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सोए भेड़ पालक की पोकलेन से कुचलकर मौत
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मरदह में वाहन से कुचलकर भेंड़ पालक की मौत के बाद मौके पर लोगों से जानकारी लेते अधिकारी।
- फोटो : GHAZIPUR
मरदह। थाना क्षेत्र के सिगेंरा गांव के सिवान में मंगलवार की देर रात सो रहे भेड़ पालक की पोकलेन से कुचलकर मौत हो गई। हादसे के बाद चालक वाहन खड़ा कर फरार हो गया। घटना स्थल पर पहुंची पुलिस को ग्रामीण तथा घर वाले शव को कब्जे में नहीं लेने दिए। वह उच्चाधिकारियों को बुलाने की जिद्द पर अड़ गए। कुछ समय बाद पहुंचे कासिमाबाद तहसीलदार तथा सीओ के समझाने-बुझाने पर लोगों का गुस्सा शांत हुआ। परिजनों की तहरीर पर मुकदमा दर्जकर पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
इलाके के सिगेंरा गांव निवासी हंसराज पाल (45) रोज की तरह सैकड़ों भेड़ों को निर्माणाधीन पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के पास खाली पड़ी जमीन पर रोककर रात में सो रहा था। थोड़ी दूरी पर भाई बासदेव पाल, दुखंती पाल, भतीजा विनोद पाल एवं मुन्ना पाल भी भेड़ों की देख-रेख के लिए वहां मौजूद थे। रात अधिक होने पर वह भी सो रहे थे। देर रात करीब एक बजे पास में खड़े पोकलेन को चालक ले जाने का प्रयास करने लगा। इसी बीच वाहन अनियंत्रित हो सो रहे हंसराज पाल को कुचलते हुए आगे बढ़ गया। हादसे में उसकी मौके पर ही मौत हो गई। चालक घटना स्थल से 500 मीटर दूर वाहन खड़ा कर फरार हो गया। उधर सुबह जब परिजनों की नींद टूटी तो भेड़ पालक का क्षत-विक्षत शव देखकर चीखने-चिल्लाने लगे। चीख-पुकार सुनकर परिवार के अन्य लोगों के साथ मौके पर ग्रामीण भी पहुंच गए। कुछ देर बाद कासिमाबाद तहसीलदार डा. विराग पांडेय ने परिजनों को शासन से पांच लाख रुपये दिलाने का आश्वासन दिया। तब जाकर ग्रामीणों व परिवार के सदस्यों का गुस्सा शांत हुआ। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। साथ ही परिजनों की तहरीर पर अज्ञात चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर तलाश शुरू कर दी।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मरदह । घटना स्थल पर पति का क्षत-विक्षित शव देख विंदा देवी दहाड़े मारकर रोने-बिलखने लगी। पुत्री रोमा पाल, मनोरमा पाल, पुत्र वकील पाल, चंदन पाल रो-रोकर बेहोश हो जा रहे थे। आर्थिक रूप से कमजोर परिवार के उपर दुखों का पहाड़ टूट गया। परिवार का भरण-पोषण का वह एकमात्र सहारा था। अब परिजनों के सामने रोजी-रोटी की समस्या खड़ी हो गई है।
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मृतक की पत्नी के तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर आरोपी वाहन चालक की तलाश की जा रही है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
- महमूद अली, सीओ कासिमाबाद
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इलाके के सिगेंरा गांव निवासी हंसराज पाल (45) रोज की तरह सैकड़ों भेड़ों को निर्माणाधीन पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के पास खाली पड़ी जमीन पर रोककर रात में सो रहा था। थोड़ी दूरी पर भाई बासदेव पाल, दुखंती पाल, भतीजा विनोद पाल एवं मुन्ना पाल भी भेड़ों की देख-रेख के लिए वहां मौजूद थे। रात अधिक होने पर वह भी सो रहे थे। देर रात करीब एक बजे पास में खड़े पोकलेन को चालक ले जाने का प्रयास करने लगा। इसी बीच वाहन अनियंत्रित हो सो रहे हंसराज पाल को कुचलते हुए आगे बढ़ गया। हादसे में उसकी मौके पर ही मौत हो गई। चालक घटना स्थल से 500 मीटर दूर वाहन खड़ा कर फरार हो गया। उधर सुबह जब परिजनों की नींद टूटी तो भेड़ पालक का क्षत-विक्षत शव देखकर चीखने-चिल्लाने लगे। चीख-पुकार सुनकर परिवार के अन्य लोगों के साथ मौके पर ग्रामीण भी पहुंच गए। कुछ देर बाद कासिमाबाद तहसीलदार डा. विराग पांडेय ने परिजनों को शासन से पांच लाख रुपये दिलाने का आश्वासन दिया। तब जाकर ग्रामीणों व परिवार के सदस्यों का गुस्सा शांत हुआ। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। साथ ही परिजनों की तहरीर पर अज्ञात चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर तलाश शुरू कर दी।
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परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मरदह । घटना स्थल पर पति का क्षत-विक्षित शव देख विंदा देवी दहाड़े मारकर रोने-बिलखने लगी। पुत्री रोमा पाल, मनोरमा पाल, पुत्र वकील पाल, चंदन पाल रो-रोकर बेहोश हो जा रहे थे। आर्थिक रूप से कमजोर परिवार के उपर दुखों का पहाड़ टूट गया। परिवार का भरण-पोषण का वह एकमात्र सहारा था। अब परिजनों के सामने रोजी-रोटी की समस्या खड़ी हो गई है।
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मृतक की पत्नी के तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर आरोपी वाहन चालक की तलाश की जा रही है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
- महमूद अली, सीओ कासिमाबाद