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पानी की तलाश में भटके तीन हिरनों की मौत
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 22 Apr 2016 12:01 AM IST
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हिरन
- फोटो : अमर उजाला
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पानी की कमी अब जंगली जानवरों की जान पर बन आई है। गुरुवार को पानी की तलाश में जंगल से भटककर गांव पहुंचे तीन हिरनों की मौत हो गई। इनमें दो की मौत गोंडा और एक की बलरामपुर में हुई है। गोंडा पहुंचे दोनों हिरनों को कुत्तों ने दौड़ा लिया। दोनों को कुत्तों ने नोंचकर घायल कर दिया। इससे कुछ ही देर में दोनों की मौत हो गई।
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इस घटना ने वन विभाग के दावे की पोल खोल दी है। विभाग लगातार दावा कर रहा था कि है कि वाटर होल्स में पानी भरवाया जा रहा है। घटना के बाद वन विभाग ने जांच शुरू कर दी है।
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गोंडा में गुरुवार सुबह टिकरी जंगल से भागकर आया एक हिरन रगड़गंज बाजार पहुंच गया। यहां हिरन को कुत्तों ने दौड़ा लिया और नोंचकर जख्मी कर दिया।
कुत्तों से बचने के लिए हिरन एक दुकान में छिप गया। जहां दुकान के मालिक ने शटर गिराकर उसे बचाया। लेकिन इलाज के अभाव में उसकी मौत हो गई। दूसरी घटना नवाबगंज के मैनपुर गांव की है। जहां एक हिरन पानी की तलाश में रास्ता भटककर आ गया। यहां भी कुत्तों ने उसे नोंच कर घायल कर दिया। कुछ देर बाद उसकी भी मौत हो गई।
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वन विभाग के कर्मचारियों ने हिरन को दफना दिया है। बीते एक हफ्ते में इन दो हिरनों को मिलाकर अब तक करीब छह हिरन पानी की तलाश में रास्ता भटटकर जान गंवा चुके हैं। वहीं, बलरामपुर के भोजपुर संतरी गांव के पास ग्रामीणों को एक हिरन दिखाई दिया।
हिरन सूखे पहाड़ी नाले भांभर के निकट भटक रहा था। ग्रामीणों ने हिरन को पकड़कर भोजपुर चौराहे पर ले आए। उसे पानी पिलाया। इसके बाद मामले की सूचना वन विभाग को दी। करीब तीन घंटे बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची लेकिन तब तक हिरन की मौत हो चुकी थी।
वन क्षेत्राधिकारी तुलसीपुर एसके त्रिपाठी ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। डीएफओ जीपी सिंह ने स्वीकार किया कि हिरन की मौत पानी न मिलने से हुई है। जंगल में स्थित वाटर होल्स में टैंकर से पानी भरवाया जा रहा है। चित्तौड़गढ़ जलाशय में पानी है।
उप प्रभागीय वनाधिकारी गोपाल ओझा का कहना है कि गर्मी के कारण तालाबों में पानी कुछ कम जरूर हुआ है, लेकिन पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है, जिसे दिखवाया जा रहा है। बीते दिनों सोलेहवा सेंचुरी के बरहवा रेंज के नैकिनियां गांव के पास पानी की तलाश में पहुंचे जंगली गजराज की हाईटेंशन विद्युत तार की चपेट में आने से मौत हो चुकी है।