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डेंगू के सात मरीज मिले, 137 पहुंची संख्या
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डेंगू के सात मरीज मिले, 137 पहुंची संख्या
हापुड़। जिले में डेंगू का प्रकोप कम होने का नाम नहीं ले रहा है। मंगलवार को सात नए मरीज मिले, वहीं एक शिक्षिका की मौत हो गई। जिले में मरीजों की संख्या बढ़कर 137 पहुंच गई है।
अस्पतालों में भर्ती बुखार के हर दूसरे मरीज में डेंगू के लक्षण मिल रहे हैं। निजी लैबों की जांच में डेंगू की पुष्टि हो रही है। लेकिन स्वास्थ्य विभाग एलाइजा टेस्ट को ही मान्यता देता है। निजी लैबों से रोजाना स्वास्थ्य विभाग को 25 से 30 संदिग्धों के सैंपल दिए जा रहे हैं। जिनमें रोजाना औसतन तीन मरीजों में डेंगू के लक्षण मिल रहे हैं।
इसके अलावा वायरल, टायफॉयड का असर भी कम नहीं हो रहा है। गढ़ रोड सीएचसी की ओपीडी में मंगलवार को 1120 मरीज पहुंचे। इनमें 48 को बुखार मिला, जांच में तीन में टायफॉयड की पुष्टि हुई। वहीं हापुड़ के एक निजी स्कूल में शिक्षिका को बुखार से मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि बुखार होने पर निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। अस्पताल के चिकित्सकों ने डेंगू बताया था, जहां इलाज के दौरान मौत हो गई। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने इससे इंकार किया है।
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मरीजों की होगी कोरोना जांच
जिले में कोरोना संक्रमण भले ही लगभग खत्म हो गया हो लेकिन स्वास्थ्य विभाग पूरी सतर्कता बरत रहा है। इन दिनों डेंगू का प्रकोप बढ़ रहा है। बुखार के सैकड़ों मरीज अस्पतालों में आ रहे हैं। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने ऐसे मरीजों की भी कोरोना जांच कराने का निर्णय लिया है। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि अस्पतालों में आने वाले बुखार के सभी मरीजों की कोरोना जांच की जाएगी।
मरीजों को मिल रहा बेहतर उपचार
बुखार के मरीजों को बेहतर उपचार दिया जा रहा है। चिकित्सकों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं, डेंगू के जो मरीज निजी अस्पतालों में भर्ती हैं उनकी भी निगरानी कराई जा रही है। - डॉ. रेखा शर्मा, सीएमओ।
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हापुड़। जिले में डेंगू का प्रकोप कम होने का नाम नहीं ले रहा है। मंगलवार को सात नए मरीज मिले, वहीं एक शिक्षिका की मौत हो गई। जिले में मरीजों की संख्या बढ़कर 137 पहुंच गई है।
अस्पतालों में भर्ती बुखार के हर दूसरे मरीज में डेंगू के लक्षण मिल रहे हैं। निजी लैबों की जांच में डेंगू की पुष्टि हो रही है। लेकिन स्वास्थ्य विभाग एलाइजा टेस्ट को ही मान्यता देता है। निजी लैबों से रोजाना स्वास्थ्य विभाग को 25 से 30 संदिग्धों के सैंपल दिए जा रहे हैं। जिनमें रोजाना औसतन तीन मरीजों में डेंगू के लक्षण मिल रहे हैं।
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इसके अलावा वायरल, टायफॉयड का असर भी कम नहीं हो रहा है। गढ़ रोड सीएचसी की ओपीडी में मंगलवार को 1120 मरीज पहुंचे। इनमें 48 को बुखार मिला, जांच में तीन में टायफॉयड की पुष्टि हुई। वहीं हापुड़ के एक निजी स्कूल में शिक्षिका को बुखार से मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि बुखार होने पर निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। अस्पताल के चिकित्सकों ने डेंगू बताया था, जहां इलाज के दौरान मौत हो गई। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने इससे इंकार किया है।
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मरीजों की होगी कोरोना जांच
जिले में कोरोना संक्रमण भले ही लगभग खत्म हो गया हो लेकिन स्वास्थ्य विभाग पूरी सतर्कता बरत रहा है। इन दिनों डेंगू का प्रकोप बढ़ रहा है। बुखार के सैकड़ों मरीज अस्पतालों में आ रहे हैं। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने ऐसे मरीजों की भी कोरोना जांच कराने का निर्णय लिया है। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि अस्पतालों में आने वाले बुखार के सभी मरीजों की कोरोना जांच की जाएगी।
मरीजों को मिल रहा बेहतर उपचार
बुखार के मरीजों को बेहतर उपचार दिया जा रहा है। चिकित्सकों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं, डेंगू के जो मरीज निजी अस्पतालों में भर्ती हैं उनकी भी निगरानी कराई जा रही है। - डॉ. रेखा शर्मा, सीएमओ।