{"_id":"60cf85798ebc3e0f01228859","slug":"hapur-news-hapur-news-gbd220819044","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्वास्थ्य विभाग की टीम घरों पर देगी दस्तक, खोजे जाएंगे मरीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्वास्थ्य विभाग की टीम घरों पर देगी दस्तक, खोजे जाएंगे मरीज
विज्ञापन
amar ujala
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
स्वास्थ्य विभाग की टीम घरों पर देगी दस्तक, खोजे जाएंगे मरीज
हापुड़। कोरोना, बुखार, टीबी के मरीजों की खोज के लिए अब स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर घर दस्तक देंगी। दो सप्ताह से अधिक खांसी वाले मरीज अपने बलगम का सैंपल अवश्य करा लें, ताकि उनके टीबी की जांच हो सकें। आशा व आंगनबाड़ियों से कोई जानकारी न छुपाई जाए। इन्हीं के सर्वे के अनुसार स्वास्थ्य विभाग सुविधाएं मुहैया कराएगा।
कोरोना संक्रमण का खतरा कुछ कम हुआ है। ऐसे में संचारी रोगों का खतरा बढ़ने लगा है। शासन से संचारी रोग नियंत्रण के लिए दस्तक अभियान चलाने के आदेश दिए हैं। जिसे सफल बनाने के लिए अधिकारी बैठकें कर प्लान तैयार करने में जुटे हैं।
इसी क्रम में जिले के अंदर घर घर दस्तक देने की योजना तैयार की गई है। टीम में शामिल आशा व आंगनबाड़ी घर-घर जाकर कोरोना, बुखार, टीबी के मरीजों की तलाश करेंगी। इन रोगों से जुड़ी जानकारी मांगने पर हर परिवार उन्हें सही जानकारी दे, ताकि मरीजों को समय से बेहतर उपचार मिल सके।
विज्ञापन
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. रेखा शर्मा ने बताया कि ऐसे लोग जिन्हें दो सप्ताह से अधिक खांसी है, बलगम आता है, वजन घट रहा है। बुखार दो सप्ताह तक रुका है, रात में सोते समय पसीने आते हैं, तो ऐसे लक्षण वाले लोग अपनी टीबी की जांच अवश्य करा लें।
पीपीएम समन्वयक सुशील चौधरी ने बताया कि टीबी बीमारी से ग्रसित व्यक्ति को इलाज के दौरान छह महीने तक 500 रुपये विभाग द्वारा दिए जाएंगे। ताकि इससे मरीज का पोषण हो सके। यह पैसा सीधे उनके खातों में पहुंचेगा।
विज्ञापन
हापुड़। कोरोना, बुखार, टीबी के मरीजों की खोज के लिए अब स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर घर दस्तक देंगी। दो सप्ताह से अधिक खांसी वाले मरीज अपने बलगम का सैंपल अवश्य करा लें, ताकि उनके टीबी की जांच हो सकें। आशा व आंगनबाड़ियों से कोई जानकारी न छुपाई जाए। इन्हीं के सर्वे के अनुसार स्वास्थ्य विभाग सुविधाएं मुहैया कराएगा।
कोरोना संक्रमण का खतरा कुछ कम हुआ है। ऐसे में संचारी रोगों का खतरा बढ़ने लगा है। शासन से संचारी रोग नियंत्रण के लिए दस्तक अभियान चलाने के आदेश दिए हैं। जिसे सफल बनाने के लिए अधिकारी बैठकें कर प्लान तैयार करने में जुटे हैं।
विज्ञापन
इसी क्रम में जिले के अंदर घर घर दस्तक देने की योजना तैयार की गई है। टीम में शामिल आशा व आंगनबाड़ी घर-घर जाकर कोरोना, बुखार, टीबी के मरीजों की तलाश करेंगी। इन रोगों से जुड़ी जानकारी मांगने पर हर परिवार उन्हें सही जानकारी दे, ताकि मरीजों को समय से बेहतर उपचार मिल सके।
विज्ञापन
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. रेखा शर्मा ने बताया कि ऐसे लोग जिन्हें दो सप्ताह से अधिक खांसी है, बलगम आता है, वजन घट रहा है। बुखार दो सप्ताह तक रुका है, रात में सोते समय पसीने आते हैं, तो ऐसे लक्षण वाले लोग अपनी टीबी की जांच अवश्य करा लें।
पीपीएम समन्वयक सुशील चौधरी ने बताया कि टीबी बीमारी से ग्रसित व्यक्ति को इलाज के दौरान छह महीने तक 500 रुपये विभाग द्वारा दिए जाएंगे। ताकि इससे मरीज का पोषण हो सके। यह पैसा सीधे उनके खातों में पहुंचेगा।