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चौराहा 57 पर पुलिस चौकी का विरोध करने वाले किसानों पर केस
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चौराहा 57 पर पुलिस चौकी का विरोध करने वाले किसानों पर केस
हापुड़। थाना बाबूगढ़ क्षेत्र के 57 चौराहा पर निर्माणाधीन पुलिस चौकी का विरोध करने वाले ग्रामीणों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए रिपोर्ट दर्ज की है। बृहस्पतिवार को ग्रामीणों ने कब्जा मुक्त कराई भूमि को स्कूल की दान की भूमि बताते हुए हंगामा किया था। इस मामले में 30 नामजद और 12 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
कुछ दिन पहले एसडीएम सत्यप्रकाश और सीओ एसएन वैभव पांडेय ने गांव ककौड़ी के पास चौराहा 57 पर सरकारी भूमि को कब्जा मुक्त कराया था। इस जमीन पर पुलिस चौकी का निर्माण कार्य किया जा रहा है। बृहस्पतिवार को कुछ लोग मौके पर पहुंच गए और यहां चौकी बनाए जाने का विरोध किया। इन लोगों ने चौकी निर्माण के लिए खड़े किए गए पिलर को गिरा दिया था। पुलिस से भी इनकी नोकझोंक हुई थी। ग्रामीणों का कहना था कि यह जमीन एक विद्यालय के लिए दान में दी गई थी, जिसे प्रशासन ने सरकारी बताते हुए कब्जा किया है। वह गांव सपनावत स्थित मंदिर के पास चौकी निर्माण की जिद पर अड़े थे।
आरोप है कि कुछ ग्रामीणों ने इस दौरान पुलिसकर्मियों के साथ अभद्रता कर सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न की। इस मामले में पुलिस ने गांव सिकंदरपुर काकोड़ी निवासी नरेंद्र उर्फ लीलू, देवेंद्र, सौरभ, अरूण, टीनू शर्मा, उमेश, प्रवीण, अमरजीत, बलबीर, नूरपुर की मढ़ैया निवासी रविकरण उर्फ सिंबल, राकेश, सुरेंद्र, मुनेश, अनिल, सतीश, चंद्रवीर, महेश, बाबी, सिंटू, संतू, संजीव, जगत सिंह, कप्तान, उदयवीर, सत्यवीर, उपेंद्र, बब्लू, सचिन, विजेंद्र, इंद्रपाल व 12 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। एसपी दीपक भूकर का कहना है कि प्रशासन ने भूमि को कब्जा मुक्त कराया था, जिसे लेकर कुछ लोगों ने सरकारी कार्य में बाधा डाली, ऐसे में उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
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ग्रामीण बोले, नहीं होने देंगे पुलिस चौकी का निर्माण
पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई को लेकर ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। ग्रामीणों का कहना है कि एसपी ने उन्हें सही कार्रवाई का आश्वासन दिया था। लेकिन उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी गई। ग्रामीण पुलिस चौकी का निर्माण नहीं होने देेंगे।
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हापुड़। थाना बाबूगढ़ क्षेत्र के 57 चौराहा पर निर्माणाधीन पुलिस चौकी का विरोध करने वाले ग्रामीणों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए रिपोर्ट दर्ज की है। बृहस्पतिवार को ग्रामीणों ने कब्जा मुक्त कराई भूमि को स्कूल की दान की भूमि बताते हुए हंगामा किया था। इस मामले में 30 नामजद और 12 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
कुछ दिन पहले एसडीएम सत्यप्रकाश और सीओ एसएन वैभव पांडेय ने गांव ककौड़ी के पास चौराहा 57 पर सरकारी भूमि को कब्जा मुक्त कराया था। इस जमीन पर पुलिस चौकी का निर्माण कार्य किया जा रहा है। बृहस्पतिवार को कुछ लोग मौके पर पहुंच गए और यहां चौकी बनाए जाने का विरोध किया। इन लोगों ने चौकी निर्माण के लिए खड़े किए गए पिलर को गिरा दिया था। पुलिस से भी इनकी नोकझोंक हुई थी। ग्रामीणों का कहना था कि यह जमीन एक विद्यालय के लिए दान में दी गई थी, जिसे प्रशासन ने सरकारी बताते हुए कब्जा किया है। वह गांव सपनावत स्थित मंदिर के पास चौकी निर्माण की जिद पर अड़े थे।
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आरोप है कि कुछ ग्रामीणों ने इस दौरान पुलिसकर्मियों के साथ अभद्रता कर सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न की। इस मामले में पुलिस ने गांव सिकंदरपुर काकोड़ी निवासी नरेंद्र उर्फ लीलू, देवेंद्र, सौरभ, अरूण, टीनू शर्मा, उमेश, प्रवीण, अमरजीत, बलबीर, नूरपुर की मढ़ैया निवासी रविकरण उर्फ सिंबल, राकेश, सुरेंद्र, मुनेश, अनिल, सतीश, चंद्रवीर, महेश, बाबी, सिंटू, संतू, संजीव, जगत सिंह, कप्तान, उदयवीर, सत्यवीर, उपेंद्र, बब्लू, सचिन, विजेंद्र, इंद्रपाल व 12 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। एसपी दीपक भूकर का कहना है कि प्रशासन ने भूमि को कब्जा मुक्त कराया था, जिसे लेकर कुछ लोगों ने सरकारी कार्य में बाधा डाली, ऐसे में उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
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ग्रामीण बोले, नहीं होने देंगे पुलिस चौकी का निर्माण
पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई को लेकर ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। ग्रामीणों का कहना है कि एसपी ने उन्हें सही कार्रवाई का आश्वासन दिया था। लेकिन उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी गई। ग्रामीण पुलिस चौकी का निर्माण नहीं होने देेंगे।