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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ghazipur News ›   Normal and cesarean delivery payment not being made in 48 hours filtering from three portals in ghazipur

Ghazipur News: सामान्य व सिजेरियन प्रसव...48 घंटे में नहीं हो रहा भुगतान, तीन पोर्टल से फिल्टर; दिक्कत

Tue, 01 Jul 2025 12:39 AM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, गाजीपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गाजीपुर। Published by: अमन विश्वकर्मा Updated Tue, 01 Jul 2025 12:39 AM IST
सार

गाजीपुर में प्रसूताओं को जेएसवाई के तहत मिलने वाले भुगतान में देरी का मामला सामने आया है। बताया गया कि इसकी प्रक्रिया काफी लंबी है, इसलिए देरी हो रही है। दूसरी तरफ, महिला मरीजों को निजी अस्पतालों की तरफ जाना पड़ रहा है।

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Normal and cesarean delivery payment not being made in 48 hours filtering from three portals in ghazipur
सामान्य व सिजेरियन प्रसव। - फोटो : Freepik.com

विस्तार

Ghazipur News: गाजीपुर जिले के ग्रामीण इलाकों में स्थापित सीएचसी-पीएचसी पर सामान्य व सिजेरियन प्रसव कराया जाता है। ऐसे में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी से सिजेरियन प्रसव के लिए महिला मरीजों को निजी अस्पतालों की तरफ रुख करना पड़ता है। प्रसूताओं को जेएसवाई के तहत होने वाला भुगतान 48 घंटे में नहीं होता है। तीन पोर्टल पर फिल्टर होने के कारण एक सप्ताह में खाते में पैसा पहुंचने का दावा किया जाता है।

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गत अप्रैल और मई तक सिजेरियन प्रसव के आंकड़े देखे जाएं तो भदौरा और बरूईन में यह आंकड़ा शून्य है। जबकि चार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर 281 सिजेरियन प्रसव हुआ है। वहीं 16 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में दो माह में 4156 प्रसव हुए। इनका जेएसवाई भुगतान भी लगभग 90 प्रतिशत के आसपास है, जो एक सप्ताह के अंदर हुआ है। 
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अगर विशेषज्ञ चिकित्सकों की बात की जाए तो दो स्त्री रोग विशेषज्ञ, दो सर्जन और चार बेहोशी के चिकित्सक हैं। ऐसे में मुहम्मदाबाद, कासिमाबाद, जखनिया और सैदपुर को छोड़कर भदौरा और बरूईन में चिकित्सक न होने से यहां के महिला मरीजों को सिजेरियन प्रसव के लिए जिला मुख्यालय अथवा निजी अस्पतालों की तरफ रुख करना पड़ता है। सीएमओ डाॅ. एसके पांडेय ने बताया कि भदौरा में एक स्त्री रोग विशेषज्ञ तैनात किया गया है। अन्य जगहों पर भी जल्द विशेषज्ञों की तैनाती हो जाएगी।

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मंत्रा, पीएफएसएस और एसएएमएस पोर्टल पर जाता है डाटा
डीपीएम प्रभुनाथ ने बताया कि प्रसव के लिए पहुंचने वाली गर्भवती महिला मरीजों का सबसे पहले सीएचसी और पीएचसी स्तर से मंत्रा पोर्टल पर पंजीकरण किया जाता है। इसके बाद उनका डाटा ब्लॉक स्तर पर पीएफएमएस पोर्टल पर जाता है। वहां फिल्टर होने के बाद एसएएमएस पोर्टल पर जाता है। इस पूरी प्रक्रिया में समय लगता है। ऐसे में प्रसूताओं को उनके खाते में एक सप्ताह में पैसा का भुगतान हो जाता है।

सिजेरियन प्रसव (अप्रैल और मई)
मुहम्मदाबाद- 9
सैदपुर में - 41
जखनिया - 13
कासिमाबाद- 14

सामान्य प्रसव (अप्रैल और मई)
सैदपुर- 465
देवकली - 312
भदौरा - 260
बिरनो- 187
कासिमाबाद- 354
मुहम्मदाबाद- 289
जमानिया- 217
मनिहारी- 231
जखनिया - 253
बाराचवर- 180
रेवतीपुर- 157
सादात- 211
करंडा- 124
भांवरकोल- 114
मरदह- 157
अर्बन पीएचसी - 35

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