फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gonda News ›   Now Kovid test will have to be done before showing doctor in OPD

अब ओपीडी में डॉक्टर को दिखाने से पहले कराना होगा कोविड टेस्ट

Wed, 09 Sep 2020 09:48 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Wed, 09 Sep 2020 09:48 PM IST
विज्ञापन
Now Kovid test will have to be done before showing doctor in OPD
गोंडा। कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए अब स्वास्थ्य विभाग की ओर से नई पहल की गई है। अब अस्पतालों में इलाज कराने के लिए पहुंचेंगे तो पहले कोरोना का टेस्ट कराना पड़ेगा। जिला मुख्यालय की ओर से ये निर्देश सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर अमल में लाने के लिए कहा गया है। इससे सीएचसी स्तर पर किसी के भी कोरोना से संक्रमित होने पर उसकी पहचान वहीं कर ली जायेगी जिससे इससे होने वाले संक्रमण के फैलाव को रोका जा सके।
विज्ञापन

बता दें कि बीते कुछ दिनों में अस्पतालों में कोरोना का संक्रमण बड़े स्तर पर देखने को मिला है। जिससे इस वायरस का प्रभाव तेजी से बढ़ा है। अब कोरोना के इस संक्रमण पर वार के लिए नयी तैयारी की गई है। जिससे संक्रमण की चेन को तोड़ा जायेगा। मौजूदा समय में एंटीजेन टेस्ट किट के आ जाने से ओपीडी में आने वाले लोगों की जांच काफी आसान हो गई है। इसलिए अब सीएचसी स्तर पर इसे जरूरी कर दिया गया है। इसमें सबसे दुरुस्त व्यवस्था खरगूपुर सीएचसी की है। वहां पर सीएचसी और पीएचसी दोनों स्तर पर कोरोना की जांच कराई जा रही है।
विज्ञापन

कोरोना निगेटिव की हो रहा सीबीनाट टेस्ट
जो लोग भी कोरोना निगेटिव आ रहे हैं और उनमें सर्दी, जुकाम और खांसी के लक्षण दिखाई देते हैं तो उनकी भी जांच कराई जा रही है। इन सभी मरीजों का सीबीनाट टेस्ट कराया जा रहा है। जिससे कि अगर इनमें किसी को भी क्षयरोग की आशंका हो तो वो पकड़ में आ जाये। जिससे कि समय से इलाज होने पर उसका निदान किया जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

फैक्ट फाइल
जिले में कुल सीएचसी - 16
जिले में कुल पीएचसी - 50
जिला स्तर पर अस्पताल - 02
स्वास्थ्य केंद्रों पर कराई गई है एंटीजेन किट की व्यवस्था
सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर कोरोना की जांच के लिए एंटीजेन किट की व्यवस्था कराई गई है और ओपीडी में आने वाले मरीजों की कोरोना जांच कराई जा रही है। जिससे कोरोना के संक्रमण की गति पर लगाम कसी जा सके। वहीं जो लोग कोरोना निगेटिव पाये गये हैं और उसके बावजूद सर्दी, जुकाम और खांसी के लक्षण है उनकी टीबी की जांच कराई जा रही है। -डॉ. मधु गैरोला, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed