फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gonda News ›   GST evasion of Rs 19 crore by doing business on paper, FIR against three firms

Gonda News: कागजों पर कारोबार कर 19 करोड़ की जीएसटी चोरी, तीन फर्मों पर एफआईआर

Sat, 24 Jan 2026 11:12 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा Updated Sat, 24 Jan 2026 11:12 PM IST
विज्ञापन
GST evasion of Rs 19 crore by doing business on paper, FIR against three firms
गोंडा। जिले में फर्जी फर्म बनाकर जीएसटी चोरी का एक और मामला सामने आया है। राज्य कर विभाग ने तीन फर्जी फर्मों पर इनपुट टैक्स क्रेडिट का गलत लाभ उठाकर सरकार को 19 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने का सनसनीखेज खुलासा किया है। विभागीय जांच में फर्मों के पास केवल कागजी कारोबार ही दिखाई दिया, वास्तविक व्यापार या माल की आपूर्ति ही नहीं हुई। अब इस मामले में तीन फर्जी फर्मों के खिलाफ नगर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना शुरू की गई है।
विज्ञापन

राज्य कर विभाग ने सर्वश्री मां जी इंटरप्राइजेज नामक फर्म की जांच की। फर्म का जीएसटीएन अप्रैल 2025 में ऑनलाइन पंजीकृत कराया गया था। पंजीकरण के समय व्यापार स्थल परेड सरकार, पंतनगर, जेल रोड गोंडा बताया गया था, लेकिन विभागीय भौतिक सत्यापन में वहां कोई व्यावसायिक गतिविधि नहीं मिली। जांच में पाया गया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में फर्म ने 12.28 करोड़ रुपये का आउटवर्ड सप्लाई टर्नओवर दिखाया और 21.85 लाख रुपये से अधिक की आईटीसी भारत इंटरप्राइजेज को पास-ऑन कर दी। जबकि पोर्टल में किसी भी प्रकार की वास्तविक इनवर्ड सप्लाई नहीं दिखी। फर्जी दस्तावेजों के आधार पर इस फर्म ने लगभग 2.18 करोड़ रुपये की राजस्व हानि की। सहायक आयुक्त महेंद्र प्रताप ने फर्म स्वामी बलविंदर लाल के खिलाफ नगर कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई है।
विज्ञापन

सर्वश्री मूर्ति इंटरप्राइजेज की जांच में पता चला कि पंजीकरण के समय फर्म ने फल और ड्राई फ्रूट का व्यापार दिखाया था। फर्म का घोषित व्यापार स्थल जेल रोड, परेड सरकार, पंतनगर गोंडा है, लेकिन भौतिक सत्यापन में कोई व्यावसायिक गतिविधि नहीं मिली। वित्तीय वर्ष 2025-26 में फर्म ने 37.08 करोड़ रुपये से अधिक की आउटवर्ड सप्लाई दिखाई और करोड़ों रुपये की फर्जी आईटीसी का उपयोग किया। चार अन्य फर्मों का पास-ऑन किया। 8.69 करोड़ रुपये से अधिक की फर्जी आईटीसी अन्य फर्मों तक पहुंचाई गई। इस मामले में फर्म के स्वामी संतोष राम के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

मेसर्स एसएल ट्रेडर्स ने 2024-25 वित्तीय वर्ष में 45.29 करोड़ रुपये का आउटवर्ड सप्लाई दिखाकर 8.15 करोड़ रुपये की आईटीसी का लाभ उठाया, जबकि वास्तविक माल का कोई लेनदेन नहीं हुआ। फर्म ने अपने ऑनलाइन आवेदन में खिलौने, खेल सामग्री, ट्राइसाइकिल, स्कूटर और पेडल कार का व्यापार बताया, लेकिन भौतिक सत्यापन में कुछ भी नहीं मिला। इस पर फर्म मालिक सोहनलाल के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।

राज्य कर विभाग के अफसरों ने बताया कि तीनों फर्मों ने बिना वास्तविक माल खरीदे आईटीसी का दावा किया। यह नियमों का उल्लंघन है। विभाग ने सभी दस्तावेज और जांच रिपोर्ट नगर कोतवाली पुलिस को सौंप दी हैं।



एसपी विनीत जायसवाल ने बताया कि राज्य कर विभाग की तहरीर पर कोतवाली नगर में रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। हर तथ्य का अध्ययन किया जा रहा है। नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed