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ऱेलवे ने अवैध कब्जों पर चलाया बुलडोजर
Updated Tue, 05 Sep 2017 11:48 PM IST
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रेलवे ने अवैध कब्जों पर चलाया बुलडोजर
वर्षों से जमे 150 अवैध दुकानों को ढहाया
करनैलगंज(गोंडा)। मंगलवार को रेलवे के अधिकारियों एंव जीआरपी व कोतवाली पुलिस ने रेलवे की भूमि पर अवैध रुप से काबिज करीब 150 दुकानों को जेसीबी लगाकर ढहा दिया।
रेलवे स्टेशन करनैलगंज के सामने सुक्खा पुरवा चौराहे से सर्वामाई थान होते हुए नगर पालिका परिषद कार्यालय के पीछे तक रेल विभाग की भूमि पर सड़क बनी है। इसके किनारे कई वर्षों से करीब सौ से अधिक लोगों ने दुकानें बना रखी थीं। दुकानदारों ने सड़क के किनारे बने नाले को भी पाट दिया था। जिसकी वजह से बारिश होने पर रेलवे कॉलोनी में जलभराव की स्थित उत्पन्न हो जाती थी। वहीं दुकानदारों की माने तो वह रेल विभाग के एक जिम्मेदार अधिकारी को बतौर किराया प्रतिमाह मोटी रकम भी दे रहे थे। जिसकी वजह से अतिक्रमण हटाओ अभियान परवान नही चढ़ रहा था। वर्षों से रेलवे अतिक्रमण कारियों को नोटिस देता चला रहा है। हर बार किसी न किसी कारण से अभियान पर विराम लग जाता है। कई बार प्रयास करने के बाद भी विभाग भूमि खाली करवाने में असफल रहा। लेकिन मंगलवार को जिस प्रकार भूमि खाली करवाने ी कार्रवाई हुई है, उसे देखकर लोगों के छक्के छूट गये हैं। विभाग के अधिकारियों ने सभी दुकानदारों को अपनी दूकान स्वयं हटाने की नोटिस भी पूर्व में दे रखी थी। फिर भी उन्होंने अपनी दुकानें नहीं हटाई थी, जिस पर विभाग को दुकानें हटाने के लिए जेसीबी मशीन का सहारा लेना पड़ा।
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वर्षों से जमे 150 अवैध दुकानों को ढहाया
करनैलगंज(गोंडा)। मंगलवार को रेलवे के अधिकारियों एंव जीआरपी व कोतवाली पुलिस ने रेलवे की भूमि पर अवैध रुप से काबिज करीब 150 दुकानों को जेसीबी लगाकर ढहा दिया।
रेलवे स्टेशन करनैलगंज के सामने सुक्खा पुरवा चौराहे से सर्वामाई थान होते हुए नगर पालिका परिषद कार्यालय के पीछे तक रेल विभाग की भूमि पर सड़क बनी है। इसके किनारे कई वर्षों से करीब सौ से अधिक लोगों ने दुकानें बना रखी थीं। दुकानदारों ने सड़क के किनारे बने नाले को भी पाट दिया था। जिसकी वजह से बारिश होने पर रेलवे कॉलोनी में जलभराव की स्थित उत्पन्न हो जाती थी। वहीं दुकानदारों की माने तो वह रेल विभाग के एक जिम्मेदार अधिकारी को बतौर किराया प्रतिमाह मोटी रकम भी दे रहे थे। जिसकी वजह से अतिक्रमण हटाओ अभियान परवान नही चढ़ रहा था। वर्षों से रेलवे अतिक्रमण कारियों को नोटिस देता चला रहा है। हर बार किसी न किसी कारण से अभियान पर विराम लग जाता है। कई बार प्रयास करने के बाद भी विभाग भूमि खाली करवाने में असफल रहा। लेकिन मंगलवार को जिस प्रकार भूमि खाली करवाने ी कार्रवाई हुई है, उसे देखकर लोगों के छक्के छूट गये हैं। विभाग के अधिकारियों ने सभी दुकानदारों को अपनी दूकान स्वयं हटाने की नोटिस भी पूर्व में दे रखी थी। फिर भी उन्होंने अपनी दुकानें नहीं हटाई थी, जिस पर विभाग को दुकानें हटाने के लिए जेसीबी मशीन का सहारा लेना पड़ा।
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