फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hapur News ›   ुलंदशहर नहर में मिले छात्रा के शव के मामले ने तूल पकड़ा

ुलंदशहर नहर में मिले छात्रा के शव के मामले ने तूल पकड़ा

Sun, 23 Sep 2018 11:40 PM IST
Updated Sun, 23 Sep 2018 11:40 PM IST
विज्ञापन
ुलंदशहर नहर में मिले छात्रा के शव के मामले ने तूल पकड़ा
बुलंदशहर नहर में मिले छात्रा के शव के मामले ने पकड़ा तूल
विज्ञापन

गढ़मुक्तेश्वर। बुलंदशहर नहर में मिले सिंभावली की छात्रा के शव का मामला तूल पकड़ने लगा है। एक माह बीतने के बाद सिंभावली पुलिस ने छात्रा की हत्या कर सबूत मिटाने के मकसद से उसका शव नहर में फेंकने का केस दर्ज किया है।
सिंभावली क्षेत्र के गांव खुड़लिया के जितेंद्र की बेटी मनु एमए की छात्रा थी, जो 15 जुलाई की सुबह को संदिग्ध दशा में लापता हो गई थी। काफी खोजबीन के बाद भी कोई सुराग न लगने पर छात्रा के पिता ने पुलिस को सूचना देकर सिंभावली थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। चार दिन बाद जनपद बुलंदशहर के थाना कोतवाली देहात क्षेत्र से जुड़े गांव कमालपुर की नहर से एक अज्ञात युवती का शव बरामद हुआ था, जिसकी सूचना मिलने पर पहुंचे परिजनों ने शव की शिनाख्त अपनी लापता बेटी मनु के रूप में की थी। इसके बाद बुलंदशहर पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेज दिया था, जिसकी रिपोर्ट में छात्रा मनु की गला दबाकर हत्या करने के बाद ही शव को नहर में फेंके जाने की पुष्टि की गई थी। मृतका के परिजन तभी से बुलंदशहर की देहात कोतवाली और सिंभावली थाने के चक्कर काटते घूम रहे थे, लेकिन कोई सुनवाई न होने से छात्रा की मौत का रहस्य अनसुलझी पहेली बना हुआ था। रविवार को सिंभावली पुलिस ने छात्रा मनु की हत्या कर उसका शव नहर में फेंकने वाले अज्ञात कातिलों के खिलाफ केस दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है। इंस्पेक्टर दिनेश यादव ने बताया कि मनु हत्याकांड में अज्ञात हत्यारोपीयो के खिलाफ हत्या करने के बाद सबूत मिटाने को शव नहर में फेंकने का केस दर्ज कर पुलिस सभी संभावित पहलुओं के आधार पर विवेचना कर रही है।
विज्ञापन


चर्चाओं का बाजार गरम
- कातिल कौन थे और किस लिए उन्होंने मासूम छात्रा की गला दबाकर हत्या करने के बाद उसके शव को करीब 50 किलोमीटर दूर बुलंदशहर जनपद के दूरस्थ इलाके में ले जाकर नहर में फेंका था। फिलहाल यह सवाल पुलिस के लिए अनसुलझी पहेली बनने के साथ ही परिजन और ग्रामीणों में चर्चा का मुख्य विषय बना हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed