इसके अलावा कई बाईपास भी हापुड़ से होकर निकले हैं। एचपीडीए की महायोजना 2031 भी लागू की जा रही है। ऐसे में सबसे अधिक तेजी की संभावना कृषि भूमि में नजर आ रही थी। सर्किल रेट न बढ़ने पर जिले में रियल एस्टेट में बूम आएगा और खरीद फरोख्त में इजाफा होगा। रजिस्ट्री अधिक होने से सरकार का राजस्व भी बढ़ेगा।
उपनिबंधक कार्यालय को मिला 274.1 करोड़ का लक्ष्य
वित्तीय वर्ष 2022-23 में स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन विभाग ने उपनिबंधक कार्यालय हापुड़ को 274.1 करोड़ रुपये राजस्व प्राप्ति का लक्ष्य दिया है। चार महीने में कार्यालय द्वारा अभी तक 27 प्रतिशत राजस्व का लक्ष्य प्राप्त कर लिया है। अब सर्किल रेटों में बढ़ोत्तरी न होने से इस लक्ष्य को प्राप्त करने में आसानी होगी।
सर्किल प्रथम की पॉश कॉलोनियों के वर्तमान दरें
कॉलोनी सर्किल रेट
अशोक कॉलोनी 24000
अलकापुरम 24000
कबाड़ी बाजार 32000
खिड़की बाजार 31000
पापड़ वाली गली 28500
पुराना बाजार 28500
सब्जी बाजार 30000
ज्ञान लोक 27500
भोला गंज 25000
न्यू आलोक कॉलोनी 25000
इंडियन कोल्ड स्टोरेज 25000
आलोक कॉलोनी 30000
---
सर्किल द्वितीय की पॉश कॉलोनियों के वर्तमान दरें
कॉलोनी रेट
इंद्रलोक कॉलोनी 22000
शिवपुरी 20000
श्रीनगर 20000
कृष्णानगर 10000
केशव विहार 18000
खुर्जा पेच 19000
चंडी मंदिर 15000
त्यागीनगर 20000
देवलोक 15000
नारायण गंज 20000
परमानंद पुरम 22000
पक्का बाग 22000
पटेल नगर 20000
बैंक कॉलोनी (श्रीनगर) 20000
भगवती गंज 22000
रामगंज 20000
रेवती गंज 20000
कृष्णानगर 10000
अर्जुननगर स्वर्ग आश्रम रोड 8500
(नोट : कॉलोनियों के ये रेट हजार रुपये प्रति गज में हैं। सर्किल रेट निबंधन कार्यालय से लिया गया है।)
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हापुड़। जिले में जमीन खरीदने की सोच रहे लोगों के लिए राहत भरी खबर है। इस बार भी जिले में लगातार पांचवें साल सर्किल रेंटों में किसी प्रकार का इजाफा नहीं हुआ है, वर्ष 2021-22 का जमीनों का सर्किल रेट ही लागू होगा। जिला प्रशासन के इस निर्णय से में रियल एस्टेट सेक्टर को बूम मिलेगा।
2017 में अंतिम बार सर्किल रेट तय हुए थे। इस बार हुए सर्वे में नव विकसित कॉलोनियों, सड़कों को शामिल किए जाने को लेकर तीस प्रतिशत तक सर्किल रेट बढ़ाने का प्रस्ताव था। लेकिन डीएम मेधा रूपम की अध्यक्षता में आयोजित हुई बैठक में मंथन के बाद इस बार भी सर्किल रेटों में बढ़ोतरी न करने का निर्णय लिया गया है।
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स्टांप एवं पंजीयन विभाग की ओर से शहर और देहात में आवासीय, व्यावसायिक जमीनों के दाम अलग-अलग तय किए जाते हैं। इस दाम को सर्किल रेट कहा जाता है। जमीन खरीद के समय इसी सर्किल रेट के आधार पर रसीद शुल्क और स्टांप शुल्क तय होता है। जमीन की कीमत भी उसके आकार के हिसाब से इसी सर्किल रेट के आधार पर तय होती है।
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राजस्व व लोक हित को देखते हुए लिया निर्णय
जिलाधिकारी द्वारा राजस्व व जनहित को देखते हुए वर्तमान में जारी दर सूची को ही अग्रिम आदेशों तक यथावत लागू रखने का निर्णय लिया गया है। रेट न बढने से जिले के लोगों के अलावा उन लोगों को भी राहत मिलेगी, जो यहां आकर जमीन खरीने की सोच रहे हैं।- अरुण शर्मा, एआईजी स्टांप।
एक्सप्रेस वे, हाईवे निर्माण, एचपीडीए की महायोजना से आएगा बूम
जिले से गंगा एक्सप्रेस-वे निकाला जा रहा है। इसके अलावा कई बाईपास भी हापुड़ से होकर निकले हैं। एचपीडीए की महायोजना 2031 भी लागू की जा रही है। ऐसे में सबसे अधिक तेजी की संभावना कृषि भूमि में नजर आ रही थी। सर्किल रेट न बढ़ने पर जिले में रियल एस्टेट में बूम आएगा और खरीद फरोख्त में इजाफा होगा। रजिस्ट्री अधिक होने से सरकार का राजस्व भी बढ़ेगा।
उपनिबंधक कार्यालय को मिला 274.1 करोड़ का लक्ष्य
वित्तीय वर्ष 2022-23 में स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन विभाग ने उपनिबंधक कार्यालय हापुड़ को 274.1 करोड़ रुपये राजस्व प्राप्ति का लक्ष्य दिया है। चार महीने में कार्यालय द्वारा अभी तक 27 प्रतिशत राजस्व का लक्ष्य प्राप्त कर लिया है। अब सर्किल रेटों में बढ़ोत्तरी न होने से इस लक्ष्य को प्राप्त करने में आसानी होगी।
सर्किल प्रथम की पॉश कॉलोनियों के वर्तमान दरें
कॉलोनी सर्किल रेट
अशोक कॉलोनी 24000
अलकापुरम 24000
कबाड़ी बाजार 32000
खिड़की बाजार 31000
पापड़ वाली गली 28500
पुराना बाजार 28500
सब्जी बाजार 30000
ज्ञान लोक 27500
भोला गंज 25000
न्यू आलोक कॉलोनी 25000
इंडियन कोल्ड स्टोरेज 25000
आलोक कॉलोनी 30000
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सर्किल द्वितीय की पॉश कॉलोनियों के वर्तमान दरें
कॉलोनी रेट
इंद्रलोक कॉलोनी 22000
शिवपुरी 20000
श्रीनगर 20000
कृष्णानगर 10000
केशव विहार 18000
खुर्जा पेच 19000
चंडी मंदिर 15000
त्यागीनगर 20000
देवलोक 15000
नारायण गंज 20000
परमानंद पुरम 22000
पक्का बाग 22000
पटेल नगर 20000
बैंक कॉलोनी (श्रीनगर) 20000
भगवती गंज 22000
रामगंज 20000
रेवती गंज 20000
कृष्णानगर 10000
अर्जुननगर स्वर्ग आश्रम रोड 8500
(नोट : कॉलोनियों के ये रेट हजार रुपये प्रति गज में हैं। सर्किल रेट निबंधन कार्यालय से लिया गया है।)