{"_id":"57a0db654f1c1b512f2b8c08","slug":"notice-of-the-three-sugar-mills","type":"story","status":"publish","title_hn":"तीन चीनी मिलों को नोटिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तीन चीनी मिलों को नोटिस
अमर उजाला/बलरामपुर
Updated Tue, 02 Aug 2016 11:11 PM IST
विज्ञापन
चीनी मिल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिले की तीनों चीनी मिलों ने 1.80 लाख किसानों के 46.22 करोड़ रुपये डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान निर्धारित अवधि के अंदर नहीं किया है। पेराई सत्र समाप्त होने के तीन माह के अंदर चीनी मिलों को डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान करने का निर्देश दिया गया था। जिलाधिकारी ने तीनों चीनी मिल प्रबंधनों को तत्काल भुगतान कराने का नोटिस दिया है। प्रशासन ने शीघ्र भुगतान न करने पर संबंधित चीनी मिल प्रशासन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह ने मंगलवार को बताया कि बलरामपुर चीनी मिल ने करीब 90 हजार किसानों का 16.98 करोड़, शुगर कंपनी तुलसीपुर ने 55 हजार किसानों का 9.69 करोड़ रुपये और बजाज चीनी मिल इटईमैदा ने करीब 35 हजार किसानों का 19.54 करोड़ रुपये डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान निर्धारित अवधि के अंदर नहीं किया है।
बलरामपुर चीनी मिल ने पांच अप्रैल, शुगर कंपनी तुलसीपुर ने 31 मार्च और बजाज चीनी मिल इटईमैदा ने 28 फरवरी को फैक्ट्री में गन्ना पेराई बंद कर दी थी। बलरामपुर चीनी मिल व शुगर कंपनी तुलसीपुर ने प्रथम किश्त के रूप में 250 रुपये प्रति क्विंटल की दर से भुगतान कर दिया था। बजाज चीनी मिल इटईमैदा ने कई बार नोटिस जारी करने और एफआईआर दर्ज कराने के बाद 150 रुपये प्रति क्विंटल की दर से 29 जुलाई 2016 तक भुगतान किया है।
विज्ञापन
तीनों चीनी मिलों को पेराई सत्र बंद करने के तीन माह के अंदर डिफर के रुप में अनप्रयुक्त का 45 रुपये प्रति क्विंटल की दर से, सामान्य प्रजाति का 50 रुपये प्रति क्विंटल और अगेती प्रजाति का 60 रुपये प्रति क्विंटल की दर से भुगतान करने का निर्देश दिया गया था।
बलरामपुर चीनी मिल व शुगर कंपनी तुलसीपुर ने 25 रुपये प्रति क्विंटल की दर से डिफर का भुगतान कर दिया, लेकिन बकाया डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान निर्धारित अवधि में नहीं किया। बजाज चीनी मिल इटईमैदा ने डिफर का एक पैसा भी निर्धारित अवधि के अंदर भुगतान नहीं किया है।
तीनों चीनी मिल प्रबंधनों को डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान न करने के आरोप में जिला गन्ना अधिकारी ने अपने स्तर से पांच मई व 12 जुलाई को नोटिस दिया। दो-दो नोटिस देने के बावजूद डिफर का भुगतान न करने पर तीनों चीनी मिल प्रबंधनों को डीएम प्रीति शुक्ला ने 22 जुलाई को नोटिस देकर तत्काल किसानों के डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान करने का निर्देश दिया है।
विज्ञापन
जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह ने मंगलवार को बताया कि बलरामपुर चीनी मिल ने करीब 90 हजार किसानों का 16.98 करोड़, शुगर कंपनी तुलसीपुर ने 55 हजार किसानों का 9.69 करोड़ रुपये और बजाज चीनी मिल इटईमैदा ने करीब 35 हजार किसानों का 19.54 करोड़ रुपये डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान निर्धारित अवधि के अंदर नहीं किया है।
विज्ञापन
बलरामपुर चीनी मिल ने पांच अप्रैल, शुगर कंपनी तुलसीपुर ने 31 मार्च और बजाज चीनी मिल इटईमैदा ने 28 फरवरी को फैक्ट्री में गन्ना पेराई बंद कर दी थी। बलरामपुर चीनी मिल व शुगर कंपनी तुलसीपुर ने प्रथम किश्त के रूप में 250 रुपये प्रति क्विंटल की दर से भुगतान कर दिया था। बजाज चीनी मिल इटईमैदा ने कई बार नोटिस जारी करने और एफआईआर दर्ज कराने के बाद 150 रुपये प्रति क्विंटल की दर से 29 जुलाई 2016 तक भुगतान किया है।
विज्ञापन
तीनों चीनी मिलों को पेराई सत्र बंद करने के तीन माह के अंदर डिफर के रुप में अनप्रयुक्त का 45 रुपये प्रति क्विंटल की दर से, सामान्य प्रजाति का 50 रुपये प्रति क्विंटल और अगेती प्रजाति का 60 रुपये प्रति क्विंटल की दर से भुगतान करने का निर्देश दिया गया था।
बलरामपुर चीनी मिल व शुगर कंपनी तुलसीपुर ने 25 रुपये प्रति क्विंटल की दर से डिफर का भुगतान कर दिया, लेकिन बकाया डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान निर्धारित अवधि में नहीं किया। बजाज चीनी मिल इटईमैदा ने डिफर का एक पैसा भी निर्धारित अवधि के अंदर भुगतान नहीं किया है।
तीनों चीनी मिल प्रबंधनों को डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान न करने के आरोप में जिला गन्ना अधिकारी ने अपने स्तर से पांच मई व 12 जुलाई को नोटिस दिया। दो-दो नोटिस देने के बावजूद डिफर का भुगतान न करने पर तीनों चीनी मिल प्रबंधनों को डीएम प्रीति शुक्ला ने 22 जुलाई को नोटिस देकर तत्काल किसानों के डिफर गन्ना मूल्य का भुगतान करने का निर्देश दिया है।