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नहर पटरी के जंगल में आग लगने से हड़कंप मचा
Updated Sun, 11 Feb 2018 12:09 AM IST
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नहर पटरी के जंगल में आग लगने से हड़कंप
गढ़मुक्तेश्वर। नहर पटरी के जंगल में आग लगने से लाखों कीमत की बींड और फूंस जलकर राख हो गया। जबकि किसानों की कड़ी मशक्कत से आसपास में खड़ी गन्ने की सैकड़ों बीघा फसल चपेट में आने से बच गई।
गांव बदरखा के पास हाईवे से होकर निकल रही मध्य गंग नहर की पटरी से जुड़े जंगल में शनिवार दोपहर में करीब डेढ़ बजे अज्ञात कारणों से आग लग गई, जो कुछ ही देर में सैकड़ों मीटर परिधि में फैल गई। इससे नहर पटरी पर खड़ी बींड समेत लाखों रुपये कीमत का सरकारी फूंस जलकर राख हो गया, जबकि नहर महकमे के तत्वावधान में लगाए गए छायादार दर्जनों पौधे भी आग की चपेट में आकर बुरी तरह झुलस गए। धुएं का गुबार और आग की लपट उठती देख आसपास के खेतों में कामकाज कर रहे गांव बदरखा, अठसैनी और बिहूनी के दर्जनों किसान मौके पर पहुंच गए। उन्होंने कड़ी मशक्कत के बाद नहर पटरी से होकर खेतों की तरफ बढ़ रही आग पर काबू पा लिया। इससे आसपास के जंगल में खड़ी गन्ने की सैकड़ों बीघा फसल आग की चपेट में आकर बर्बाद होने से बच गई। ताहिर, हसनैन, वीरपाल, जयवीर ने नहर पटरी पर लगी आग को शरारती तत्वों से जुड़ी करतूत होने की आशंका जता सिंचाई महकमे से जांच कराकर हकीकत सामने आने पर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई भी कराने की गुहार लगाई है। इस संबंध में कई बार कॉल की गई, लेकिन मध्य गंग नहर महकमे से जुड़े किसी भी अधिकारी-कर्मचारी ने उसे रिसीव नहीं किया।
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गढ़मुक्तेश्वर। नहर पटरी के जंगल में आग लगने से लाखों कीमत की बींड और फूंस जलकर राख हो गया। जबकि किसानों की कड़ी मशक्कत से आसपास में खड़ी गन्ने की सैकड़ों बीघा फसल चपेट में आने से बच गई।
गांव बदरखा के पास हाईवे से होकर निकल रही मध्य गंग नहर की पटरी से जुड़े जंगल में शनिवार दोपहर में करीब डेढ़ बजे अज्ञात कारणों से आग लग गई, जो कुछ ही देर में सैकड़ों मीटर परिधि में फैल गई। इससे नहर पटरी पर खड़ी बींड समेत लाखों रुपये कीमत का सरकारी फूंस जलकर राख हो गया, जबकि नहर महकमे के तत्वावधान में लगाए गए छायादार दर्जनों पौधे भी आग की चपेट में आकर बुरी तरह झुलस गए। धुएं का गुबार और आग की लपट उठती देख आसपास के खेतों में कामकाज कर रहे गांव बदरखा, अठसैनी और बिहूनी के दर्जनों किसान मौके पर पहुंच गए। उन्होंने कड़ी मशक्कत के बाद नहर पटरी से होकर खेतों की तरफ बढ़ रही आग पर काबू पा लिया। इससे आसपास के जंगल में खड़ी गन्ने की सैकड़ों बीघा फसल आग की चपेट में आकर बर्बाद होने से बच गई। ताहिर, हसनैन, वीरपाल, जयवीर ने नहर पटरी पर लगी आग को शरारती तत्वों से जुड़ी करतूत होने की आशंका जता सिंचाई महकमे से जांच कराकर हकीकत सामने आने पर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई भी कराने की गुहार लगाई है। इस संबंध में कई बार कॉल की गई, लेकिन मध्य गंग नहर महकमे से जुड़े किसी भी अधिकारी-कर्मचारी ने उसे रिसीव नहीं किया।
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