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बॉयोडीजल बनाने का झांसा देकर 1.98 करोड़ हड़पे
Mon, 07 Jan 2019 01:06 AM IST
ajay Kumar
अमर उजाला/गाोरख्ापुर
अमर उजाला/गाोरख्ापुर
Published by: ajay Kumar
Updated Mon, 07 Jan 2019 01:06 AM IST
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गोरखपुर। शहर के चार फाटक के पास एक कंपनी खोलकर बॉयोडीजल बनाने का झांसा देकर 1.98 करोड़ रुपये हड़पने का मामला सामने आया है। कैंट पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर कंपनी के डायरेक्टर समेत पांच के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
खोराबार के सूबा बाजार निवासी बेचन सिंह के मुताबिक 2008 में कंपनी की स्थापना की गई। गोरखपुर मंडल के सभी जिले में जेट्रोफ व करंज उत्पादन की मदद से बॉयो डीजल बनाने का झांसा दिया गया। लोगों को निवेश करने संबंधी शर्तों पर करार कराया। करीब 224 लोगों के 1.98 करोड़ रुपये कंपनी में फंसे है।
आरोप है कि कंपनी ने गंगा कावेरी के नाम से काम शुरू किया। बाद में 30 मई 2000 को जीसी डेरी इंडिया लिमिटेड की स्थापना और फिर 2005 में जीसीए मार्केटिंग प्राइवेट लिमिटेड, 2013 में फाउना और ट्राइगो वर्तमान में ग्रामीण विकास परपज सोसाइटी नाम से कंपनी काम कर रही है। पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर सीएमडी प्रीतम सिंह, डायरेक्टर गुरुदीप सिंह, अमरजीत सिंह, महेंद्र शर्मा, सौरभ के खिलाफ कूटरचित दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी करने की धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।
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खोराबार के सूबा बाजार निवासी बेचन सिंह के मुताबिक 2008 में कंपनी की स्थापना की गई। गोरखपुर मंडल के सभी जिले में जेट्रोफ व करंज उत्पादन की मदद से बॉयो डीजल बनाने का झांसा दिया गया। लोगों को निवेश करने संबंधी शर्तों पर करार कराया। करीब 224 लोगों के 1.98 करोड़ रुपये कंपनी में फंसे है।
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आरोप है कि कंपनी ने गंगा कावेरी के नाम से काम शुरू किया। बाद में 30 मई 2000 को जीसी डेरी इंडिया लिमिटेड की स्थापना और फिर 2005 में जीसीए मार्केटिंग प्राइवेट लिमिटेड, 2013 में फाउना और ट्राइगो वर्तमान में ग्रामीण विकास परपज सोसाइटी नाम से कंपनी काम कर रही है। पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर सीएमडी प्रीतम सिंह, डायरेक्टर गुरुदीप सिंह, अमरजीत सिंह, महेंद्र शर्मा, सौरभ के खिलाफ कूटरचित दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी करने की धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।
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