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एम्स इमारत की राह के सभी रोड़ खत्म, जल्द शुरू होगा निर्माण
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर।
Updated Tue, 10 Apr 2018 08:55 PM IST
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एम्स की योजनाओं पर डीएम के साथ चर्चा करती केंद्र से आई टीम।
- फोटो : Amar Ujala
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एम्स की इमारत के निर्माण में आने वाली सभी अड़चनें दूर कर ली गई हैं। अब जल्द ही इमारतों के निर्माण का काम शुरू होने की उम्मीद है। महादेव झारखंडी स्थित गन्ना शोध केंद्र की जमीन पर एम्स बनाया जाना है। बुधवार से शोध केंद्र की जमीन पर मौजूद सभी इमारतों को ध्वस्त कर जमीन समतलीकरण के लिए ई-टेंडर की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
मंगलवार को गोरखपुर एम्स का निर्माण कराने वाली कंपनी हाईटस के अफसर गोरखपुर पहुंचे। डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने उनके और जल निगम, जीडीए, नगर निगम, लोक निर्माण विभाग व बिजली विभाग के अफसरों के साथ पहले बैठक की। पहले मोहद्दीपुर-एयरफोर्स मार्ग के चौड़ीकरण की वजह से सीवर लाइन बनाने में आ रही दिक्कत पर चर्चा हुई। लोनिवि द्वारा जगह मुहैया कराने पर सहमति के साथ ही यह मसला हल हुआ। फिर तय हुआ कि एम्स को दी जाने वाली बिजली के लिए तार अंडरग्राउंड बिछाए जाएंगे। इसी तरह अन्य समस्याओं को भी मंथन के बाद सुलझाया गया।
सभी मामले सुलझने के बाद डीएम समेत सभी अफसर कमिश्नर के पास पहुंचे और उन्हें सभी निर्णयों की जानकारी दी। कमिश्नर ने कार्यदायी संस्था को निर्देश दिया कि वह जल्द निर्माण की तैयारी शुरू कर दें। उन्हें सभी जरूरी संसाधन मुहैया कराए जाएंगे।
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मंगलवार को गोरखपुर एम्स का निर्माण कराने वाली कंपनी हाईटस के अफसर गोरखपुर पहुंचे। डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने उनके और जल निगम, जीडीए, नगर निगम, लोक निर्माण विभाग व बिजली विभाग के अफसरों के साथ पहले बैठक की। पहले मोहद्दीपुर-एयरफोर्स मार्ग के चौड़ीकरण की वजह से सीवर लाइन बनाने में आ रही दिक्कत पर चर्चा हुई। लोनिवि द्वारा जगह मुहैया कराने पर सहमति के साथ ही यह मसला हल हुआ। फिर तय हुआ कि एम्स को दी जाने वाली बिजली के लिए तार अंडरग्राउंड बिछाए जाएंगे। इसी तरह अन्य समस्याओं को भी मंथन के बाद सुलझाया गया।
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सभी मामले सुलझने के बाद डीएम समेत सभी अफसर कमिश्नर के पास पहुंचे और उन्हें सभी निर्णयों की जानकारी दी। कमिश्नर ने कार्यदायी संस्था को निर्देश दिया कि वह जल्द निर्माण की तैयारी शुरू कर दें। उन्हें सभी जरूरी संसाधन मुहैया कराए जाएंगे।
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