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महिला को खेत में चढ़ा दिया ग्लूकोज
गोंडा/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 23 Feb 2016 10:54 PM IST
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झोलाछाप के खिलाफ मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग, एसडीएम व पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में एक चिकित्सक को खेत में मरीज को ग्लूकोज चढ़ाते हुए पकड़ा गया। स्वास्थ्य, प्रशासन व पुलिस की इस कार्रवाई से करनैलगंज में निजी क्लीनिक चलाने वाले डॉक्टरों में अफरातफरी मच गई। वहीं छापेमारी में पकड़े गए डॉक्टर की डिग्री को जांच के लिए भेजा गया है।
मंगलवार को एसडीएम अनिल कुमार मिश्र, स्वास्थ्य विभाग के डिप्टी सीएमओ ओम प्रकाश व सीएचसी अधीक्षक डॉ. आफताब आलम के साथ मिलकर पुलिस टीम ने झोलाछाप के खिलाफ शाम को सरयू पुल के निकट धौरहरा चौराहे से छापेमारी शुरू की।
बताते हैं कि यहां करीब छह डॉक्टरों के प्राइवेट क्लीनिक चलाने की सूचना टीम को मिली थी। लेकिन जैसे ही टीम यहां छापेमारी के लिए पहुंची कि एक-एक कर क्लीनिकों के शटर बंद हो गए। वहीं करनैलगंज में भी प्राइवेट क्लीनिक चलाने वाले लोगों में खलबली मच गई और कई निजी चिकित्सकों ने अपनी दुकानों को बंद कर दिया।
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धौरहरा चौराहे पर टीम के पहुंचने पर एक चिकित्सक खेतों के बीच में एक महिला मरीज को ग्लूकोज चढ़ा रहा था। जब टीम ने उसको पकड़ा तो उसने बीएएमएस की डिग्री दिखाते हुए प्रेक्टिस को लीगल बताने की कोशिश की।
इसके बाद एसडीएम अनिल कुमार मिश्र ने खुद को डॉक्टर बताने वाले पंकज कुमार की डिग्री को कब्जे में लेकर उसे जांच के लिए भेज दिया है।
एसीएमओ डॉ. ओमप्रकाश ने बताया कि डिग्री का परीक्षण कराया जा रहा है। अगर जांच में डिग्री गलत पाई गई तो आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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मंगलवार को एसडीएम अनिल कुमार मिश्र, स्वास्थ्य विभाग के डिप्टी सीएमओ ओम प्रकाश व सीएचसी अधीक्षक डॉ. आफताब आलम के साथ मिलकर पुलिस टीम ने झोलाछाप के खिलाफ शाम को सरयू पुल के निकट धौरहरा चौराहे से छापेमारी शुरू की।
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बताते हैं कि यहां करीब छह डॉक्टरों के प्राइवेट क्लीनिक चलाने की सूचना टीम को मिली थी। लेकिन जैसे ही टीम यहां छापेमारी के लिए पहुंची कि एक-एक कर क्लीनिकों के शटर बंद हो गए। वहीं करनैलगंज में भी प्राइवेट क्लीनिक चलाने वाले लोगों में खलबली मच गई और कई निजी चिकित्सकों ने अपनी दुकानों को बंद कर दिया।
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धौरहरा चौराहे पर टीम के पहुंचने पर एक चिकित्सक खेतों के बीच में एक महिला मरीज को ग्लूकोज चढ़ा रहा था। जब टीम ने उसको पकड़ा तो उसने बीएएमएस की डिग्री दिखाते हुए प्रेक्टिस को लीगल बताने की कोशिश की।
इसके बाद एसडीएम अनिल कुमार मिश्र ने खुद को डॉक्टर बताने वाले पंकज कुमार की डिग्री को कब्जे में लेकर उसे जांच के लिए भेज दिया है।
एसीएमओ डॉ. ओमप्रकाश ने बताया कि डिग्री का परीक्षण कराया जा रहा है। अगर जांच में डिग्री गलत पाई गई तो आगे की कार्रवाई की जाएगी।