फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hapur News ›   कस्तला के किसानों को आयकर विभाग ने भेजे लाखों के नोटिस

कस्तला के किसानों को आयकर विभाग ने भेजे लाखों के नोटिस

Wed, 17 Jan 2018 12:12 AM IST
Updated Wed, 17 Jan 2018 12:12 AM IST
विज्ञापन
कस्तला के किसानों को आयकर विभाग ने भेजे लाखों के नोटिस
कस्तला के किसानों को आयकर विभाग ने भेजे लाखों के नोटिस
विज्ञापन


हापुड़। दस साल पहले एक विश्वविद्यालय को जमीन बेचने वाले कस्तला गांव के करीब 30 किसानों को आयकर विभाग ने लाखों रुपये के नोटिस जारी किए हैं। कुछ किसानों को तो 60 लाख रुपये तक के नोटिस पहुंचे हैं। इससे किसानों में हड़कंप मच गया है। किसानों ने आयकर विभाग पर शोषण का आरोप लगाते हुआ कहा कि यदि वह अपनी सभी संपत्ति बेच दें तो भी इतना टैक्स जमा नहीं कर सकेंगे। आयकर विभाग का कहना है कि रजिस्ट्री में अंकित राशि से कहीं अधिक खाते में पैसा आने पर यह कार्रवाई की गई है।
मई 2007 में गांव कस्तला के करीब 30 किसानों ने एक विश्वविद्यालय को करीब 300 बीघा जमीन बेची थी। उसके बाद किसानों ने एक मुश्त पैसा बैंकों में जमा कर दिया था। बहुत से किसानों ने इस पैसे से खेती के लिए जमीन खरीद ली थी, कुछ ने मकान भी बनाए। जमीन बिकने के बाद अच्छा पैसा मिलने पर किसान सुखद जीवन व्यतीत कर रहे थे, लेकिन दस साल बाद अचानक आयकर विभाग से नोटिस जारी होने पर उनकी नींद उड़ गई। क्योंकि इनमें कई नोटिस 40 से 60 लाख रुपये के हैं। अन्य किसानों को भी 10-10 लाख रुपये तक के नोटिस मिले हैं।
विज्ञापन

सर्किल रेट से ज्यादा पैसा लेने में फंसे
जानकारी के अनुसार विश्वविद्यालय ने किसानों की जमीन की रजिस्ट्री सर्किल रेट पर कराई थी। लेकिन किसानों को पैसा सर्किल रेट से काफी ज्यादा दिया गया। इसी वजह से किसानों को नोटिस जारी किए जाने की बताई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

कई किसान तोड़ चुके हैं दम
विश्वविद्यालय को जमीन देने के बाद गांव के राजपाल सिंह, सोहन दास, अमी सिंह की मौत हो चुकी है, जबकि संतपाल सिंह, उर्मिला, रामवीर सिंह, ब्रह्मपाल सिंह डिप्रेशन में हैं।
इन किसानों को मिले नोटिस
कस्तला गांव में कुलदीप को 40 लाख, रविंद्र को 11 लाख, राजकुमार को 6.69 लाख, रेखा को 9.83 लाख, राजेश चौहान को 8.61 लाख, राजपाल सिंह को 5.33 लाख, सोहनदास को 6.29 लाख, पवन कुमार को 15.71 लाख, मुन्नी देवी को 7.83 लाख रुपये आयकर देेने का नोटिस जारी किया गया है।
तहसील से 8 किलोमीटर के दायरे
से बाहर जमीन पर नहीं है टैक्स
एक अधिवक्ता का दावा है कि तहसील से 8 किलोमीटर के दायरे से बाहर यदि किसान कोई जमीन बेचता है तो उसके एवज में मिले पैसों पर आयकर नहीं लगता है। इन किसानों पर टैक्स सर्किल रेट से ऊपर मिलने वाले पैसे पर लगना बताया जा रहा है।
क्या कहते हैं किसान
किसान राजकुमार का कहना है कि 10 साल पहले उसने 12 बीघा जमीन बेची थी। अब आयकर विभाग ने उसे 6.69 लाख रुपये का नोटिस जारी किया है। इससे परिवार आर्थिक संकट में फंस गया है।
किसान कुलदीप का कहना है कि उसने 28 बीघा जमीन विश्वविद्यालय को दी थी। उसे आयकर विभाग से 40 लाख रुपये का नोटिस मिला है। वह अपनी सारी संपत्ति बेच दें तो भी इतना टैक्स जमा नहीं कर सकते।
किसान रविंद्र का कहना है कि उसने 34 बीघा जमीन बेची थी। उन्हें यह जानकारी थी कि जमीन बेचने पर मिलने वाले पैसे पर इनकम टैक्स नहीं लगता, लेकिन आयकर विभाग से 11 लाख रुपये का नोटिस मिला है।

जिला आयकर अधिकारी राम सुहावन ने बताया कि कस्तला के किसानों को नोटिस भेजे गए हैं। यह नोटिस किसानों के खाते में आए उस पैसे के लिए भेजे गए हैं, जो रजिस्ट्री में अंकन राशि से अधिक पैसा उनके खाते में भेजा गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed