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मजार पर चादर चढ़ा शहीदों के लिए की दुआ
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Fri, 04 Nov 2016 12:34 AM IST
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चादर पोसी के लिए जाते अकीदतमन्द ।
- फोटो : Rajesh Kumar
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गोलघर स्थित प्रसिद्ध हजरत बाबा तोता-मैना शाह का सालाना उर्स पाक बृहस्पतिवार को बड़े ही अकीदत और धूमधाम से मनाया गया। बाबा की चादर और गागर का एक शाही जुलूस तोता मैना माजार से निकलकर गणेश चौक, नेशनल मेडिकल, काली मंदिर गोलघर, नक्को बाबा मजार, तिवारीजी हाता, सुमेर सागर, विजय चौक, सिनेमा रोड होते हुए पुन: मजार पर आकर समाप्त हुआ। जुलूस में दो दर्जन घोड़े, एक दर्जन बग्घी, बैंड बाजे, आकर्षक झाकियाें के साथ चल रहे थे। मजार पर चादर चढ़ाकर शहीदों के मगफिरत के लिए दुआ की गई।
कमेटी के सचिव फेरहाजुल सेराज ने बताया कि तोता मैना मजार हमेशा हिंदू-मुस्लिम एकता की प्रतीक रही है। कमेटी अध्यक्ष मो. सलीम बख्श ने तोता मैना मजार के बारे में बताया कि प्राचीन काल में बाबा के निकट बहुत अधिक संख्या में तोता और मैना पक्षी रहते थे। उन पक्षियों से बाबा बहुत प्रेम करते थे। इस वजह से मजार का नाम तोता-मैना पड़ा।
इस मौके पर डॉ. एम सेराज सलमानीस, अब्दुल्लाह, मोहतशीम कबीर, इकरार अहमद, मास्टर राजन, मोहम्मद आरिफ, शेरू, शादाब आदि मौजूद रहे। इधर सामाजिक संस्था वी फॉर अस के अध्यक्ष अजीम सलमानी ने बताया कि संस्था की ओर से मजार पर चादर चढ़ा करके शहीदों की मगफिरत के लिए दुआ की गई। इस मौके पर फेरहाजुल सेराज, हाजी कमाल, बंटू भाई, काशिफ खां, विपिन वर्मा, स्वाति लखमानी, श्वेता, नेहा, ग्यास, कर्मचंद, समीर, रश्मि, जागृति, रोमा, आजाद पांडेय आदि मौजूद रहे।
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कमेटी के सचिव फेरहाजुल सेराज ने बताया कि तोता मैना मजार हमेशा हिंदू-मुस्लिम एकता की प्रतीक रही है। कमेटी अध्यक्ष मो. सलीम बख्श ने तोता मैना मजार के बारे में बताया कि प्राचीन काल में बाबा के निकट बहुत अधिक संख्या में तोता और मैना पक्षी रहते थे। उन पक्षियों से बाबा बहुत प्रेम करते थे। इस वजह से मजार का नाम तोता-मैना पड़ा।
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इस मौके पर डॉ. एम सेराज सलमानीस, अब्दुल्लाह, मोहतशीम कबीर, इकरार अहमद, मास्टर राजन, मोहम्मद आरिफ, शेरू, शादाब आदि मौजूद रहे। इधर सामाजिक संस्था वी फॉर अस के अध्यक्ष अजीम सलमानी ने बताया कि संस्था की ओर से मजार पर चादर चढ़ा करके शहीदों की मगफिरत के लिए दुआ की गई। इस मौके पर फेरहाजुल सेराज, हाजी कमाल, बंटू भाई, काशिफ खां, विपिन वर्मा, स्वाति लखमानी, श्वेता, नेहा, ग्यास, कर्मचंद, समीर, रश्मि, जागृति, रोमा, आजाद पांडेय आदि मौजूद रहे।
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