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कर्ज में डूबे किसान ने खुद को गोली से उड़ाया
अमर उजाला ब्यूरो, हमीरपुर
Updated Fri, 21 Oct 2016 11:58 PM IST
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रोते बिलखते मृतक के परिजन।
- फोटो : amarujala
थानाक्षेत्र के मौहर गांव में कर्ज से डूबे किसान ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। मृतक की पत्नी ने बैंक अधिकारियों पर कर्ज वापस करने का दबाव बनने का आरोप लगाकर तहरीर दी है। थानाध्यक्ष ने मामले की जांचकर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
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एक दशक से बुंदेलखंड में दैवी आपदाओं के चलते किसान बेहाल है। बैंकाें से लिया कर्ज वापस न करने से लगातार उन पर दबाव बढ़ रहा है। जिससे किसान विचलित होकर आत्महत्या करने को मजबूर हो रहा है। मौहर गांव निवासी बहुगुणा (32) पुत्र प्रहृलाद के पास 11 बीघा जमीन है। उसने 2006 में इलाहाबाद बैंक की मुंडेरा शाखा से कर्ज लेकर ट्रैक्टर लिया था। इसके अलावा केसीसी भी बनवाया था। दैवी आपदा के चलते फसलें बर्बाद होने से वह समय से कर्ज चुकाने में असमर्थ रहा।
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जिससे कर्ज लगभग दस लाख तक पहुंच गया। जिससे परेशान होकर उसने बीती रात तड़के करीब तीन बजे खुद को तमंचे से गोली मारकर आत्महत्या कर ली। पत्नी संध्या ने बताया कि गोली मारने की आवाज सुनकर वह मौके पर पहुंची और परिजनों के साथ पति को लेकर सदर अस्पताल पहुंची। लेकिन चिकित्सकाें ने उसे मृत घोषित कर दिया। पत्नी ने पुलिस को तहरीर दी कि उसके पति पर बैंक का दस लाख कर्ज है। जिसकी वसूली के लिए बैंक अधिकारी अक्सर पति को परेशान करते थे।
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जिससे वह मानसिक रूप से परेशान रहने लगे। बीती रात इसी जद्दोजहद के चलते उन्होंने गोली मारकर आत्महत्या कर ली। किसान द्वारा आत्महत्या किए जाने पर पत्नी सहित परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। उधर थानाध्यक्ष केएन सिंह ने बताया कि मृतक की पत्नी ने तहरीर देकर बैंक अधिकारियों पर दबाव बनाने का आरोप लगाया है। मामले की जांचकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उधर बैंक के एलडीम एसके साहू का कहना है कि आरोप निराधार हैं बैंकों से जबरन ऋण वसूली नहीं की जा रही है। फिर भी वह इस मामले को देखेंगे।