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नदियों का जलस्तर घटा, खतरा बरकरार
Updated Tue, 22 Aug 2017 11:44 PM IST
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सिद्धार्थनगर। पिछले कई दिनों तक कहर बरपाने के बाद जिले की नदियों का जलस्तर अब नीचे उतरने लगा है। मंगलवार को राप्ती के जलस्तर में दो सेमी की कमी दर्ज की गई है, वहीं बूढ़ी राप्ती का पानी 17 सेमी नीचे आया है। हालांकि बानगंगा व घोघी को छोड़कर अन्य सभी नदियां अभी भी खतरे के निशान के ऊपर हैं। राप्ती उच्चतम बाढ़ स्तर से चार सेमी ऊपर बनी हुई है। लबालब भरे बंधों व नदियों में पानी ठहरा होने से तटवर्ती इलाकों में खतरा बरकरार है। घर छोड़कर गए लोग फिलहाल वापस लौटने को तैयार नहीं हैं। गोल्हौरा प्रतिनिधि के अनुसार, बिचउपुर चौराहे पर मंगलवार को बाढ़ के पानी में डूबने से मदरसे के छात्र की मौत हो गई। छात्र बरांव स्थित मदरसे में आलिम का छात्र था। जिले में प्रवाहित नदियों में नेपाल के पहाड़ों से भारी मात्रा में पानी आने के चलते सैलाब की स्थिति उत्पन्न हुई थी, जो 12 दिनों बाद भी बनी हुई है। पानी नीचे तो उतर रहा है, लेकिन उसकी रफ्तार काफी धीमी है। सरकारी रिपोर्ट के मुताबिक अभी भी जिले के कुल 671 गांवों में बाढ़ का असर है। इसमें 323 ग्राम चारों तरफ पानी से घिरकर मैरुंड बने हुए हैं। बाढ़ से जिले की 2,70,308 आबादी व 42605 पशु प्रभावित हैं। बानगंगा व घोघी को छोड़कर अन्य चार नदियां खतरे के निशान से ऊपर बरकरार हैं। सबसे अधिक तबाही मचाने वाली राप्ती के उच्चतम बाढ़ स्तर को पार करने के बाद हर कोई सहमा हुआ है। नेपाल में भारी वर्षा की चेतावनी लोगों के भय को और बढ़ा रहा है। माना जा रहा है कि अब राप्ती में नेपाल से पानी आया तो स्थिति भयावह होगी। जिले के सारे बांध पानी से लबालब भरे हुए हैं। नदियां भी उफान पर है। ऐसे में पानी आया तो हालात नहीं संभलेंगे। सबसे ज्यादा उन क्षेत्रों में खौफ देखा जा रहा है, जो नदी व बांधों से सटे हुए हैं। ऐसे लोग घर छोड़कर पलायन कर चुके थे। जलस्तर नीचे खिसकने के बाद भी वह वापस लौटने को तैयार नहीं है।
गोल्हौरा प्रतिनिधि के अनुसार, महराजगंज जिले के पुरंदपुर थाना क्षेत्र के सयालदा उर्फ कयालदा गांव निवासी गिलानी (22) पुत्र मो.हनीफ गोल्हौरा थाना क्षेत्र बरांव नानकार दारुल उलूम फैज रसूल मदरसा मेें आलिम की पढ़ाई कर रहा था। वह मदरसे के हॉस्टल में रहता था। जानकारी के अनुसार, मंगलवार सुबह गिलानी बगल के बिचऊपुर चौराहा पर चाय पीने जा रहा था। बाढ़ के कारण सड़क पर पानी था, पैर फिसलने से वह गिर गया और तेज बहाव के चलते गहरे पानी में चला गया। आसपास के लोग जब तक बचाने का प्रयास करते, वह डूब गया। पुलिस ने गोताखोरों की मदद से शव को बाहर निकलवाया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इस संबंध में थानाध्यक्ष आरके गौतम ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
नदियों का जलस्तर
नदी लाल निशान जलस्तर (सुबह) शाम
राप्ती 84.90 85.88 85.86
बूढ़ी राप्ती 85.65 87.54 87.37
कूड़ा 83.52 84.86 84.78
जमुआर 84.59 86.50 86.45
घोघी 87.00 85.80 85.63
बानगंगा 93.42 90.50 90.45
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गोल्हौरा प्रतिनिधि के अनुसार, महराजगंज जिले के पुरंदपुर थाना क्षेत्र के सयालदा उर्फ कयालदा गांव निवासी गिलानी (22) पुत्र मो.हनीफ गोल्हौरा थाना क्षेत्र बरांव नानकार दारुल उलूम फैज रसूल मदरसा मेें आलिम की पढ़ाई कर रहा था। वह मदरसे के हॉस्टल में रहता था। जानकारी के अनुसार, मंगलवार सुबह गिलानी बगल के बिचऊपुर चौराहा पर चाय पीने जा रहा था। बाढ़ के कारण सड़क पर पानी था, पैर फिसलने से वह गिर गया और तेज बहाव के चलते गहरे पानी में चला गया। आसपास के लोग जब तक बचाने का प्रयास करते, वह डूब गया। पुलिस ने गोताखोरों की मदद से शव को बाहर निकलवाया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इस संबंध में थानाध्यक्ष आरके गौतम ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
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नदियों का जलस्तर
नदी लाल निशान जलस्तर (सुबह) शाम
राप्ती 84.90 85.88 85.86
बूढ़ी राप्ती 85.65 87.54 87.37
कूड़ा 83.52 84.86 84.78
जमुआर 84.59 86.50 86.45
घोघी 87.00 85.80 85.63
बानगंगा 93.42 90.50 90.45