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ठेलिया पर पहुंचा मरीज, नहीं मिला कैश, लोगों ने लगाया जाम

Wed, 30 Nov 2016 11:42 PM IST
अमर उजाला/गोंडा
अमर उजाला/गोंडा Updated Wed, 30 Nov 2016 11:42 PM IST
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patient reached on Thelia,  not gate cash, people put the jam
जाम लगाते बैंक ग्राहक - फोटो : अमर उजाला
अब तो नोटबंदी मजबूरों, लाचारों व मरीजों के लिए आफत बनती जा रही है। एक मरीज इलाज के लिए अपनी राशि निकालने के लिए लगातार तीन दिनों से परसपुर की स्टेट बैंक की शाखा में पहुंच रहा है, लेकिन उसकी सुनने वाला कोई नहीं है। इससे उसकी जरूरतें भी नहीं पूरी हो पा रही हैं।
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बुधवार को भी परसपुर कस्बे के अंजही गली मोहल्ला निवासी बीमार जीवनलाल गुप्ता रोज की तरह बैंक के सामने ठेलिया पर पहुंचा। साथ में उसकी पत्नी भी थी, लेकिन बैंक कर्मियों ने हाथ खड़े कर दिए कि उनके पास पास कैश नहीं है। यह सुनते ही लाइन में लगे सैकड़ों उपभोक्ता भी हंगामे पर उतर आए। लोगों ने करनैलगंज-बेलसर-नवाबगंज मार्ग को जाम कर दिया और बैंक की कारस्तानी के खिलाफ नारेबाजी की।
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वहीं, बखरिहा चौबे पुरवा के गुल्लू ने बताया कि उनकी पत्नी गंभीर रूप से बीमार हैं तथा वे जिले के एक निजी अस्पताल में भर्ती है। रुपयों के लिए वे पांच दिनों से बैंक का चक्कर काट रहे हैं, मगर पैसा नहीं मिल पा रहा है। उधर, आंटा वैशनपुरवा के सरदार सिंह ने बताया कि तीन दिसंबर को उनके भतीजे की शादी है। पैसे के लिए बैंक का चक्कर काट रहा हूं। इस बाबत ब्रांच डिप्टी मैनेजर अमरनाथ मेहरोत्रा ने बताया कि उन्हें शनिवार व सोमवार को कैश नहीं मिला है।    
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कटराबाजार बाजार में इलाहाबाद बैंक शाखा में बुधवार को अफरातफरी का माहौल रहा। बैंक के बाहर सुबह से ही लोगों ने लाइन लगा रखी थी। बार-बार बैंक के चैनल को खोलकर लोग अंदर जा रहे थे। बैंक के अंदर जाने के लिए लोगों ने धक्का-मुक्की की, जिससे पैसा निकालने गईं दो महिलाएं गिरकर घायल हो गईं।

क्षेत्र के बाबूपुर निवासनी सुनीता देवी व अहिरनपुर गांव के शिवपति लाइन में लगी थी, तभी अचानक पैसा निकालने के लिए लोग अंदर जाने लगे। इसमें दोनों महिलाएं नीचे गिर कर घायल हो गईं। दोनो घायल महिलाओं को लोगों ने पास के एक अस्पताल में भर्ती कराया।    
       
रूपईडीह ब्लॉक क्षेत्र के कस्बा आर्य नगर इलाहाबाद बैंक के हालात में सुधार नहीं हो पा रहा है। लोगों को उनके डिमांड के मुताबिक पैसा नहीं मिल पा रहा है। बुधवार को बैंक पहुंचे खाताधारकों का धैर्य जवाब दे गया।

लोगों ने पैसा न मिल पाने से गोंडा-बहराइच हाईवे पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया। कुछ लोगों ने पथराव किया तो बगल में चौकी के पुलिस कर्मियों ने मौके पर पहुंच कर समझाया, तब जाकर लोगों का गुस्सा शांत हुआ।

ग्राम पंचायत फरेंदा शुक्ल की रहने वाली रामकली ने बताया कि वे दो दिन से इलाहाबाद बैंक में पैसा निकालने के लिए जा रही हैं, लेकिन बैंक वाले पैसा नहीं दे रहे हैं। उनका आरोप है कि बैंक वाले अपने परिचितों को एक साथ 90 हजार रुपये भुगतान कर दे रहे हैं। वहीं बैंक पर क्षेत्र के लोगों को पैसा न मिल पाने की समस्या के बाबत ग्राम पंचायत फरेंदा शुक्ल की ग्राम प्रधान अन्नू देवी शुक्ला ने बैंक के अधिकारियों से शिकायत दर्ज करायी है।             
       
कैश किल्लत के दौर में एटीएम भी लोगों का साथ नहीं दे रहे हैं। शहर से लेकर कस्बाई क्षेत्र तक कई एटीएम ऐसे हैं, जिनका शटर किसी दिन उठता ही नहीं है। बराबर कैश न रखे जाने से एटीएम धारकों को बैंकों की ओर से दी गई एटीएम कार्ड की सुविधा का लाभ नहीं मिल पा रहा है।


जबकि सरकार की ओर से बैंकों को 24 घंटे कैश की उपलब्धता का लाभ दिये जाने के लिए एटीएम को हमेशा खुला रखने व कैश रखने के निर्देश दिए गए थे। बताया जाता है कि एटीएम संचालक अब अपने लक्ष्य से भटक गए हैं। ऐसे में अब वे ग्राहकों के हिस्से के कैश का अलग-अलग इस्तेमाल कर रहे हैं। शहर भर में लगे एटीएम का 20 फीसदी ही लोगों को लाभ मिल पा रहा है। बुधवार को लोग कैश की तलाश में एटीएम भर भटकते रहे।    
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