{"_id":"61acfb73eb9db402895cac0f","slug":"hapur-news-hapur-news-gbd2305275129","type":"story","status":"publish","title_hn":"निजी अस्पतालों पर फोकस, आज होगी स्टाफ की सैंपलिंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
निजी अस्पतालों पर फोकस, आज होगी स्टाफ की सैंपलिंग
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
निजी अस्पतालों पर फोकस, आज होगी स्टॉफ की सैंपलिंग
हापुड़। देश में कोरोना के नए वैरिएंट के चार केस मिलने के बाद हापुड़ में स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है। संक्रमितों की तलाश के लिए कॉलेजों के बाद अब निजी अस्पतालों और नर्सिंग होम में सोमवार को फोकस सैंपलिंग होगी। 58 टीमें गठित कर दी गई हैं, एक ही दिन में 15 सौ से अधिक लोगों की जांच होगी। पॉजिटिव केस मिलने पर जीनोम सिक्वेंसिंग के लिए सैंपल दिल्ली या लखनऊ भेजे जाएंगे।
प्रदेश सरकार की ओर से कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट को लेकर जारी किए गए अलर्ट के बाद स्वास्थ्य विभाग ने कोरोना की जांच का दायरा बढ़ा दिया है। आमतौर पर प्रतिदिन हो रही 800 से 900 सैंपलिंग में करीब डेढ़ गुने का इजाफा किया गया है। जिले में एक दिसंबर से उच्च शिक्षण संस्थानों में तीन दिन तक कोरोना की जांच की गई। नोडल अधिकारी डॉ जेपी त्यागी ने बताया कि सोमवार को निजी अस्पतालों और नर्सिंग होम में सैंपलिंग किए जाने के निर्देश शासन से मिले हैं। केमिस्ट, नर्सिंग होम, निजी अस्पताल और फिर सरकारी अस्पतालों के स्टॉफ, नर्सिंग स्टॉफ, रजिस्ट्रेशन, बिलिंग, रिसेप्शन, हाउस कीपिंग, मेस स्टॉफ की सैंपलिंग की तैयारी कर ली गई है।
अस्पतालों में कोरोना फैलने का अंदेशा अधिक
स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार मरीज मेडिकल स्टोर से बुखार, सर्दी, जुकाम आदि की दवाएं खरीद लेते हैं। हालत गंभीर होने पर वह अस्पताल पहुंचते हैं। फ्रंटलाइन वर्कर होनेे की वजह से सबसे पहले संदिग्ध संक्रमितों के संपर्क में अस्पताल के कर्मचारी, चिकित्सक और नर्सिंग स्टॉफ रहता है, इसलिए अस्पताल में मौजूद संदिग्ध मरीजों की भी जांच होगी।
विज्ञापन
-फिर कोरोना मुक्त हुआ जिला
जिले में 72 दिन बाद कोरोना का एक एक्टिव मरीज मिला था। इसका इलाज मेरठ में चल रहा था, अब कोविड का असर मरीज पर नहीं है। ऐसे में जिला फिर से कोरोना मुक्त हो गया है।
जिले में कोरोना की स्थिति
कुल जांच-813462
कुल मरीज-12313
स्वस्थ मरीज-12096
एक्टिव मरीज-00
मृतकों की संख्या--216
विज्ञापन
हापुड़। देश में कोरोना के नए वैरिएंट के चार केस मिलने के बाद हापुड़ में स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है। संक्रमितों की तलाश के लिए कॉलेजों के बाद अब निजी अस्पतालों और नर्सिंग होम में सोमवार को फोकस सैंपलिंग होगी। 58 टीमें गठित कर दी गई हैं, एक ही दिन में 15 सौ से अधिक लोगों की जांच होगी। पॉजिटिव केस मिलने पर जीनोम सिक्वेंसिंग के लिए सैंपल दिल्ली या लखनऊ भेजे जाएंगे।
प्रदेश सरकार की ओर से कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट को लेकर जारी किए गए अलर्ट के बाद स्वास्थ्य विभाग ने कोरोना की जांच का दायरा बढ़ा दिया है। आमतौर पर प्रतिदिन हो रही 800 से 900 सैंपलिंग में करीब डेढ़ गुने का इजाफा किया गया है। जिले में एक दिसंबर से उच्च शिक्षण संस्थानों में तीन दिन तक कोरोना की जांच की गई। नोडल अधिकारी डॉ जेपी त्यागी ने बताया कि सोमवार को निजी अस्पतालों और नर्सिंग होम में सैंपलिंग किए जाने के निर्देश शासन से मिले हैं। केमिस्ट, नर्सिंग होम, निजी अस्पताल और फिर सरकारी अस्पतालों के स्टॉफ, नर्सिंग स्टॉफ, रजिस्ट्रेशन, बिलिंग, रिसेप्शन, हाउस कीपिंग, मेस स्टॉफ की सैंपलिंग की तैयारी कर ली गई है।
विज्ञापन
अस्पतालों में कोरोना फैलने का अंदेशा अधिक
स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार मरीज मेडिकल स्टोर से बुखार, सर्दी, जुकाम आदि की दवाएं खरीद लेते हैं। हालत गंभीर होने पर वह अस्पताल पहुंचते हैं। फ्रंटलाइन वर्कर होनेे की वजह से सबसे पहले संदिग्ध संक्रमितों के संपर्क में अस्पताल के कर्मचारी, चिकित्सक और नर्सिंग स्टॉफ रहता है, इसलिए अस्पताल में मौजूद संदिग्ध मरीजों की भी जांच होगी।
विज्ञापन
-फिर कोरोना मुक्त हुआ जिला
जिले में 72 दिन बाद कोरोना का एक एक्टिव मरीज मिला था। इसका इलाज मेरठ में चल रहा था, अब कोविड का असर मरीज पर नहीं है। ऐसे में जिला फिर से कोरोना मुक्त हो गया है।
जिले में कोरोना की स्थिति
कुल जांच-813462
कुल मरीज-12313
स्वस्थ मरीज-12096
एक्टिव मरीज-00
मृतकों की संख्या--216