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किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार की आवश्यकता
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किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार की आवश्यकता
हापुड़। लोकसभा चुनाव को लेकर क्षेत्र के गांव दयानतपुर में रविवार को चुनावी चौपाल का आयोजन किया गया। ग्रामीणों ने कहा कि वे ऐसा सांसद व सरकार चाहते हैं जो किसानों की आर्थिक स्थिति को सुधारे और उनके बच्चों के लिए बेहतर भविष्य सुनिश्चित करे।
चौपाल में ग्रामीणों का कहना था कि हमारा देश कृषि प्रधान देश है, फिर भी यहां का किसान तिल तिल मरने को मजबूर है। इसका कारण यह है कि किसानों को फसलों का मुनासिब दाम नहीं मिल रहा है और गन्ना का भुगतान भी शुगर मिलों की मनमर्जी पर ही टीका है।
योगेंद्र सिंह का कहना है कि सांसद ऐसा हो जो क्षेत्र के किसानों की समस्याओं को शासन तक पहुंचाए और उसका निस्तारण कराए। क्षेत्र के विकास की ओर भी ध्यान दिया जाना चाहिए।
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ऋषिपाल का कहना है कि गन्ने का किसानों को नकद भुगतान व फसलों का मुनासिब दाम मिले, वह ऐसी सरकार व सांसद का चयन चाहते हैं। इसके अलावा क्षेत्र में स्टेडियम बनवाया जाए।
विनोद कुमार का कहना है कि देश की तरक्की का मार्ग गांवों के बीच से होकर ही निकलता है। देश के विकास से पहले किसानों का उत्थान जरूरी है। सांसद वो हो जो इस ओर विचार करे।
ग्राम प्रधान किशनपाल का कहना है कि उनका सांसद ऐसा हो जो किसानों की आवाज सुने और उनकी हर समस्या का निस्तारण कराए। किसानों का दुख, दर्द सुनने वाला ही उनका सांसद हो सकता है।
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हापुड़। लोकसभा चुनाव को लेकर क्षेत्र के गांव दयानतपुर में रविवार को चुनावी चौपाल का आयोजन किया गया। ग्रामीणों ने कहा कि वे ऐसा सांसद व सरकार चाहते हैं जो किसानों की आर्थिक स्थिति को सुधारे और उनके बच्चों के लिए बेहतर भविष्य सुनिश्चित करे।
चौपाल में ग्रामीणों का कहना था कि हमारा देश कृषि प्रधान देश है, फिर भी यहां का किसान तिल तिल मरने को मजबूर है। इसका कारण यह है कि किसानों को फसलों का मुनासिब दाम नहीं मिल रहा है और गन्ना का भुगतान भी शुगर मिलों की मनमर्जी पर ही टीका है।
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योगेंद्र सिंह का कहना है कि सांसद ऐसा हो जो क्षेत्र के किसानों की समस्याओं को शासन तक पहुंचाए और उसका निस्तारण कराए। क्षेत्र के विकास की ओर भी ध्यान दिया जाना चाहिए।
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ऋषिपाल का कहना है कि गन्ने का किसानों को नकद भुगतान व फसलों का मुनासिब दाम मिले, वह ऐसी सरकार व सांसद का चयन चाहते हैं। इसके अलावा क्षेत्र में स्टेडियम बनवाया जाए।
विनोद कुमार का कहना है कि देश की तरक्की का मार्ग गांवों के बीच से होकर ही निकलता है। देश के विकास से पहले किसानों का उत्थान जरूरी है। सांसद वो हो जो इस ओर विचार करे।
ग्राम प्रधान किशनपाल का कहना है कि उनका सांसद ऐसा हो जो किसानों की आवाज सुने और उनकी हर समस्या का निस्तारण कराए। किसानों का दुख, दर्द सुनने वाला ही उनका सांसद हो सकता है।