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जिलाध्यक्ष व पदाधिकारी का फोन पर अपशब्द कहते हुए ऑडियो वायरल
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जिलाध्यक्ष व पदाधिकारी का फोन पर अपशब्द कहते हुए ऑडियो वायरल
हापुड़। समाजवादी पार्टी के बीच जिलाध्यक्ष बदलने के बाद से जारी गुटबंदी शुक्रवार को थाने तक पहुंच गई। सपा के वर्तमान जिलाध्यक्ष और धौलाना विधानसभा से जुड़े एक पदाधिकारी का एक दूसरे को अपशब्द कहते हुए ऑडियो वायरल होने के बाद जिलाध्यक्ष ने दूसरे पक्ष के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
समाजवादी पार्टी में तेजपाल प्रमुख को जिलाध्यक्ष बनाए जाने के बाद कुछ लोगों द्वारा इसका विरोध किया जा रहा था। बताया जा रहा है कि विरोध कर रहे बहुत से कार्यकर्ता अब तेजपाल खेमे में हैं, लेकिन गुटबंदी अभी भी जारी है। बृहस्पतिवार को जिलाध्यक्ष तेजपाल प्रमुख के नेतृत्व में धौलाना क्षेत्र में कृषि कानून के विरोध में नियमित रूप से जारी कार्यक्रम था। इसी को लेकर सपा यूथ ब्रिगेड के पूर्व प्रदेश सचिव हसीन चौधरी सपा जिलाध्यक्ष पर कुछ पुराने कार्यकर्ताओं पर उपेक्षा करने का आरोप लगा रहे थे। इसी को लेकर दोनों की फोन पर बात हुई। फोन पर दोनों पक्षों में बहस हो गई। दोनों के बीच फोन पर हुई गरमागर्मी का ऑडियो हसीन चौधरी ने वायरल कर दिया। इस मामले में सपा जिलाध्यक्ष की तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने आरोपी हसीन चौधरी के खिलाफ जाति सूचक शब्दों का प्रयोग करने, जान से मारने की धमकी देने संबंधी धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया है। नगर कोतवाली पुलिस ने आरोपी हसीन चौधरी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
सपा जिलाध्यक्ष तेजपाल प्रमुख का कहना है कि हसीन चौधरी जिले में भाजपा के साथ मिलकर कार्य कर रहे थे। वर्तमान में उनका पार्टी से कोई लेना देना नहीं है। इसके बावजूद उनके द्वारा उन्हें फोन कर अपशब्द कहे गए।
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वहीं हसीन चौधरी के पार्टनर शहजाद चौधरी का कहना है कि जिलाध्यक्ष द्वारा खुद हसीन के साथ अपशब्दों का प्रयोग किया गया और उल्टे उसी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया। जबकि पुलिस ने उनकी तहरीर पर कार्रवाई नहीं की। जिलाध्यक्ष के विरोध में समाज के लोगों द्वारा बहिष्कार कराया जाएगा।
कोतवाली निरीक्षक सुबोध कुमार सक्सेना का कहना है कि जिलाध्यक्ष की ओर से दी गई तहरीर पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। दूसरे पक्ष की ओर से कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है।
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हापुड़। समाजवादी पार्टी के बीच जिलाध्यक्ष बदलने के बाद से जारी गुटबंदी शुक्रवार को थाने तक पहुंच गई। सपा के वर्तमान जिलाध्यक्ष और धौलाना विधानसभा से जुड़े एक पदाधिकारी का एक दूसरे को अपशब्द कहते हुए ऑडियो वायरल होने के बाद जिलाध्यक्ष ने दूसरे पक्ष के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
समाजवादी पार्टी में तेजपाल प्रमुख को जिलाध्यक्ष बनाए जाने के बाद कुछ लोगों द्वारा इसका विरोध किया जा रहा था। बताया जा रहा है कि विरोध कर रहे बहुत से कार्यकर्ता अब तेजपाल खेमे में हैं, लेकिन गुटबंदी अभी भी जारी है। बृहस्पतिवार को जिलाध्यक्ष तेजपाल प्रमुख के नेतृत्व में धौलाना क्षेत्र में कृषि कानून के विरोध में नियमित रूप से जारी कार्यक्रम था। इसी को लेकर सपा यूथ ब्रिगेड के पूर्व प्रदेश सचिव हसीन चौधरी सपा जिलाध्यक्ष पर कुछ पुराने कार्यकर्ताओं पर उपेक्षा करने का आरोप लगा रहे थे। इसी को लेकर दोनों की फोन पर बात हुई। फोन पर दोनों पक्षों में बहस हो गई। दोनों के बीच फोन पर हुई गरमागर्मी का ऑडियो हसीन चौधरी ने वायरल कर दिया। इस मामले में सपा जिलाध्यक्ष की तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने आरोपी हसीन चौधरी के खिलाफ जाति सूचक शब्दों का प्रयोग करने, जान से मारने की धमकी देने संबंधी धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया है। नगर कोतवाली पुलिस ने आरोपी हसीन चौधरी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
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सपा जिलाध्यक्ष तेजपाल प्रमुख का कहना है कि हसीन चौधरी जिले में भाजपा के साथ मिलकर कार्य कर रहे थे। वर्तमान में उनका पार्टी से कोई लेना देना नहीं है। इसके बावजूद उनके द्वारा उन्हें फोन कर अपशब्द कहे गए।
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वहीं हसीन चौधरी के पार्टनर शहजाद चौधरी का कहना है कि जिलाध्यक्ष द्वारा खुद हसीन के साथ अपशब्दों का प्रयोग किया गया और उल्टे उसी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया। जबकि पुलिस ने उनकी तहरीर पर कार्रवाई नहीं की। जिलाध्यक्ष के विरोध में समाज के लोगों द्वारा बहिष्कार कराया जाएगा।
कोतवाली निरीक्षक सुबोध कुमार सक्सेना का कहना है कि जिलाध्यक्ष की ओर से दी गई तहरीर पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। दूसरे पक्ष की ओर से कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है।