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Gonda News: सरयू लाल निशान छूने को बेताब, कटान शुरू
Mon, 20 Jul 2026 11:23 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Mon, 20 Jul 2026 11:23 PM IST
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नवाबगंज में सरयू नदी पार करने के लिए मोटरबोट पर बाइक लादते लोग व दत्तनगर बाड़ी माझा में नदी की
करनैलगंज/विश्नोहरपुर (गोंडा)। सरयू नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। सोमवार शाम चार बजे जारी सिंचाई विभाग की रिपोर्ट के अनुसार एल्गिन ब्रिज पर नदी का जलस्तर 105.820 मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान 106.070 मीटर से मात्र 25 सेंटीमीटर नीचे है। यहां जलस्तर बढ़ने का रुख बना हुआ है।
अयोध्या में नदी का जलस्तर 91.820 मीटर रिकॉर्ड किया गया, जो खतरे के निशान 92.730 मीटर से 91 सेंटीमीटर नीचे है। जलस्तर बढ़ने के साथ नदी में कटान से विश्नोहरपुर क्षेत्र के दत्तनगर बाड़ी माझा में कटान से दो छप्पर नदी में समा गए।
केंद्रीय जल आयोग के अनुसार नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। प्रशासन ने तटीय और निचले इलाकों में निगरानी तेज करते हुए बाढ़ चौकियों को 24 घंटे सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। सोमवार को गिरिजा, शारदा और सरयू बैराजों से कुल 1.23 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
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इसमें गिरिजा बैराज से 95,457 क्यूसेक, शारदा बैराज से 21,540 क्यूसेक और सरयू बैराज से 6,617 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। पिछले दिन की तुलना में कुल डिस्चार्ज कम हुआ है, लेकिन पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण नदी का जलस्तर बढ़ता जा रहा है।
उधर, विश्नोहरपुर क्षेत्र में रविवार दोपहर से नदी का पानी फिर बढ़ने लगा, जिससे गांवों की ओर पानी का फैलाव शुरू हो गया है। दत्तनगर बाड़ी माझा निवासी फतेहबहादुर के दो छप्पर रविवार देर रात कटान की भेंट चढ़ गए। पूरी रात परिवार बची हुई गृहस्थी समेटने में जुटा रहा।
इससे पहले दो दिन पूर्व दिनेश यादव का तीन कमरों का पक्का मकान भी नदी में समा चुका है। हल्का लेखपाल ओमप्रकाश वर्मा ने मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन किया और रिपोर्ट तहसील प्रशासन को भेज दी।
सहायक अभियंता पंकज कुमार आर्य ने बताया कि पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही बारिश और बैराजों से छोड़े जा रहे पानी के कारण जलस्तर में वृद्धि हो रही है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन विभाग लगातार निगरानी कर रहा है।
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अयोध्या में नदी का जलस्तर 91.820 मीटर रिकॉर्ड किया गया, जो खतरे के निशान 92.730 मीटर से 91 सेंटीमीटर नीचे है। जलस्तर बढ़ने के साथ नदी में कटान से विश्नोहरपुर क्षेत्र के दत्तनगर बाड़ी माझा में कटान से दो छप्पर नदी में समा गए।
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केंद्रीय जल आयोग के अनुसार नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। प्रशासन ने तटीय और निचले इलाकों में निगरानी तेज करते हुए बाढ़ चौकियों को 24 घंटे सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। सोमवार को गिरिजा, शारदा और सरयू बैराजों से कुल 1.23 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
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इसमें गिरिजा बैराज से 95,457 क्यूसेक, शारदा बैराज से 21,540 क्यूसेक और सरयू बैराज से 6,617 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। पिछले दिन की तुलना में कुल डिस्चार्ज कम हुआ है, लेकिन पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण नदी का जलस्तर बढ़ता जा रहा है।
उधर, विश्नोहरपुर क्षेत्र में रविवार दोपहर से नदी का पानी फिर बढ़ने लगा, जिससे गांवों की ओर पानी का फैलाव शुरू हो गया है। दत्तनगर बाड़ी माझा निवासी फतेहबहादुर के दो छप्पर रविवार देर रात कटान की भेंट चढ़ गए। पूरी रात परिवार बची हुई गृहस्थी समेटने में जुटा रहा।
इससे पहले दो दिन पूर्व दिनेश यादव का तीन कमरों का पक्का मकान भी नदी में समा चुका है। हल्का लेखपाल ओमप्रकाश वर्मा ने मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन किया और रिपोर्ट तहसील प्रशासन को भेज दी।
सहायक अभियंता पंकज कुमार आर्य ने बताया कि पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही बारिश और बैराजों से छोड़े जा रहे पानी के कारण जलस्तर में वृद्धि हो रही है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन विभाग लगातार निगरानी कर रहा है।

नवाबगंज में सरयू नदी पार करने के लिए मोटरबोट पर बाइक लादते लोग व दत्तनगर बाड़ी माझा में नदी की