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Gonda News: थोड़ा घटी सरयू, खतरा बरकरार
Sat, 26 Aug 2023 11:14 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
Updated Sat, 26 Aug 2023 11:14 PM IST
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करनैलगंज के रायपुर में बाढ़ के पानी में डूबा गांव। - संवाद
गोंडा। खतरे के निशान से 25 सेंटीमीटर ऊपर पहुंचा सरयू का जलस्तर अब कम हो रहा है। शनिवार को जलस्तर आठ सेंटीमीटर घट गया। वहीं, तीन लाख क्यूसेक से ज्यादा पानी डिस्चार्ज हो रहा था। हालांकि बाढ़ प्रभावित गांवों के लोगों को अभी कोई राहत नहीं मिली है। प्रभावित गांवों में सबसे बड़ी समस्या पशुओं के चारे को लेकर पैदा हो गई है। गांवों के रास्तों और खेतों में पानी भरने से ग्रामीण परेशान हैं। सरयू के जलस्तर में बढ़ोत्तरी के बजाय अब स्थिरता आई है। शनिवार को पानी का डिस्चार्ज बढ़कर 3.16 लाख क्यूसेक हो गया है। नदी के पानी का फैलाव ग्रामीण क्षेत्रों में होता जा रहा है। चरसड़ी बांध के बीच बसे गांव रायपुर मांझा, परसावल, कमियार, नैपुरा, लोड़ेमऊ, बांसगांव और बेहटा एवं दक्षिणी गांव में पानी भरा है।
करनैलगंज तहसील के ग्राम नकहरा में बाढ़ के पानी का फैलाव धीरे-धीरे हो रहा है। शनिवार को नदी का जलस्तर स्थिर हो गया। 10 हजार से अधिक की आबादी एल्गिन-चरसड़ी बांध पर आ चुकी है। कमियार, परसावल, नैपुरा गांव के लोग बांध एवं दूसरे छोर पर गोंडा जिले की सीमा के अंदर सुरक्षित स्थानों पर आशियाना बना रहे हैं। अभी बाढ़ कुछ दिन और रहने के आसार देखते हुए लोग सहमे हैं। दरअसल, बाढ़ प्रभावित बाराबंकी के गांवों में अभी तक प्रशासनिक स्तर पर कोई सुविधा मुहैया नहीं कराई गई है। ग्रामीण अपनी नावों से ही गांव जा रहे हैं।
अवर अभियंता रवि वर्मा ने बताया कि जलस्तर स्थिर है। नवाबगंज के दत्तनगर से ब्योंदा माझा व बनगांव को जाने वाला मार्ग पूरी तरह जलमग्न हो गया। कई विद्यालयों में पानी भरा हुआ है। जिससे बच्चों की पढ़ाई बाधित है।
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करनैलगंज तहसील के ग्राम नकहरा में बाढ़ के पानी का फैलाव धीरे-धीरे हो रहा है। शनिवार को नदी का जलस्तर स्थिर हो गया। 10 हजार से अधिक की आबादी एल्गिन-चरसड़ी बांध पर आ चुकी है। कमियार, परसावल, नैपुरा गांव के लोग बांध एवं दूसरे छोर पर गोंडा जिले की सीमा के अंदर सुरक्षित स्थानों पर आशियाना बना रहे हैं। अभी बाढ़ कुछ दिन और रहने के आसार देखते हुए लोग सहमे हैं। दरअसल, बाढ़ प्रभावित बाराबंकी के गांवों में अभी तक प्रशासनिक स्तर पर कोई सुविधा मुहैया नहीं कराई गई है। ग्रामीण अपनी नावों से ही गांव जा रहे हैं।
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अवर अभियंता रवि वर्मा ने बताया कि जलस्तर स्थिर है। नवाबगंज के दत्तनगर से ब्योंदा माझा व बनगांव को जाने वाला मार्ग पूरी तरह जलमग्न हो गया। कई विद्यालयों में पानी भरा हुआ है। जिससे बच्चों की पढ़ाई बाधित है।
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